C Sadanandan Master कौन हैं, जो बनेंगे राज्‍यसभा सांसद ?

वरिष्ठ समाजसेवी और शिक्षाविद सी. सदानंदन मास्टर, जिनके दोनों पैर वामपंथी गुंडों ने काट दिए थे, वे अब राज्यसभा के लिए नॉमिनेट हुए हैं. उनके साहस और सेवा की कहानी प्रेरणादायक है. 

शिक्षाविद सदानंदन मास्टर 61 साल के हैं. वे केरल के कन्नूर में जन्मे. पेशे से वे शिक्षाविद और राजनेता रहे हैं. उन्‍होंने ग्रामीण शिक्षा, आदिवासी विकास और सामाजिक समरसता पर काम किया.  केरल के पश्चिम इलाकों में शिक्षा के प्रसार में उनका सक्रिय योगदान रहा.

राजनैतिक कैरियर की बात करें तो सी. सदानंदन मास्टर केरल में भाजपा के उपाध्यक्ष रह चुके हैं. इसके अलावा वे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ  के वरिष्ठ प्रचारक भी रहे. 2016 और 2021 में उन्‍होंने विधानसभा चुनाव भी लड़ा था.

राज्यसभा के लिए नॉमिनेट होने पर सदानंदन को प्रधानमंत्री मोदी ने बधाई दी और ट्विटर पर लिखा. “सदानंदन मास्टर का जीवन साहस और अन्याय के आगे न झुकने की प्रतिमूर्ति है. हिंसा और धमकी भी राष्ट्र विकास के प्रति उनके जज्बे को डिगा नहीं सकी.” 

उन्होंने आगे लिखा, “एक शिक्षक और सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में भी उनके प्रयास सराहनीय हैं. युवा सशक्तिकरण के प्रति उनकी गहरी प्रतिबद्धता है. राष्ट्रपति जी द्वारा राज्यसभा के लिए नॉमिनेट होने पर उन्हें बधाई. सांसद के रूप में उनकी भूमिका के लिए शुभकामनाएँ.”

कहा जाता है कि पहले सदानंदन मास्टर का पूरा परिवार ही कम्युनिस्टों का था. उनके पिता और भाई सक्रिय वामपंथी कार्यकर्ता थे. हालांकि, 1994 में एक ऐसी भयावह घटना घटी, जब सदानंदन को अपने दोनों पैर खोने पड़े.

25 जनवरी, 1994 को वह अपनी बहन की शादी की व्यवस्था करने के बाद शाम को चाचा के घर से लौट रहे थे, बस से उतरते ही कुछ लोगों ने उन्हें घेर लिया. वे लोग CPI(M)के गुंडे थे. जिन्होंने सदानंदन के दोनों पैरों को बीच सड़क पर काट दिया.

सी. सदानंदन मास्टर को राज्‍यसभा सांसद के रूप में रास्ट्रपति ने  नॉमिनेट , भारतीय संविधान के अनुच्छेद 80(3) के तहत किया, राष्ट्रपति को राज्यसभा में 12 सदस्यों को नॉमिनेट करने का अधिकार है. 

देश में वर्तमान में राज्यसभा में कुल 245 सदस्य है, जिसमें 233 निर्वाचित और 12 नामांकित सदस्य शामिल हैं. सबसे ज्‍यादा राज्यसभा सांसद अभी सत्‍तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पास हैं, और सबसे ज्‍यादा राज्‍यों में भी भाजपा की ही सरकार है.