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CWG 2026 में भारत ने गाड़े झंडे, 31% रहा सक्सेस रेट; आंकड़ों में देखें 2022 के मुकाबले कितना बेहतर?

CWG 2026 India full medal winners list: ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 (23 जुलाई से 2 अगस्त) में भारतीय एथलीटों ने अपने शानदार प्रदर्शन से एक बार फिर वैश्विक मंच पर देश का परचम लहराया. भारत ने 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज समेत कुल 39 मेडल जीतकर मेडल टैली में चौथा स्थान हासिल किया. इस अभियान में पुरुषों ने कुल 23 मेडल (5 गोल्ड, 13 सिल्वर, 5 ब्रॉन्ज) देश की झोली में डाले, जबकि महिला एथलीट्स ने शानदार जज्बा दिखाते हुए 16 मेडल (8 गोल्ड, 4 सिल्वर, 4 ब्रॉन्ज) अपने नाम किए.

2022 से बेहतर रहा प्रदर्शन

पहली नजर में यह प्रदर्शन बर्मिंघम 2022 के 61 मेडल्स की तुलना में कम लग सकता है, लेकिन गहराई से विश्लेषण करने पर आंकड़े एक अलग कहानी बयां करते हैं. ग्लासगो 2026 में सिर्फ 10 खेलों को शामिल किया गया था, जबकि बर्मिंघम में 19 खेल थे. कुश्ती, शूटिंग, हॉकी, बैडमिंटन, टेबल टेनिस और क्रिकेट जैसे भारत के पारंपरिक मेडल बैंक इस बार गेम्स का हिस्सा नहीं थे (जिनसे 2022 में भारत को 30 पदक मिले थे). इसके अलावा भारत ने 210 की जगह केवल 123 खिलाड़ियों का दल भेजा. इनमें से 38 खिलाड़ी पदक जीतकर लौटे, जिससे भारत का सक्सेस रेट बढ़कर 31% (बर्मिंघम में 29%) हो गया.

कॉमनवेल्थ गेम्स मेडल टैली 2026 (CWG 2026)
रैंक (Rank) देश (Country) गोल्ड (Gold) सिल्वर (Silver) ब्रॉन्ज (Bronze) कुल मेडल (Total)
1 ऑस्ट्रेलिया 70 45 56 171
2 इंग्लैंड 29 45 36 110
3 कनाडा 19 20 23 62
4 भारत 13 17 9 39
5 स्कॉटलैंड 13 9 17 39
कॉमनवेल्थ गेम्स मेडल टैली 2022 (CWG 2022)
1 ऑस्ट्रेलिया 67 57 55 179
2 इंग्लैंड 58 65 53 176
3 कनाडा 26 32 34 92
4 भारत 22 16 23 61
5 न्यूजीलैंड 20 12 18 50

1. मेडल के लिहाज से- बॉक्सिंग बना सबसे बड़ा मेडल बैंक (CWG 2026 India Medal Tally)

भारत के कुल 39 पदकों में सबसे बड़ा योगदान बॉक्सिंग का रहा. रिंग में भारतीय मुक्केबाजों ने अपना दबदबा कायम रखते हुए 7 गोल्ड और 3 सिल्वर समेत 10 मेडल जीते. यानी हर चार में से एक मेडल मुक्केबाजी से आया. एथलेटिक्स और पैरा एथलेटिक्स ने मिलकर 16 मेडल (3 गोल्ड, 7 सिल्वर, 6 ब्रॉन्ज) दिलाए, हालांकि मुख्य एथलेटिक्स में गोल्ड नहीं आ सका.

