कटे हुए फल फ्रिज में रखना कितना सुरक्षित? जानें जरूरी नियम!

फल काटते ही वह हवा और नमी के संपर्क में आता है, जिससे साल्मोनेला और ई. कोलाई जैसे हानिकारक बैक्टीरिया पनप सकते हैं.

हवा के संपर्क (Oxidation) से फलों में मौजूद विटामिन-सी जैसे जरूरी पोषक तत्व धीरे-धीरे कम होने लगते हैं.

सेब या केले का काटने के बाद भूरा होना इस बात का संकेत है कि फल की गुणवत्ता और ताजगी कम हो रही है.

यदि कटे हुए फल कमरे के तापमान (बाहर) पर रखे हैं, तो उन्हें '4 से 6 घंटे' के भीतर ही खा लेना चाहिए.

4 डिग्री सेल्सियस से कम तापमान पर कटे हुए फल '24 घंटे' तक सुरक्षित माने जाते हैं, उसके बाद नहीं.

तरबूज, पपीता और खरबूजा जैसे अधिक नमी वाले फलों में बैक्टीरिया बहुत तेजी से फैलते हैं.

कटे फलों को हमेशा कांच के 'एयरटाइट डिब्बे' में रखें ताकि हवा और बाहर की गंध फल को खराब न करे.

फल काटने से पहले चाकू, कटिंग बोर्ड और अपने हाथों को अच्छी तरह जरूर धोएं ताकि संक्रमण न फैले.

यदि फल से खट्टी गंध आ रही हो, वह चिपचिपा हो गया हो या रंग काला पड़ गया हो, तो उसे तुरंत फेंक दें.

एक्सपर्ट्स के अनुसार, फलों का पूरा पोषण पाने के लिए उन्हें काटने के तुरंत बाद खाना ही स्वास्थ्य के लिए सबसे अच्छा है.