देश

‘छत्रपति शिवाजी महाराज सिर्फ एक नाम नहीं, वे हमारे लिए आराध्य देव हैं’, पीएम मोदी ने जयंती पर दी श्रद्धांजलि

Shivaji Jayanti: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती पर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की. पीएम मोदी ने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज सिर्फ एक नाम नहीं हैं, वे हमारे लिए आराध्य देव हैं. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि दूरदर्शी नेता, कुशल प्रशासक, विलक्षण रणनीतिकार और स्वराज के समर्थक छत्रपति शिवाजी महाराज को उनकी जयंती पर नमन. उनका शौर्य हमें सदैव प्रेरणा देता रहेगा, उनका सुशासन हमारे लिए मार्गदर्शक बनेगा और न्याय व स्वाभिमान की उनकी भावना हमारे समाज को और अधिक सशक्त बनाएगी.

‘शिवाजी महाराज सिर्फ महाराज नहीं आराध्य देव हैं’

एक वीडियो संदेश में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज सिर्फ राजा-महाराजा या राजपुरुष नहीं हैं. वे हमारे लिए आराध्य देव हैं. उनका व्यक्तित्व अद्भुत था. उन्होंने स्वराज की भी स्थापना की और सुराज को भी साकार किया. वे अपने शौर्य और सुशासन के लिए भी जाने जाते हैं. पीएम मोदी ने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज के व्यक्तित्व के इतने पहलू हैं कि किसी न किसी रूप में उनका जीवन हमें अवश्य प्रभावित करता है. उन्होंने भारत से सामूहिक सामर्थ्य को पहचान कर जिस तरह नौसेना का विस्तार किया और अपना प्रबंध कौशल दिखाया, वो आज भी सबको प्रेरणा देता है.

 

शिवाजी की वीरता ने पीढ़ियों को किया प्रेरित

प्रधानमंत्री ने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज की वीरता, विचारधारा और न्यायप्रियता ने कई पीढ़ियों को प्रेरित किया है. उनकी साहसिक कार्यशैली, सामरिक कौशल और शांतिपूर्ण राजनीतिक प्रणाली आज भी हमारे लिए प्रेरणा स्रोत हैं. पीएम मोदी ने गुरुवार को एक अन्य पोस्ट में लिखा कि छत्रपति शिवाजी महाराज ने जन-जन के कल्याण को सदैव सर्वोपरि रखा और उनकी सुरक्षा के लिए स्वयं को समर्पित कर दिया. इसलिए उनका जीवन आज भी भारतवर्ष के लिए पथ-प्रदर्शक बना हुआ है.

यह भी पढ़ें: इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में ‘रोबोटिक डॉग’ पर मचा बवाल, कौन हैं गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर नेहा सिंह?

संस्कृत सुभाषित भी किया साझा

पीएम मोदी ने संस्कृत सुभाषित भी साझा करते हुए लिखा कि ‘गोपायितारं दातारं धर्मनित्यमतन्द्रितम्. अकामद्वेषसंयुक्तमनुरज्यन्ति मानवाः.’ सुभाषित में कहा गया है कि लोग उसी जनप्रतिनिधि से स्नेह करते हैं, जो उनकी सुरक्षा को अपना कर्तव्य मानता है, लोककल्याण में तत्पर रहता है, धर्मनिष्ठ, न्यायप्रिय और सदैव सजग रहता है व कामना और द्वेष जैसी आसक्तियों से ऊपर उठकर निष्पक्ष भाव से राज्य का संचालन करता है. छत्रपति शिवाजी महाराज का जीवन इसी सुभाषित का जीता-जागता उदाहरण है.

 

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस

Rohit Agrawal

Recent Posts

नवादा में डॉक्टरों की हड़ताल से हेल्थ सिस्टम चरमराया, सैकड़ों मरीजों को लौटना पड़ा खाली हाथ

Bihar News: नवादा सदर अस्पताल में डॉक्टरों की अनिश्चितकालीन हड़ताल से ओपीडी सेवा बंद हो…

3 minutes ago

ना कोर्ट, ना कचहरी! दो पत्नियों के झगड़े में पंचों का मास्टरस्ट्रोक, जानिए 7वें दिन क्या करेगा पति?

Ajab Gajab News: रामपुर में दो पत्नियों के झगड़े पर पंचायत का अजब फैसला: 3…

17 minutes ago

DU Fee Waiver Alert: 100% तक फीस माफी के लिए आवेदन शुरू, 13 अक्टूबर से पहले जमा करें अपना फॉर्म

DU Fee Waiver Scheme: दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) की फाइनेंशियल सपोर्ट स्कीम 2026 के तहत आर्थिक…

48 minutes ago

UN में हुई पाकिस्तान की फजीहत, पत्रकार ने ऐसा क्या पूछा कि मुंह छुपाकर भागे पीएम शहबाज शरीफ?

Shehbaz Sharif news: UN मुख्यालय में पाकिस्तान पीएम शहबाज शरीफ से सीधे सवाल पूछे गए.…

1 hour ago