Swami Avimukteshwaranand Controversy Update: शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद (Swami Avimukteshwaranand) से जुड़े कथित यौन शोषण मामले में बड़ा अपडेट सामने आया है. नाबालिग पीड़ित के मेडिकल रिपोर्ट में यौन शोषण की पुष्टि होने की बात कही जा रही है. इसके बाद मामले ने और तूल पकड़ लिया है.
इसी बीच शंकराचार्य के वकील श्रीनाथ त्रिपाठी और वाराणसी कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिलने की सूचना से हड़कंप मच गया. जानकारी मिलते ही प्रशासन, पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड में आ गईं और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है.
मामले की शुरुआत प्रयागराज के माघ मेले से जुड़ी बताई जा रही है. 18 जनवरी को मौनी अमावस्या के दिन शंकराचार्य और प्रशासन के बीच विवाद हुआ था. इसके आठ दिन बाद, 24 जनवरी को जगद्गुरु रामभद्राचार्य के शिष्य आशुतोष महाराज ने पुलिस कमिश्नर से शिकायत की. शिकायत में माघ मेला-2026 और महाकुंभ-2025 के दौरान बच्चों के साथ कथित यौन शोषण के आरोप लगाए गए.
पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाते हुए 8 फरवरी को स्पेशल पॉक्सो कोर्ट में याचिका दायर की गई. 13 फरवरी को दो नाबालिगों को कोर्ट में पेश किया गया और 21 फरवरी को उनके बयान दर्ज हुए. कोर्ट के आदेश पर उसी दिन झूंसी थाने में एफआईआर (FIR) दर्ज की गई. एफआईआर में शंकराचार्य, उनके शिष्य मुकुंदानंद और 3 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है.
24 फरवरी को शंकराचार्य ने प्रयागराज के एडिशनल कमिश्नर अजय पाल शर्मा पर साजिश रचने का आरोप लगाया और इलाहाबाद हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत की याचिका दायर की. इस याचिका पर जल्द सुनवाई होने की संभावना है.
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने अपने ऊपर लगे आरोपों को लेकर कहा कि यदि आरोप सिद्ध होते हैं तो यह दुर्लभतम श्रेणी का अपराध होगा और उन्हें ऐसी सजा दी जाए जिसकी किसी ने कल्पना भी न की हो. वहीं, अगर आरोप गलत साबित होते हैं तो आरोप लगाने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए.
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प्रयागराज पुलिस पिछले तीन दिनों से वाराणसी में डेरा डाले हुए है. हालांकि अभी तक पुलिस आश्रम नहीं पहुंची है, लेकिन सूत्रों के मुताबिक टीम सबूत जुटाने में लगी है और पूरी तैयारी के बाद ही पूछताछ की जाएगी. इस बीच कांग्रेस ने शंकराचार्य के समर्थन में प्रदेश के 75 जिलों में प्रदर्शन किया है, जिससे मामला और राजनीतिक रंग लेता दिख रहा है. फिलहाल सभी की नजरें कोर्ट के फैसले और पुलिस की आगे की कार्रवाई पर टिकी हैं.
-भारत एक्सप्रेस
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