असम भाषा के गाने से हिंदी भजन 'वैष्णव जन तक', हजारिका के आवाज का चला जादू
महान गायक भूपेन हजारिका ने न केवल असम भाषा बल्कि हिंदी भाषा में तमाम गीत गाकर अपनी आवाज से ऐसा जादू चलाया, जिसने न जाने कितने दिलों को छू रखा है.
ऐसे में आज उनके जयंती पर आइए जानते है, उनके प्रसिद्ध हिंदी गानो के बारे में
भूपेन न केवल एक णहान गायक बल्कि एक संगीतकार, कवि, फिल्म निर्माता और साहित्यकार के रुप में जाने जाते है.
भूपेन गायन के साथ कई प्रतिभाओं के गुणी थे. वे न केवल अपने गाने खुद लिखते थे, बल्कि उनके धुन भी खुद ही बनाते थे और गाते थे.
उन्होंने 'दिल हूं हूं करे, घबराए...' हिंदी गाना गाया जिसने लोगों के दिलों को छू लिया. इस गाने को हजारिका ने लता मंगेशकर के साथ गाया, जिसमें उन्होंने ही संगीत दिया था.
भूपेन की 'ओ गंगा तुम बहती हो क्यों' भी लोगो को बेहद पसंद आई थी. जिसने भी इस गाने को सुना उसके दिलों दिमाग पर हजारिका का जादू चल गया.
हजारिका ने 2011 में 'मैं और मेरा साया' नाम से एक एलबम निकाला जिसका गाना 'एक कलि दो पत्तियां' लोगों द्वारा खूब पसंद किया गया.
उन्होंने 'गांधी टू हिटलर' फिल्म में उसका एक मुख्य गाना 'वैष्णव जन तो तेने कहिए' जो की एक भजन था उसे गाया. ये भजन बहुत लोकप्रिय हुआ. इस भजन को लता मंगेशकर ने भी अपनी आवाज में गाया है.
आपको बता दें की भूपेन हजारिका पद्मश्री, पद्म भूषण, पद्म विभूषण, दादासाहेब फाल्के पुरस्कार सहित कई पुरस्कारों से सम्मानित है. इनका निधन 2011 में हुआ था.