वैज्ञानिकों का चमत्कार! किसानों को 'जादुई' उर्वरक से मिलेंगे 4 फायदे
पुणे स्थित ICAR-ऑनियन एंड गार्लिक रिसर्च निदेशालय (DOGR) के अनुसंधान खेत में एक अनोखा प्रयोग हुआ.
प्याज और लहसुन की फसल में पारंपरिक खनिज उर्वरकों की जगह एक प्राकृतिक खनिज पॉलीहेलाइट का उपयोग किया गया.
इस उर्वरक के प्रयोग से प्याज और लहसुन की पैदावार और गुणवत्ता में सुधार हुआ है.
पॉलीहेलाइट एक प्राकृतिक खनिज है जो समुद्र के नीचे की परतों से सीधे निकाला जाता है.
इसमें चार जरूरी पोषक तत्व होते हैं - पोटैशियम, सल्फर, कैल्शियम और मैग्नीशियम. यानी एक ही उर्वरक से चार पोषण तत्व
पॉलीहेलाइट और पोटाश में उपयोग करने से उत्पादन में और अधिक सुधार हो सकता है.
प्याज और लहसुन की पैदावार 4% से 6% तक बढ़ गई और उनकी गुणवत्ता भी बेहतर हुई.
पॉलीहेलाइट के उपयोग से किसानों को कई फायदे हो सकते हैं. इससे लागत भी कम होती है.
वैज्ञानिकों ने बताया कि पॉलीहेलाइट एक प्राकृतिक उर्वरक है जो प्याज और लहसुन की पैदावार और गुणवत्ता में सुधार कर सकता है.
यह पारंपरिक रासायनिक उर्वरकों की तुलना में सस्ता और पर्यावरण के लिए भी अच्छा है.