Israel Sperm Extraction: इजरायल में रहने वाली एक डॉक्टर ने दुनिया को हैरान कर देने वाली खबर दुनियाभर के लोगों के साथ शेयर की है. उन्होंने अपने मंगेतर की मौत के करीब डेढ़ साल बाद उनके बेटे को जन्म दिया है. पहली बार सुनने में ये बात किसी फिल्मी कहानी जैसी लगती है, लेकिन ये एक अनोखी तकनीक की मदद से पूरी तरह संभव है.
11 जून 2025 को इजरायल की डॉक्टर ने एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया. ये बच्चा उनके मंगेतर का है, जो दिसंबर 2023 में गाजा में शहीद हो गए थे. ये पूरी प्रक्रिया संभव हुई पोस्टमार्टम स्पर्म रिट्रीवल यानी PSR नाम की तकनीक से. अब कई लोगों के मन में सवाल है कि आखिर ये प्रक्रिया है क्या और ये कैसे होती है, तो चलिए आज आपको PSR की पूरी प्रक्रिया विस्तार से बताते हैं और साथ ही बताएंगी की इसका इस्तेमाल क्यों किया जाता है.
PSR या Postmortem Sperm Retrieval एक ऐसी मेडिकल तकनीक है, जिसमें किसी पुरुष की मौत के बाद उसके शरीर से स्पर्म निकाला जाता है और फ्रीज करके सुरक्षित रखा जाता है.
इसका इस्तेमाल उसके पार्टनर द्वारा भविष्य में कभी भी प्रेग्नेंसी के लिए किया जा सकता है. इसके लिए पहले स्पर्म क्वालिटी की जांच की जाती है और फिर इसे बहुत कम तापमान पर स्टोर किया जाता है.
आमतौर पर डॉक्टर टेस्टिकल्स से नीडल के जरिए स्पर्म फ्लुइड निकालते हैं, फिर सबसे ज्यादा क्षमता वाले स्पर्म को फ्रीज किया जाता है. बाद में IVF प्रक्रिया के माध्यम से प्रेंग्नेंसी कराया जाता है.
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ये प्रक्रिया बेहद समय-संवेदी होती है. विशेषज्ञ बताते हैं कि पुरुष की मौत के 24 से 36 घंटों के भीतर स्पर्म निकालना जरूरी है. इसके बाद हर बीतते घंटे के साथ स्पर्म की क्षमता लगभग 2% कम होने लगती है.
इसी वजह से इजरायल में हमास अटैक के बाद लगभग 250 सैनिकों का स्पर्म तुरंत रिट्रीव किया गया था. इनमें से 193 मामलों में सैनिकों के माता-पिता की मंजूरी शामिल थी. 21 आम नागरिकों के स्पर्म भी सुरक्षित किए गए थे.
इजरायल में पहले मृतक का स्पर्म निकालने के लिए कोर्ट की अनुमति आवश्यक होती थी. मगर युद्ध के दौरान प्रक्रिया तेज करने के लिए इसे अस्थायी रूप से आसान बना दिया गया.
भारत में भी PSR कानूनी है, लेकिन इसके लिए कोर्ट की पूर्व अनुमति अनिवार्य है. साथ ही कोर्ट को ये प्रमाण चाहिए कि मृत व्यक्ति ने जीवन में कभी अपनी स्पर्म के उपयोग की इच्छा जताई थी. इसके अलावा भारत में अविवाहित पुरुष की मृत्यु के बाद उसका स्पर्म प्रेंग्नेंसी के लिए इस्तेमाल नहीं किया जा सकता.
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-भारत एक्सप्रेस
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