12वीं में 26 बार फेल PHD होल्डर, फिर देगा एग्जाम जानें कौन है ये शख्स
गुजरात में 26 साल से 12वीं में फेल हो रहे एक PhD होल्डर, फिर एग्जाम देने की तैयारी कर रहे हैं. अक्सर हम सोचते हैं कि जो पढ़ाई में अच्छा नहीं, वो जिंदगी में कुछ खास नहीं कर पाएगा.
गुजरात के सूरत में रहने वाले नील देसाई 12वीं की परीक्षा में 26 बार फेल हो चुके हैं लेकिन फिर भी डॉक्ट्रेट (PhD) की डिग्री हासिल कर ली है.
अब बिना किसी राजनीतिक बैकग्राउंड के 80% वोटों से पंचायत चुनाव जीतकर सरपंच बन गए हैं.
2026 में नील 27वीं बार 12वीं की परीक्षा देने की तैयारी कर रहे हैं.
52 साल के नील ने 1989 में 10वीं की परीक्षा पास की और इंजीनियर बनने के लिए साइंस स्ट्रीम चुनी, लेकिन 1991 में 12वीं की बोर्ड परीक्षा में फेल हो गए.
दो बार फेल होने के बाद, उन्होंने हार नहीं मानी और फिर उन्होंने 10वीं के रिजल्ट के आधार पर इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग डिप्लोमा कोर्स में दाखिला लिया.
1996 में इसे पूरा किया. डिप्लोमा करने के बाद उन्होंने अपना इलेक्ट्रिकल बिजनेस शुरू किया और तभी से साथ-साथ 12वीं की परीक्षा भी देते रहे, लेकिन अब तक उन्हें सफलता नहीं मिल सकी है.
2005 में, गुजरात सरकार ने नियमों में बदलाव किया, जिससे डिप्लोमा वालों को डायरेक्ट ग्रैजुएशन में दाखिला लेने की अनुमति मिल गई.
इसके बाद नील ने केमिस्ट्री में BsC और MsC पूरा किया और 2018 में PhD में एडमिशन लिया और उसे भी पूरा किया.