दिवाली पर डायबिटीज मरीज न करें ये 5 गलतियां, वरना बिगड़ जाएगा ब्लड शुगर

त्योहारों पर लड्डू, बर्फी और गुलाब जामुन जैसी मिठाइयों का सेवन बढ़ जाता है, जिनमें कार्बोहाइड्रेट की मात्रा अधिक होती है जो ग्लूकोज बनकर ब्लड शुगर बढ़ाती है.

बाजार की शुगर-फ्री मिठाइयों में चीनी भले न हो, लेकिन मैदा, फैट और ड्राई फ्रूट्स के कारण उनमें कार्बोहाइड्रेट और कैलोरी होती है, इसलिए लेबल जरूर पढ़ें.

मिठाइयों के साथ समोसे, कचौड़ी और पकौड़े खाने से कैलोरी और फैट बढ़ता है, जो लंबे समय तक ब्लड शुगर को उच्च रख सकता है.

दिवाली पर मिठाई पूरी तरह छोड़ने की जरूरत नहीं है, बस उसका एक छोटा हिस्सा चुनें और खाने की मात्रा पहले से तय कर लें.

मिठाई खाने के लिए लंच या डिनर स्किप न करें. भूखे रहने से बाद में जरूरत से ज्यादा खाने की संभावना बढ़ जाती है.

अपने भोजन में फाइबर युक्त सब्जियां, प्रोटीन और सीमित मात्रा में कार्बोहाइड्रेट शामिल करें ताकि शुगर का स्तर संतुलित रहे.

मिठाई खाने के चक्कर में अपनी डायबिटीज की दवा या इंसुलिन बिल्कुल न छोड़ें, और ना ही डॉक्टर की सलाह के बिना इसकी खुराक बढ़ाएं.

डॉक्टर की सलाह पर त्योहार के दिन भी भोजन के बाद थोड़ी देर टहलने की आदत बनाए रखें, जिससे शरीर में ग्लूकोज का इस्तेमाल बेहतर हो सके.

त्योहार के दौरान अपने ब्लड शुगर स्तर की नियमित जांच करते रहें और यदि बार-बार शुगर बढ़ रही है, तो तुरंत अपने स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लें.