क्या रोज ब्लैक कॉफी पीने से कम होता है फैटी लिवर? जानिए सच
रोज ब्लैक कॉफी पीने से फैटी लिवर (NAFLD) और लिवर फाइब्रोसिस का जोखिम काफी हद तक कम हो सकता है.
कॉफी में कैफीन के अलावा पॉलीफेनॉल, एंटीऑक्सिडेंट्स और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो लिवर हेल्थ को सुधारते हैं.
रिसर्च के मुताबिक, सीमित मात्रा में कॉफी पीने से लिवर में निशान पड़ने (फाइब्रोसिस) और सिरोसिस का खतरा कम होता है.
ब्लैक कॉफी ALT और AST जैसे बढ़े हुए लिवर एंजाइम्स के स्तर को कम कर लिवर की कार्यक्षमता में सुधार करती है.
कॉफी में मौजूद तत्व लिवर में होने वाली सूजन और ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस को नियंत्रित करने में मददगार हैं.
कॉफी में अतिरिक्त चीनी या क्रीम डालने से कैलोरी बढ़ती है, जो फैटी लिवर के मरीजों के लिए नुकसानदेह हो सकती है.
वैज्ञानिक अध्ययनों में केवल 'ब्लैक कॉफी' नहीं, बल्कि सामान्य सीमित कॉफी सेवन के फायदों को देखा गया है.
ब्लैक कॉफी लिवर को सुरक्षा देने में सहायक तो हो सकती है, लेकिन यह बीमारी का पक्का इलाज या गारंटी नहीं है.
लिवर को पूरी तरह स्वस्थ रखने के लिए ब्लैक कॉफी के साथ-साथ सही डाइट, वजन नियंत्रण और नियमित एक्सरसाइज जरूरी है.