मैनपुरी उपचुनाव में एक साथ आएगा सैफई परिवार!
भारतीय निर्वाचन आयोग ने देश में अलग-अलग राज्य में खाली हुई लोकसभा और विधानसभा सीटों पर उपचुनाव कराने का ऐलान कर दिया. इन सभी सीटों पर मतदान 5 दिसंबर को होगा. और नतीजा 8 दिसंबर को आएगा. इन उपचुनावों में उत्तरप्रदेश की मैनपुरी लोकसभा सीट सबसे ज्यादा चर्चा में है. बता दें कि मैनपुरी लोकसभा (Mainpuri Lok Sabha) की सीट मुलायम सिंह के निधन के बाद खाली हुई है.
मैनपुरी लोकसभा सीट पर उपचुनाव की तारीख के ऐलान के बाद सियासी पारा चढ़ गया है. इसके साथ ही प्रदेश में इस बात की चर्चा भी चल रही है कि क्या समाजवादी पार्टी अपनी साख बचाने के लिए सपा कुनबे को एक साथ ला पाएगी. लोगों का ये भी मानना है कि नेताजी की विरासत को बचाने के लिए एक बार फिर अखिलेश यादव और चाचा शिवपाल को साथ आना पड़ेगा. क्योंकि बीजेपी इस समय प्रदेश में काफी मजबूत स्थिति में है. और धीरे-धीरे समाजवादी पार्टी प्रदेश में कमजोर होती हुई नजर आ रही है.
चाचा शिवपाल यादव के बेटे आदित्य यादव ने चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद बयान दिया है कि, ” “मैनपुरी नेताजी की सीट है, नेताजी की विरासत की सीट बचाने के लिए पूरा परिवार गंभीरता से विचार कर रहा है. जिसमें समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव और हमारे अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव, बड़े ताऊ रामगोपाल यादव और भैया धर्मेंद्र यादव गंभीरता से विचार कर रहे हैं, जो निर्णय परिवार का होगा उसका माना जाएगा.” प्रसपा अध्यक्ष शिवपाल यादव के इस बयान के बाद प्रदेश में सियासत और तेज हो गई है.
वहीं शिवपाल यादव ने अपने बयान में कहा कि, “हमें जिम्मेदारी मिलने का इंतजार है. इंतजार है, देखिए. अभी नेताजी के जाने के बाद हम लोग शोक में हैं. इस महीने नेताजी का जन्मदिन भी आने वाला है, जो हम हर साल मनाते थे.”
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