करवा चौथ का व्रत खोलने की सही विधि.जानें

करवा चौथ का व्रत महिलाएं निर्जला रखती हैं. महिलाएं सुबह जल्दी उठकर सूर्योदय से पहले सास द्वारा दी जाने वाली सरगी ग्रहण करती हैं.

करवा चौथ के व्रत खोलते समय कुछ खास नियमों का पालन करना जरूरी होता है. अगर नियमों का पालन नहीं किया जाता है तो व्रत का पूर्ण फल प्राप्त नहीं होता है.

आइए जानते हैं कि करवा चौथ के व्रत को खोलने की सही विधि क्या है?साथ ही इस दिन विवाहित महिलाओं को क्या करना और क्या नहीं करना चाहिए?

करवा चौथ के दिन पूजा का शुभ मुहूर्त 05 बजकर 57 मिनट से शाम 07 बजकर 11 मिनट तक है. इस साल करवा चौथ के दिन चंद्रमा उदय का समय रात 8 बजकर 13 मिनट है.

करवा चौथ के दिन महिलाओं कों चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद, उसी छलनी से अपने पति का चेहरा देखना चाहिए.

पति के हाथ से पानी पीना चाहिए और कुछ मीठा या फल खाकर व्रत खोलकर सात्त्विक भोजन खाना चाहिए.

इस दिन विवाहित महिलाओं को सुबह जल्दी उठकर स्नान कर शुभ रंग के कपड़े पहनने चाहिए और सरगी का सेवन कना चाहिए.

सुहाग का सामान और अन्न का दान और घर के मंदिर की सफाई और सजावट करनी चाहिए.

इस दिन विवाहित महिलाओं को अन्न-जल ग्रहण,बाल धोना,व्रत को बीच में छोड़ना,काले, सफेद रंग के कपड़े और लड़ाई-झगड़ा नहीं करना चाहिए.