दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 में जबरदस्त उलटफेर देखने को मिला, जहां आम आदमी पार्टी को करारी शिकस्त झेलनी पड़ी. अरविंद केजरीवाल, जो तीन बार दिल्ली के मुख्यमंत्री रह चुके हैं, बीजेपी के परवेश वर्मा से हार गए. चुनावी पराजय के बाद अब सवाल यह उठता है कि मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद उन्हें किन-किन सुविधाओं का लाभ मिलेगा?
किसी भी पूर्व सीएम को कुछ विशेष सरकारी सुविधाएं मिलती हैं, जो उनके कार्यकाल की प्रतिष्ठा और सेवाओं को ध्यान में रखकर दी जाती हैं. आइए जानते हैं कि एक पूर्व मुख्यमंत्री को कौन-कौन सी सुविधाएं प्रदान की जाती हैं.
पूर्व मुख्यमंत्री को सरकार की ओर से उनके लिए आवास की व्यवस्था की जाती है, लेकिन यह हर राज्य के नियमों के अनुसार अलग-अलग हो सकता है. दिल्ली में, मुख्यमंत्री पद से हटने के बाद सरकारी आवास उन्हें स्वतः नहीं मिलता, बल्कि पार्टी या प्रोटोकॉल के आधार पर उन्हें रहने की व्यवस्था दी जाती है.
अरविंद केजरीवाल ने 17 सितंबर 2024 को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया और 4 अक्टूबर 2024 को सीएम हाउस खाली कर दिया. इसके बाद उन्हें लुटियंस दिल्ली में फिरोजशाह रोड स्थित बंगला नंबर 5 आवंटित किया गया, जो पहले पंजाब के राज्यसभा सांसद अशोक मित्तल को दिया गया था.
अब यह उनके लिए एक संभावित निवास स्थान हो सकता है, या वे किसी अन्य सरकारी आवास में भी शिफ्ट हो सकते हैं.
एक पूर्व मुख्यमंत्री की सुरक्षा एक महत्वपूर्ण विषय होती है. पद से हटने के बाद भी उन्हें सुरक्षा कवच प्रदान किया जाता है. इसमें विशेष सुरक्षा दस्ते, एक सरकारी वाहन और ड्राइवर की सुविधा शामिल होती है. दिल्ली में भी पूर्व सीएम को इस प्रकार की सुरक्षा दी जाती है ताकि वे बिना किसी असुविधा के सामाजिक और राजनीतिक कार्यक्रमों में शामिल हो सकें. सुरक्षा की श्रेणी उनकी पूर्व की पदवी, राजनीतिक गतिविधियों और खतरे के स्तर को देखकर तय की जाती है.
पूर्व मुख्यमंत्री को उनकी सेवा अवधि के आधार पर पेंशन और अन्य वित्तीय सुविधाएं प्राप्त होती हैं. यदि कोई पूर्व मुख्यमंत्री विधायक के रूप में कार्य करता रहता है, तो उसे विधायक पेंशन मिलती है, जो लगभग 15,000 रुपये प्रति माह हो सकती है. यदि वह पद से हटने के बाद कोई सरकारी पद नहीं रखते, तो उनकी पेंशन में बदलाव किया जा सकता है.
इसके अलावा, उन्हें यात्रा भत्ता, टेलीफोन और इंटरनेट खर्च जैसी सुविधाएं भी दी जाती हैं ताकि वे अपनी राजनीतिक या सामाजिक गतिविधियों को जारी रख सकें.
पूर्व मुख्यमंत्री और उनके परिवार को सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं के तहत मुफ्त या सब्सिडी पर चिकित्सा सुविधाएं मिलती हैं. इनमें सरकारी अस्पतालों में इलाज, नियमित स्वास्थ्य जांच और आवश्यक दवाओं पर छूट शामिल होती है. यह सुविधा उन्हें जीवनभर मिलती है ताकि उनकी स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों का ध्यान रखा जा सके.
मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद, किसी भी नेता का राजनीतिक प्रभाव कम या ज्यादा हो सकता है, लेकिन पूर्व सीएम होने के नाते उन्हें एक अलग सम्मान प्राप्त होता है. अरविंद केजरीवाल जैसे नेता, जो राष्ट्रीय स्तर पर एक प्रमुख पार्टी के प्रमुख भी हैं, उन्हें कुछ अतिरिक्त विशेषाधिकार मिल सकते हैं. इसमें मीडिया कवरेज, राजनीतिक बैठकों में विशेष स्थान और अन्य सामाजिक प्रतिष्ठा से जुड़े लाभ शामिल हैं.
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-भारत एक्सप्रेस
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