आस्था

कानपुर में मौजूद है 4 हजार साल पुराना जगन्नाथ मंदिर, बारिश की भविष्यवाणी के लिये है प्रसिद्ध, सिंधु घाटी सभ्यता से है गहरा संबंध

Jagannath Temple Kanpur: कहा जाता है कि आस्था और विज्ञान दोनों मानव जीवन के दो छोर होते हैं. आस्था का विज्ञान से और विज्ञान का आस्था से कोई लेना देना नहीं है, लेकिन ये सच नहीं है. भारत में कई ऐसे मंदिर हैं जिनके चमत्कार वैज्ञानिकों तक को सोचने पर मजबूर कर देते हैं. ऐसा ही एक मंदिर है कानपुर का भगवान जगन्नाथ मंदिर. कहा जाता है कि यह मंदिर मानसून से पहले बारिश की भविष्यवाणी कर देता है. जिससे लोगों को उस साल बारिश की स्थिति के बारे में जानकारी हो जाती है. हजारों साल पुराने इस मंदिर में लोगों की गहरी आस्था है. आज हम उसी मंदिर के बारे में आपको बता रहे हैं.

कानपुर से करीब 45 किलोमीटर दूर एक गांव बेहटा. इस गांव में भगवान जगन्नाथ का एक मंदिर है. कहा जाता है कि ये मंदिर करीब 4 हजार साल पुराना है. इस मंदिर की खासियत ये है कि मानसून सीजन में यह मंदिर बारिश की भविष्यवाणी करता है. जिसकी वजह से यह मंदिर काफी प्रसिद्ध है. लोगों की इस मंदिर में गहरी आस्था है. यहीं नहीं मौसम विभाग ने भी इस मंदिर की भविष्यवाणी को सही माना है. इसी वजह से देश विदेश के कई वैज्ञानिक इसका रहस्य जानने के लिए यहां आ चुके हैं.

बेहट के भगवान जगन्नाथ मंदिर के गर्भगृह का दृष्य

ओडिशा के जगन्नाथ मंदिर से भी प्राचीन है ये मंदिर

इस मंदिर के महंत के अनुसार भगवान जगन्नाथ का यह मंदिर ओडिशा के जगन्नाथ मंदिर से भी प्राचीन है. इस मंदिर में सिंधु घाटी सभ्यता से लेकर मौर्य काल तक के अवशेष मिलते हैं.

कानपुर से लगभग 1 घंटे की दूरी पर मौजूद है मंदिर (साभार- गूगल मैप)

ये भी पढ़ें- आखिर 46 साल तक क्यों नहीं हुआ भोलेनाथ का जलाभिषेक? जानें संभल के कार्तिकेय महादेव मंदिर का सच

मंदिर कैसे देता है मानसून की जानकारी

स्थानीय लोगों के अनुसार मानसून से लगभग एक सप्ताह पहले मंदिर के गुंबद से पानी की बूंदें सीधे भगवान जगन्नाथ की प्रतिमा पर गिरने लगती है. लोगों के अनुसार अगर भगवान की प्रतिमा हल्की नमी लिए होती है तो बारिश कम होने के संकेत होते हैं. अगर बूंदे दिखाई दें तो इसका अर्थ है कि बारिश सामान्य होने वाली है. वहीं अगर गुंबद से पानी ज्यादा मात्रा में गिरे तो इसका अर्थ है कि इस साल इलाके में अच्छी बारिश होने वाली है. भगवान जगन्नाथ के इस मंदिर के रहस्य को वैज्ञानिक आजतक सुलझा नहीं पाये हैं.

कानपुर के बेहट गांव में मौजूद भगवान जगन्नाथ मंदिर का गेट

वैज्ञानिक क्या कहते हैं?

