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देश भर में 14 लाख से अधिक महिलाओं की स्तन कैंसर के लिए जांच की गई: स्वास्थ्य मंत्री जे पी नड्डा

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे पी नड्डा ने शुक्रवार (7 फरवरी) को कहा कि देश भर में 14.6 लाख से अधिक महिलाओं की स्तन कैंसर के लिए जांच की गई है, जिसमें 57,184 महिलाओं में इस बीमारी पाई गई. इनमें 50,612 महिलाओं का इलाज चल रहा है.

लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में राष्ट्रीय एनसीडी पोर्टल के आंकड़ों का हवाला देते हुए स्वास्थ्य मंत्री नड्डा ने कहा कि नौ करोड़ से अधिक महिलाओं की सर्वाईकल कैंसर के लिए जांच की गई है, जिनमें से 96,747 में यह बीमारी पाई गई और 86,196 का इलाज चल रहा है.

गैर संचारी रोगों (NCD) की जांच और प्रबंधन तथा स्तन और सर्वाईकल कैंसर सहित पांच सामान्य NCD के लिए निरंतर देखभाल सुनिश्चित करने के लिए सरकार द्वारा NP-NCD के तहत 2018 में राष्ट्रीय एनसीडी पोर्टल शुरू किया गया था.

6 हजार से ज्यादा एनसीडी क्लीनिक खोले गए

उच्च रक्तचाप, मधुमेह, मुंह का कैंसर, स्तन कैंसर और सर्वाईकल कैंसर जैसी प्रमुख गैर-संचारी रोगों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग द्वारा 2010 में राष्ट्रीय कार्यक्रम (एनपी-एनसीडी) शुरू किया गया था, जिसका उद्देश्य बुनियादी ढांचे को मजबूत करना, मानव संसाधन विकास, स्वास्थ्य संवर्धन, शीघ्र निदान, प्रबंधन और उचित स्तर की स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए रेफरल पर ध्यान केंद्रित करना था.

इस कार्यक्रम के तहत देश भर में 770 जिला एनसीडी क्लीनिक, 233 कार्डियक केयर यूनिट (सीसीयू), 372 जिला डे केयर सेंटर और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर 6410 एनसीडी क्लीनिक खोले गए हैं. स्वास्थ्य मंत्री जे पी नड्डा ने बताया कि ओडिशा में 30 जिला एनसीडी क्लीनिक, 12 सीसीयू, 32 जिला डे केयर सेंटर और 414 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बनाए गए हैं.

कार्यक्रम का उद्देश्य जागरूकता पैदा करना है

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के हिस्से के रूप में गैर संचारी रोगों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए राष्ट्रीय कार्यक्रम (एनपी-एनसीडी) के तहत राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को तकनीकी और वित्तीय सहायता प्रदान करता है. स्वास्थ्य मंंत्री नड्डा ने कहा कि कार्यक्रम बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, मानव संसाधन विकास, शीघ्र निदान, उपचार और प्रबंधन के लिए उचित स्तर की स्वास्थ्य सुविधा के लिए रेफरल और एनसीडी की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य संवर्धन और जागरूकता पैदा करने पर केंद्रित है.

मान्यता प्राप्त सामाजिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता (ASHA) आबादी में 30 वर्ष और उससे अधिक आयु वर्ग के सभी व्यक्तियों के लिए समुदाय आधारित मूल्यांकन चेकलिस्ट (CBAC) का प्रबंधन करते हैं. स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि NCD के लिए जोखिम मूल्यांकन सीबीएसी के माध्यम से किया जाता है और सभी उच्च जोखिम वाले व्यक्तियों को NHM के तहत व्यापक प्राथमिक स्वास्थ्य देखभाल के हिस्से के रूप में सामान्य NCD की जांच के लिए भेजा जाता है.

-भारत एक्सप्रेस

Bharat Express Desk

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