स्वाद भी, सेहत भी! कोल्ड ड्रिंक को बोलें टाटा, बनाएं ऐसे बनाएं पारंपरिक ठंडई
होली में रंग खेलने के साथ-साथ पकवानों और ठंडे पेय का भरपूर मजा लिया जाता है.
बाजार में मिलने वाले कोल्ड ड्रिंक्स में केमिकल्स की मात्रा बहुत ज्यादा होती है. ये सेहत के लिए सही नहीं है.
हेल्थ एक्सपर्ट्स की सलाह है कि इस होली मेहमानों को घर में बनी पारंपरिक ठंडई पिलाएं.
घर की बनी ठंडई में कोई कृत्रिम रंग नहीं होता. इसमें मौजूद ड्राई फ्रूट्स शरीर ठंडा रखते हैं और थकान मिटाते हैं.
इसमें डलने वाले बादाम और पिस्ता प्रोटीन देते हैं. वहीं, सौंफ और इलायची, केसर पाचन को दुरुस्त रखते हैं.
सौंफ, खसखस, कालीमिर्च, इलायची, मगज के बीज, बादाम, काजू, पिस्ता, केसर, गुलाब की पत्तियां भी मिलााएं.
सभी चीजों को पानी डालकर 2-3 घंटे या रात भर के लिए भिगो दें. इससे पीसने में आसानी होगी.
भीगी हुई सामग्री को पानी से निकालकर मिक्सी में बारीक पीस लें और स्मूद पेस्ट तैयार कर लें.
अब एक बड़े जग में ठंडा दूध लें और उसमें तैयार किया हुआ पेस्ट अच्छे से चीनी के साथ मिला लें.
गिलास में ठंडई डालें. ऊपर से गुलाब की पत्तियां, केसर, कटे हुए ड्राई फ्रूट्स डालकर ठंडी-ठंडी सर्व करें.