इस प्राचीन मंदिर के भविष्यवाणी को लेकर वैज्ञानिक भी हैरान हैं. वैज्ञानिकों का कहना है कि पत्थर में नमी जम जाने से बारिश की बूंदे बन जाती हैं. जिसे लोग मानसून आने के संकेत मानते हैं. लेकिन आजतक ये पता नहीं लगाया जा सका कि आखिर ये बूंदे सिर्फ इसी मंदिर में क्यों बनती हैं. इसके पीछे का असली कारण क्या है ये पूरी तरह स्पष्ट नहीं है.

एक तरफ जहां वैज्ञानिक इस मंदिर के रहस्य को अपने नजरिये से समझने की कोशिश करते हैं. तो वहीं दूसरी तरफ ग्रामीणों के लिए यह भगवान की महिमा है. ग्रामीणों का कहना है कि मंदिर के द्वारा की गई भविष्यवाणी सही साबित होती है. उनकी इस मंदिर में गहरी आस्था है.

– भारत एक्सप्रेस

Govind Kumar Singh

मैं गोविंद सिंह हूं और मूल रूप से बिहार के कैमूर की पहाड़ियों वाले इलाके से आता हूं। मेरी शुरुआती पढ़ाई-लिखाई वाराणसी के उदय प्रताप कॉलेज से हुई। इसके बाद मैंने पटना कॉलेज, पटना से मास कम्यूनिकेशन में ग्रेजुएशन किया। पढ़ाई पूरी करने के बाद मैंने पत्रकारिता के क्षेत्र में अपने करियर की शुरुआत की और अलग-अलग संस्थानों में काम करते हुए खबरों की दुनिया को करीब से समझा। अपने पेशेवर सफर में मुझे ईटीवी भारत, इनशॉर्ट्स और श्यामा प्रसाद मुखर्जी रिसर्च फाउंडेशन जैसे संस्थानों के साथ काम करने का अवसर मिला। इन जगहों पर काम करते हुए मैंने रिपोर्टिंग, कंटेंट लेखन, रिसर्च और समाचारों की प्रस्तुति से जुड़ी कई महत्वपूर्ण बातें सीखीं। फिलहाल मैं भारत एक्सप्रेस में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हूं। यहां मेरी मुख्य रुचि विदेश, राजनीति और बिहार से जुड़ी खबरों को कवर करने में है।

Recent Posts

केरल के पत्रकार सिद्दीकी कप्पन के पासपोर्ट रिलीज मामले पर सुप्रीम कोर्ट 2 नवंबर को करेगा सुनवाई

सुप्रीम कोर्ट केरल के पत्रकार सिद्दीकी कप्पन द्वारा अपना पासपोर्ट रिलीज करने की मांग को…

32 minutes ago

पीएम मोदी से मिले लिकटेंस्टाइन के प्रिंस एलोइस, भारत के साथ रिश्ते मजबूत करने पर हुई चर्चा

पीएम मोदी ने लिकटेंस्टाइन के प्रिंस एलोइस और प्रिंसेस सोफी से मुलाकात की. बैठक में…

48 minutes ago

करवा चौथ पर आपके शहर के स्कूल खुलेंगे या रहेंगे बंद? जानिए दिल्ली, यूपी, बिहार समेत अन्य राज्यों का पूरा अपडेट

करवा चौथ के पावन पर्व पर स्कूलों की छुट्टी को लेकर बच्चों और पेरेंट्स के…

50 minutes ago

SIR मामले पर SC में सुनवाई, राहुल गांधी समेत 13 नेताओं को जवाब के लिए दिया 10 दिन का समय

सुप्रीम कोर्ट ने SIR और चुनाव आयोग के कामकाज से जुड़ी याचिकाओं पर सुनवाई के…

1 hour ago

वंदे मातरम को ‘राष्ट्रगान’ जैसा दर्जा देने की उठी मांग: SC ने केंद्र और दिल्ली सरकार को भेजा नोटिस

वंदे मातरम को राष्ट्रगान 'जन-गण-मन' के समान दर्जा देने और स्कूलों में इसका गायन अनिवार्य…

2 hours ago