खिलाड़ी (Player) वर्ग / वर्ग भार (Category & Weight) मेडल (Medal)
प्रीति पवार महिला 54 kg गोल्ड
जैस्मिन लांबोरिया महिला 57 kg गोल्ड
साक्षी चौधरी महिला 51 kg गोल्ड
प्रिया घंघास महिला 60 kg गोल्ड
अरुंधति चौधरी महिला 70 kg गोल्ड
सचिन सिवाच पुरुष 60 kg गोल्ड
अंकुश पंघाल पुरुष 80 kg गोल्ड
जादुमणि सिंह पुरुष 55 kg सिल्वर
लवलीना बोरगोहेन महिला 75 kg सिल्वर
नरेंद्र बेरवाल पुरुष 90+ kg सिल्वर

वेटलिफ्टिंग से 8, पैरा एथलेटिक्स से 6, जूडो से 4 और पैरा पावरलिफ्टिंग से 1 मेडल मिला. कुल मिलाकर भारत के 39 में से 37 पदक केवल पांच खेलों से आए, जो भारतीय एथलीटों की चुनिंदा स्पर्धाओं में जबरदस्त पकड़ को दर्शाता है.

2. पॉजिशन के लिहाज से- टॉप-4 में भारत का स्थान बरकरार (CWG 2026 Medal Tally)

भारत 13 गोल्ड मेडल के साथ अंक तालिका में चौथे स्थान पर रहा. तालिका में ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और कनाडा क्रमशः पहले, दूसरे और तीसरे स्थान पर रहे. खेलों की संख्या आधी होने और छोटा दल भेजे जाने के बावजूद भारतीय टीम ने दुनिया के शीर्ष चार देशों में अपनी जगह बनाए रखी. गौरतलब है कि 2022 बर्मिंघम गेम्स में भारत 22 गोल्ड के साथ चौथे स्थान पर रहा था.

रैंक (Rank) देश (Country) गोल्ड (Gold) सिल्वर (Silver) ब्रॉन्ज (Bronze) कुल मेडल (Total)
1 ऑस्ट्रेलिया 65 41 52 158
2 इंग्लैंड 26 41 35 102
3 कनाडा 18 20 21 59
4 भारत 13 17 9 39
5 स्कॉटलैंड 13 8 17 38
6 नाइजीरिया 10 7 7 24
7 जमैका 10 3 5 18
8 न्यूजीलैंड 8 11 9 28
9 वेल्स 8 10 12 30
10 मलेशिया 8 3 3 14

3. आधिकारिक अनुमान से दोगुना ज्यादा गोल्ड पर कब्जा

खेल शुरू होने से पहले भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) और खेल महासंघों की आंतरिक समीक्षा रिपोर्ट में भारत को 6 गोल्ड समेत 31 मेडल मिलने का अनुमान जताया गया था. हालांकि, भारतीय खिलाड़ियों ने अपनी क्षमता का लोहा मनवाते हुए अनुमान से दोगुने से भी ज्यादा (13 गोल्ड) पदक जीते. कुल पदकों की संख्या भी अनुमानित आंकड़े को पार कर गई.

खेल (Sport) गोल्ड (Gold) सिल्वर (Silver) ब्रॉन्ज (Bronze) कुल मेडल (Total)
बॉक्सिंग 7 3 0 10
एथलेटिक्स 0 5 5 10
वेटलिफ्टिंग 1 6 1 8
पैरा एथलेटिक्स 3 2 1 6
जूडो 2 1 1 4
पैरा पावरलिफ्टिंग 0 0 1 1
कुल (Total) 13 17 9 39

4. उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन करने वाले खेल (CWG 2026 Sport Wise Medals)

i. बॉक्सिंग (पंच का पावर)

14 मुक्केबाजों के दल में से 10 खिलाड़ी पदक जीतकर लौटे. इसमें 7 गोल्ड और 3 सिल्वर शामिल रहे, जिससे मेडल कन्वर्जन रेट 71% रहा. जैस्मिन लांबोरिया, साक्षी चौधरी, प्रीति पवार, प्रिया घंघास, अरुंधति चौधरी, सचिन सिवाच और अंकुश पंघाल चैंपियन बने. वहीं लवलीना बोरगोहेन, जादुमणि सिंह और नरेंद्र बेरवाल ने सिल्वर पदक जीता.

ii. पैरा एथलेटिक्स (ऐतिहासिक सफलता)

भारत के सिर्फ 11 पैरा एथलीटों ने ग्लासगो में 6 मेडल (3 गोल्ड, 2 सिल्वर, 1 ब्रॉन्ज) जीतकर इतिहास रच दिया. भारत ने तीन बार डबल पोडियम फिनिश दर्ज की. दिलीप गावित (100m T47), सोमन राणा (शॉटपुट F57) और शर्मिला धनकड़ (शॉटपुट F57) ने स्वर्णिम सफलता हासिल की.

