बारिश नहीं, आपकी यह गलती सुखा देगी जेट प्लांट; जानें देखभाल के 3 आसान टिप्स

घर में समृद्धि और सौभाग्य लाने वाला जेट प्लांट अक्सर मानसून में सही देखभाल न मिलने के कारण खराब होने लगता है. 

पौधा बारिश के पानी से खराब नहीं होता, बल्कि गमले की मिट्टी में लगातार नमी और पानी टिके रहने से सड़ता है. 

इसकी गुदेदार पत्तियों में पहले से काफी पानी स्टोर रहता है, इसलिए इसकी जड़ों को बार-बार गीली मिट्टी की जरूरत नहीं होती. 

लगातार बारिश हो रही हो तो पौधे को बालकनी या छज्जे के नीचे रखें ताकि उस पर सीधा पानी न पड़े. 

पौधे को बारिश से बचाते समय किसी अंधेरे कमरे में न रखें, इसे भरपूर इनडायरेक्ट धूप और ताजी हवा मिलना जरूरी है. 

जब तक गमले की ऊपरी मिट्टी पूरी तरह न सूख जाए, पानी न दें.  मानसून में हफ्ते या 10 दिन में एक बार पानी काफी है. 

अगर पत्तियां पीली होकर गिर रही हैं, तो यह ओवर-वॉटरिंग (अत्यधिक पानी) का साफ संकेत है.

पत्तियां गिरते ही पौधे को हवादार जगह पर रखें और उसमें पानी देना तुरंत पूरी तरह से बंद कर दें. 

यह नियम स्नेक प्लांट, एलोवेरा और ऐडेनियम जैसे सभी सकुलेंट पौधों की सुरक्षा के लिए भी काम करता है.