क्राइम

लापरवाही बरतने पर यूपी CID के 31 निरीक्षकों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही शुरू

यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पीड़ितों को न्याय दिया जाने को लेकर काफी संवेदनशील हैं और उन्होंने प्रदेश सरकार के सभी आलाधिकारियों को निर्देशित कर रक्खा है कि पीड़ितों को समय से न्याय मिले और इसको लेकर कोई भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. मुख्यमंत्री की शून्य सहनशीलता नीति के अनुपालन में यू पी सीआईडी के महानिदेशक दिपेश जुनेजा ने बहुत पुराने लंबित मामलों की व्यापक समीक्षा की और पाया कि कई जांच अधिकारी फाइलों को दबाए बैठे हुए हैं. ये ऐसे निरीक्षक हैं जिन्होंने पूरे वर्ष 2024 में कोई जांच पूरी नहीं की है और सरकार इनको ♦प्रति माह लगभग 2 लाख रुपए वेतन दे रही है , फिर भी ये कार्य में लापरवाही बरत रहे हैं.

निरीक्षक से लेकर एसपी स्तर के अधिकारियों के खिलाफ हो सकती है कार्यवाही

सीआईडी के महानिदेशक दिपेश जुनेजा ने सीआईडी के आईजी राजेश मोदक को ऐसे सभी निरीक्षकों से स्पष्टीकरण मांगने का निर्देश दिया , इसके बाद सीआईडी के आई जी ने प्रदेश के विभिन्न सेक्टर के 31 निरीक्षकों को चिन्हित करते हुए उनसे एक सप्ताह में स्पष्टीकरण मांगा है. अगर स्पष्टीकरण में निरीक्षक का जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया तो उसे प्रतिकूल प्रविष्टि दे दी जाएगी साथ ही क्षेत्राधिकरियों, एसपी और अतिरिक्त एसपी से भी पर्यवेक्षण की कमी के लिए स्पष्टीकरण मांगा जाएगा.

प्रदेश भर के 31 निरीक्षकों से मांगा गया स्पष्टीकरण

सीआईडी गोरखपुर सेक्टर से 2 निरीक्षकों, कानपुर से 7 निरीक्षकों, वाराणसी के 6 निरीक्षकों, लखनऊ से 12 निरीक्षकों और सेंट्रल इन्वेस्टिगेशन सेक्टर लखनऊ के 4 निरीक्षकों ने दी गई जांचों में लापरवाही बरती और इन्होंने सन 2024 में दी गई 88 जांचों को पूरा नहीं किया , और परिणाम शून्य रहा. इस तरह प्रदेश भर से कुल 88 जांच ठंडे बस्तों में पड़ी हैं. ऐसी घोर लापरवाही के कारण इन 31 निरीक्षकों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने की कवायद शुरू हो चुकी हैं. लोगबाग सीआईडी को एक निष्क्रिय विभाग के रूप में देखते थे लेकिन अब सीआईडी ने अपनी कार्य प्रणाली को बदल दिया है , जांच भी बहुत कम समय में पूरी की जा रहीं हैं और अपराधियों और भ्रष्टाचारियों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे डाला जा रहा है जिससे प्रदेश को योगी जी की मंशा के अनुरूप अपराध और भ्रष्टाचार से मुक्त कराया जा सके.

योगी सरकार की नीति है पीड़ितों को समय से न्याय दिलाना

इस पूरी कवायद के पीछे मुख्यमंत्री योगी सरकार की शून्य सहनशीलता नीति, पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए एक प्रभावी और पारदर्शी जांच प्रणाली सुनिश्चित करना.
पुराने लंबित मामलों की समीक्षा कर जांच अधिकारियों की कार्यशैली का मूल्यांकन करना है.
जांच अधिकारियों की जवाबदेही तय करना, ऐसे निरीक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा गया है जिन्होंने वर्ष 2024 में कोई भी जांच पूरी नहीं की है. क्षेत्राधिकारियों और अपर पुलिस अधीक्षकों ,पुलिस अधीक्षकों की जवाबदेही तय करना है और पर्यवेक्षण की कमी पर इनसे भी स्पष्टीकरण मांगा जाएगा.

निरीक्षकों के खिलाफ कार्यवाही का मकसद

सीआईडी के महानिदेशक दिपेश जुनेजा के मुताबिक इस कार्यवाही का उद्देश्य जांच प्रक्रिया में तेजी लाना और पीड़ितों को समय पर न्याय दिलाना है। साथ ही, यह सुनिश्चित करना है कि जांच अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों का पालन सही तरीके से कर रहे हैं या नहीं. और साथ ही क्षेत्राधिकारी और एस पी स्तर के अधिकारी अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए जांचों का पर्यवेक्षण किस तरह से कर रहे हैं.

-भारत एक्सप्रेस

सुशील कुमार तिवारी

Recent Posts

‘कश्मीर हमारा था, है और रहेगा..’, UN में भारतीय नारी शक्ति की दो टूक, PAK की कैसे लगाई लताड़?

संयुक्त राष्ट्र की चौथी समिति में पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर का मुद्दा उठाया, जिसके बाद भारतीय…

5 minutes ago

प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में अन्नदाता को बीज से बाजार तक सुविधा दे रही यूपी की डबल इंजन सरकार- सीएम योगी

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन…

5 minutes ago

नागालैंड के डिप्टी सीएम के बेटे कुची रंगकाऊ के निधन पर प्रधानमंत्री मोदी समेत अन्य नेताओं ने जताया शोक

नागालैंड के उप मुख्यमंत्री टीआर जेलियांग के पुत्र कुची रंगकाऊ जेलियांग के असमय निधन पर…

10 minutes ago

अमेरिका के दबाव में पलटा पाकिस्तान? जनरल मुनीर का नया पैंतरा देख भारतीय कूटनीति हलकों में मची हलचल

India Pakistan News: पूर्व पाकिस्तानी राजदूत के दिल्ली पहुंचने से भारत-पाक बैकचैनल कूटनीति की सुगबुगाहट…

11 minutes ago

‘कितनी ट्रेनें रोकेंगे…’ CJP प्रदर्शन पर चिराग पासवान का बड़ा बयान, क्या अपने ही सरकार को दिया संदेश?

Chirag Paswan: CJP प्रदर्शन के बीच चिराग पासवान ने कहा कि भारत के युवाओं को…

17 minutes ago

प्लेन में ही धर लिए गए Abhijeet Dipke, दिल्ली उतरते ही हिरासत में CJP के तीनों बड़े नेता; छावनी में बदला जंतर-मंतर

Jantar Mantar Protest: मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर-मंतर आ रहे…

31 minutes ago