खिलाड़ी (Player) इवेंट / कैटेगिरी (Event & Category) मेडल (Medal)
शर्मिला धनखड़ महिला शॉटपुट F57 गोल्ड
दिलीप महादु गवित पुरुष 100m T47 गोल्ड
सोमन राणा पुरुष शॉटपुट F57 गोल्ड
मोहम्मद बासिल पुरुष 100m T47 सिल्वर
शुभम जुयाल पुरुष शॉटपुट F57 सिल्वर
शिल्पा शैला महिला शॉटपुट F57 ब्रॉन्ज

iii. जूडो (ऐतिहासिक स्वर्णिम शुरुआत)

जूडो में भारत ने पहली बार कॉमनवेल्थ गेम्स का गोल्ड मेडल जीता. अस्मिता डे ने महिलाओं के -48 किग्रा में पहला गोल्ड दिलाया, जिसके कुछ ही देर बाद हर्ष सिंह ने पुरुषों के -60 किग्रा में दूसरा गोल्ड हासिल कर लिया. यामिनी मौर्या (सिल्वर) और उन्नति शर्मा (ब्रॉन्ज) ने भी पदक जीते.

खिलाड़ी (Player) वर्ग / वर्ग भार (Category & Weight) मेडल (Medal)
अस्मिता डे महिला 48 kg गोल्ड
हर्ष सिंह पुरुष 60 kg गोल्ड
यामिनी मौर्या महिला 57 kg सिल्वर
उन्नति शर्मा महिला 63 kg ब्रॉन्ज

5. इन खेलों में आगे बेहतर करने की संभावनाएं

i. एथलेटिक्स

एथलेटिक्स ने भारत को 10 मेडल दिलाए, लेकिन गोल्ड का खाता नहीं खुला. स्टार जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा को सिल्वर से संतोष करना पड़ा, जबकि डेब्यू कर रहे यशवीर सिंह ने ब्रॉन्ज जीता. गुलवीर सिंह ने 10,000 मीटर में सिल्वर और 5,000 मीटर में ब्रॉन्ज जीतकर एक ही गेम्स के दो ट्रैक इवेंट में मेडल जीतने वाले पहले भारतीय बनने का कीर्तिमान रचा. तेजस्विन शंकर ने डेकाथलन में भारत का पहला पदक (ब्रॉन्ज) जीता. सर्वेश कुशारे, मुरली श्रीशंकर, प्रवीण चित्रावेल और सीमा कालीरामना ने भी पदक हासिल किए.

खिलाड़ी (Player) स्पर्धा / इवेंट (Event) मेडल (Medal)
सर्वेश कुशारे पुरुष हाई जंप सिल्वर
गुलवीर सिंह पुरुष 10,000m सिल्वर
मुरली श्रीशंकर पुरुष लॉन्ग जंप सिल्वर
नीरज चोपड़ा पुरुष जेवलिन सिल्वर
प्रवीण चित्रावेल पुरुष ट्रिपल जंप सिल्वर
सीमा कालीरमणा महिला डिस्कस थ्रो ब्रॉन्ज
यशवीर सिंह पुरुष जेवलिन ब्रॉन्ज
तेजस्विन शंकर डेकाथलॉन ब्रॉन्ज
सेल्वा प्रभु तिरुमारन पुरुष ट्रिपल जंप ब्रॉन्ज
गुलवीर सिंह पुरुष 5,000m ब्रॉन्ज

ii. वेटलिफ्टिंग

भारोत्तोलन में भारत ने कुल 8 मेडल (1 गोल्ड, 6 सिल्वर, 1 ब्रॉन्ज) हासिल किए. मीराबाई चानू (48 किग्रा) ने लगातार तीसरा कॉमनवेल्थ गोल्ड जीता. ऋषिकांत सिंह, अजय बाबू और लवप्रीत सिंह ने स्नैच में गेम्स रिकॉर्ड बनाए, वहीं ज्ञानेश्वरी यादव ने नया नेशनल रिकॉर्ड कायम किया.

