फादर्स डे की शुरुआत कब और कैसे हुई? जानिए इसका इतिहास और महत्व.
फादर्स डे को शायद आप भी पश्चिमी परंपरा मानते हों लेकिन आज यह दुनिया भर के लोगों के दिलों में अपनी जगह बना चुका है.
असल में इस दिन का मतलब सिर्फ केक और विशेज से कहीं ज्यादा है. जी हां आइए जानते हैं इसकी शुरुआत कैसे हुई थी और इस दिन का आखिर क्या महत्व है.
हर साल जून का तीसरा रविवार बेहद खास होता है. दरअसल, यह दिन उन लोगों के लिए समर्पित होता है जो हर परिस्थिति में हमारे साथ मजबूती से खड़े रहते हैं.
हम बात कर रहे हैं 'पिता' की जो आज 15 जून को मनाया जा रहा हैं. सिर्फ एक तारीख नहीं, बल्कि एक फीलिंग है.
ऐसे एहसासों की, जो एक पिता अपने बच्चों के लिए हर रोज जीता है. कभी डांट में छिपा प्यार, तो कभी खामोशी में छिपा सपोर्ट. पिता का प्यार अक्सर शब्दों से ज्यादा, हकीकत में दिखाई देता है.
आपको जानकर हैरानी होगी कि फादर्स डे मनाने की शुरुआत एक संवेदनशील भावना के साथ हुई थी. साल 1908 में अमेरिका के
यह एक दुखद कोयला खदान विस्फोट के बाद हुआ था जिसमें 361 पुरुष मारे गए थे, जिनमें से ज्यादातर पिता थे. एक स्थानीय चर्च ने उन लोगों को श्रद्धांजलि देने के लिए एक विशेष प्रार्थना सभा का आयोजन किया.
ऐसे में, पिता दिवस को मुख्यधारा में लाने का श्रेय वाशिंगटन राज्य की सोनोरा स्मार्ट डोड को जाता