देश

D-कंपनी की खुली पूरी पोल…देश के दिल पर हमला, तीन सुपरबॉस की साजिश बेनकाब, दिल्ली ब्लास्ट की गुत्थी अब भी अधूरी

Delhi Blast: 10 नवंबर की शाम 6 बजकर 52 मिनट पर दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास HR26CE7674 नंबर की i20 कार में जोरदार धमाका हुआ. कार चला रहा था डॉ. उमर, जो सीधे आतंकी मॉड्यूल से जुड़ा था. धमाके की आवाज इतनी तेज थी कि बाजार में अफरा-तफरी मच गई. यह हादसा नहीं बल्कि एक सोची-समझी आतंकी साजिश थी.

हरकत में आईं जांच एजेंसियां

घटना के तुरंत बाद दिल्ली पुलिस, NIA और IB समेत तमाम एजेंसियां सक्रिय हो गईं. सबूतों की तलाश शुरू हुई. घटनास्थल से 40 से ज्यादा सुराग मिले, जिनमें कार के अवशेष, विस्फोटक के नमूने और मृत व्यक्ति के अंग शामिल थे.

आतंकी मॉड्यूल का सुपरबॉस कौन?

जांच में सामने आया कि इस साजिश के पीछे तीन मुख्य चेहरे मुफ्ती इरफान अहमद, डॉ. आदिल, और शाहीन सईद हैं.

मुफ्ती इरफान अहमद- ब्रेनवॉश एक्सपर्ट, जो पाकिस्तानी आतंकियों के इशारे पर युवाओं को कट्टरपंथी बना रहा था.

डॉ. आदिल- विस्फोटक सप्लायर, जिसके जरिए 2900 किलो विस्फोटक मुजम्मिल तक पहुंचे.

शाहीन सईद- फंडिंग की जिम्मेदार, जो जैश-ए-मोहम्मद के चीफ मसूद अजहर की बहन से सीधे संपर्क में थी.

फंडिंग और नेटवर्क का खुलासा

शाहीन सईद ने पाकिस्तान और अन्य देशों से फंड जुटाया. उसके भाई परवेज अंसारी और हैंडलर तारिक व आमिर ने पैसे मुजम्मिल तक पहुंचाए. शाहीन भारत में महिला ब्रिगेड तैयार कर रही थी, जो जैश के लिए काम करती थी.

बांग्लादेश से दिल्ली तक

जांच में पता चला कि 3200 किलो विस्फोटक बांग्लादेश की एक फर्टिलाइजर कंपनी से चोरी किए गए थे. इन्हें नेपाल के रास्ते भारत लाया गया और फरीदाबाद में छिपाया गया. दिल्ली धमाके में 2900 किलो जब्त हो चुके हैं जबकि 300 किलो अब भी गायब हैं.

खंदावली गांव से मिली लाल Eco Sports

जांच के दौरान पुलिस को बड़ी सफलता मिली. फरीदाबाद के खंदावली गांव से लाल रंग की Eco Sports कार बरामद की गई, जो आतंकी उमर के नाम पर रजिस्टर्ड थी. शक है कि कार का रंग बदलने की कोशिश की गई थी.

जैश कनेक्शन और सफेदपोश आतंकी मॉड्यूल

इस पूरे मॉड्यूल का संबंध जैश-ए-मोहम्मद और अंसार गजवत-उल-हिंद जैसे संगठनों से है. अब तक 18 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनमें 6 डॉक्टर और 2 मौलवी शामिल हैं. ये सभी सफेदपोश आतंकियों के नेटवर्क का हिस्सा थे.

300 किलो विस्फोटक की तलाश जारी

बचे हुए विस्फोटक को लेकर सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हैं. अगर ये 300 किलो इस्तेमाल होते तो तबाही और भी भयावह होती. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृतकों के फेफड़े और कान फटने की पुष्टि हुई है.

ये भी पढ़ें-Delhi Blast को मोदी सरकार ने माना आतंकी घटना, धमाके में जान गंवाने वाले लोगों को कैबिनेट मीटिंग में दी गई श्रद्धांजलि

सरकार का सख्त संदेश

सरकार ने साफ कर दिया है कि देश के दिल पर हमला करने वाले किसी भी गुनहगार को बख्शा नहीं जाएगा. जांच तेजी से आगे बढ़ रही है और जल्द ही इस मॉड्यूल की हर परत उजागर हो जाएगी.

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस

Pankaj kumar Pandey

मैं पंकज कुमार पाण्डेय हूं और मूल रूप से बिहार के पश्चिम चंपारण से आता हूं, जो सत्याग्रह की धरती है. मेरी शुरुआती पढ़ाई-लिखाई चंपारण में ही हुई है. इसके बाद मैंने महात्मा गांधी सेंट्रल यूनिवर्सिटी मोतिहारी से मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स किया. पढ़ाई पूरी करने के बाद पत्रकारिता में करियर की शुरुआत की. अब तक विभिन्न मीडिया संस्थानों में काम करते हुए खबरों की दुनिया को करीब से समझा हूं. इस दौरान रिपोर्टिंग, कंटेंट लेखन, रिसर्च और समाचार प्रस्तुति से जुड़े अहम पहलू सीखने को मिले. वर्तमान में मैं भारत एक्सप्रेस में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हूं, जहां मेरी विशेष रुचि राजनीति, विदेश और सामाजिक जागरूकता से जुड़ी खबरों में है. क्योंकि मेरा मानना है कि पत्रकारिता महज एक नौकरी नहीं बल्कि देश और समाज के प्रति जिम्मेदारी है.

Recent Posts

चाकू लगा, लेकिन हिम्मत नहीं टूटी! कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी पर फिदा हुए सितारे; महावीर चक्र देने की मांग

Captain Smit Machhar: फ्लाईदुबई की उड़ान में कथित हमले के दौरान कैप्टन स्मित मच्छार ने…

38 minutes ago

युजवेंद्र चहल के अचानक संन्यास से क्रिकेट जगत हैरान, जानिए क्यों लिया रेड-बॉल छोड़ने का फैसला?

Yuzvendra Chahal Retirement: टीम इंडिया के स्टार लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट…

60 minutes ago

‘वीजा है तो क्या हुआ, भारत में एंट्री का जन्मसिद्ध अधिकार नहीं!’ दिल्ली हाई कोर्ट का विदेशी नागरिकों पर बड़ा झटका

Delhi High Court: दिल्ली हाई कोर्ट ने तुर्कमेनिस्तान की महिला की याचिका खारिज करते हुए…

1 hour ago

‘ईश्वर अल्लाह तेरो नाम!’ नंगे पैर, हाथ में लाठी… दंगों की आग के बीच अकेले कैसे लड़े बापू? पढ़िए अनकही दास्तान

Pushpamitra Book Review: 'गांधी का सैंतालीस' केवल इतिहास का रोजनामा नहीं, बल्कि बंटवारे की त्रासदी…

2 hours ago

बाउंड्री पर बैठे थे, अचानक दौड़े और लगा दी छलांग; प्रेमानंद महाराज के शिष्य की मौत का CCTV आया सामने

Premanand Maharaj Disciple Death: वृंदावन में प्रेमानंद महाराज के शिष्य दीपक लोधी उर्फ रसिक दुलारी…

2 hours ago