खिलाड़ी (Player) वर्ग / वर्ग भार (Category & Weight) मेडल (Medal)
मीराबाई चानू महिला 48 kg गोल्ड
ऋषिकांत सिंह पुरुष 60 kg सिल्वर
मुथुपंडी राजा पुरुष 65 kg सिल्वर
ज्ञानेश्वरी यादव महिला 53 kg सिल्वर
वल्लूरी अजय बाबू पुरुष 79 kg सिल्वर
हरजिंदर कौर महिला 69 kg सिल्वर
लवप्रीत सिंह पुरुष 110+ kg सिल्वर
बिंदियारानी देवी महिला 58 kg ब्रॉन्ज

iii. लॉन बॉल्स, पैरा पावरलिफ्टिंग व अन्य खेल

लॉन बॉल्स में रूपा रानी तिर्की और पिंकी सिंह की जोड़ी करीब आकर मेडल से चूक गई. पैरा पावरलिफ्टिंग में झंडू कुमार ने पुरुषों के हैवीवेट में 190 किग्रा लिफ्ट के साथ एकमात्र ब्रॉन्ज जीता. जिम्नास्टिक, स्विमिंग और साइक्लिंग में भारतीय एथलीट्स का प्रदर्शन निराशाजनक रहा, हालांकि 16 वर्षीय साइक्लिस्ट लीशा दास के जुझारूपन की काफी सराहना हुई.

पहले से बेहतर रहा भारत का प्रदर्शन (CWG 2026 vs 2022 Medal Tally Comparison)

स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 भारत के लिए सिर्फ पदकों की संख्या दर्ज कराने का जरिया नहीं रहा, बल्कि इसने वैश्विक पटल पर भारतीय एथलीटों की बदलती मानसिकता और ‘किलर इंस्टिंक्ट’ की गवाही दी है. भले ही बर्मिंघम 2022 की तुलना में कुल पदकों की संख्या कम दिखे, लेकिन 19 की जगह सिर्फ 10 खेलों के होने और कुश्ती, शूटिंग व बैडमिंटन जैसे पारम्परिक ‘मेडल बैंक्स’ के बाहर होने के बावजूद भारत का शीर्ष-4 में अपनी जगह कायम रखना ऐतिहासिक है.

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123 खिलाड़ियों के छोटे दल से 39 पदक विजेताओं का निकलना और 31% का रिकॉर्ड सक्सेस रेट यह साबित करता है कि भारतीय खिलाड़ी अब केवल भागीदारी दर्ज कराने नहीं, बल्कि पोडियम फिनिश के इरादे से मैदान में उतरते हैं.

Shyamdatt Chaturvedi

श्यामदत्त चतुर्वेदी एक अनुभवी मीडिया पेशेवर हैं. वर्तमान में नोएडा 'भारत एक्सप्रेस' में पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में सात वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले श्यामदत्त ने हिंदी डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए कंटेंट राइटिंग, रिपोर्टिंग, एडिटिंग और डेटा एनालिसिस में गहरी विशेषज्ञता हासिल की है. इससे पहले उन्होंने जी न्यूज, ईटीवी भारत, टीएफआई मीडिया, वे2न्यूज और सैफायर मीडिया लिमिटेड (इंडिया डेली लाइव) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं. उन्होंने स्थानीय पंचायत से लेकर विधानसभा, लोकसभा तक की व्यापक कवरेज की. उन्होंने इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय (IGNTU), अमरकंटक से पत्रकारिता और जनसंचार में स्नातक (BJMC) करने के बाद, प्रतिष्ठित माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मास्टर डिग्री (M.A.) हासिल की है.

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