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जानें SpaceX के Dragon Capsule स्पेसक्राफ्ट के बारे में सबकुछ, जो Sunita Williams को ला रहा है पृथ्वी पर वापस

SpaceX का Dragon स्पेसक्राफ्ट एक बार फिर चर्चा में है, क्योंकि यह अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (International Space Station – ISS) से चार अंतरिक्ष यात्रियों – सुनीता विलियम्स (Sunita Williams), बुच विल्मोर (Butch Wilmore), निक हेग (Nick Hague), और अलेक्जेंडर गोर्बुनोव (Alexander Gorbunov) को पृथ्वी पर वापस ला रहा है. यह मिशन नासा (NASA) और स्पेसएक्स (SpaceX) के बीच सहयोग का एक और शानदार उदाहरण है. आइए इस मिशन और ड्रैगन कैप्सूल (Dragon Capsule) की खासियतों के बारे में विस्तार से जानते हैं.

मिशन की शुरुआत और वापसी

सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर ने 6 जून 2024 को अपने मिशन की शुरुआत की थी, जब वे अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर पहुंचे. वहीं, निक हेग और अलेक्जेंडर गोर्बुनोव 29 सितंबर 2024 को स्टेशन पर शामिल हुए. अब ये चारों अंतरिक्ष यात्री स्पेसएक्स के ड्रैगन फ्रीडम (Dragon Freedom) यान के जरिए 19 मार्च 2025 को पृथ्वी पर लौट रहे हैं. यह मिशन अंतरिक्ष अनुसंधान (Space Exploration) में एक और मील का पत्थर साबित हो रहा है.

एक नजर में ड्रैगन क्रू कैप्सूल

नासा ने इस मिशन के लिए स्पेसएक्स के ड्रैगन क्रू कैप्सूल को चुना है, जो अब तक 49 बार लॉन्च हो चुका है. इसमें से 44 बार यह अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन तक पहुंचा और 29 बार रीफ्लाइट (Reflight) भी हुई. यह दुनिया का पहला निजी स्पेसक्राफ्ट (Private Spacecraft) है, जो लगातार अंतरिक्ष स्टेशन पर अंतरिक्ष यात्रियों (Astronauts) और कार्गो (Cargo) को ले जाता और वापस लाता है. इसकी कुछ खास विशेषताएं इस प्रकार हैं:

  • क्षमता: इसमें एक बार में 7 अंतरिक्ष यात्री बैठ सकते हैं, हालांकि सामान्य मिशन में 2 से 4 यात्री ही होते हैं.
  • वजन: खाली कैप्सूल का वजन 7700 किलोग्राम है, जबकि यात्रियों और सामान के साथ यह 12,500 किलोग्राम तक हो सकता है.
  • पेलोड: यह किसी भी ऑर्बिट में 6000 किलोग्राम और ISS तक 3307 किलोग्राम तक सामान ले जा सकता है.
  • अंतरिक्ष में अवधि: स्वतंत्र रूप से यह 10 दिन तक अंतरिक्ष में रह सकता है, लेकिन ISS से जुड़े होने पर यह 210 दिनों तक कार्य कर सकता है.
  • ईंधन: इसमें 2563 किलोग्राम ईंधन भरा जाता है, जो इसे स्पेस स्टेशन तक ले जाने और वापस लाने में मदद करता है.

ड्रैगन कैप्सूल की खासियतें

स्पेसएक्स का ड्रैगन कैप्सूल न केवल अंतरिक्ष यात्रियों को ले जाने के लिए बल्कि आपातकालीन स्थिति (Emergency Evacuation) में भी उपयोगी है. इसे फाल्कन 9 ब्लॉक 5 रॉकेट (Falcon 9 Block 5 Rocket) से लॉन्च किया जाता है. अब तक स्पेसएक्स ने 12 ड्रैगन कैप्सूल बनाए हैं, जिनमें शामिल हैं:

  • 6 क्रू कैप्सूल (Crew Capsules)
  • 3 कार्गो कैप्सूल (Cargo Capsules)
  • 3 प्रोटोटाइप (Prototypes)

वर्तमान में 8 कैप्सूल ऑपरेशनल हैं, जिनमें 4 क्रू कैप्सूल, 3 कार्गो कैप्सूल और 1 प्रोटोटाइप शामिल हैं. 3 कैप्सूल अब तक रिटायर हो चुके हैं.

ड्रैगन की पहली उड़ानें

  • मानवरहित उड़ान: 2 मार्च 2019 को पहली बार ड्रैगन ने बिना यात्रियों के उड़ान भरी.
  • मानवयुक्त उड़ान: 20 मई 2020 को पहली बार अंतरिक्ष यात्रियों के साथ उड़ान हुई.
  • कार्गो उड़ान: 6 दिसंबर 2020 को पहली कार्गो डिलीवरी हुई.

क्यों खास है ड्रैगन कैप्सूल?

ड्रैगन कैप्सूल की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह निजी क्षेत्र का पहला ऐसा यान है, जो अंतरिक्ष स्टेशन तक नियमित रूप से मिशन पूरा करता है. यह नासा के लिए लागत प्रभावी (Cost-Effective) और विश्वसनीय (Reliable) साबित हुआ है. इसके डिजाइन और तकनीक ने अंतरिक्ष यात्रा (Space Travel) को और सुलभ बनाया है.


इसे भी पढ़ें- 9 महीने लंबे अंतरिक्ष मिशन के बाद आज स्वदेश लौटेंगी सुनीता विलियम्स


-भारत एक्सप्रेस

Ashutosh Kumar Rai

आशुतोष कुमार राय, भारत एक्सप्रेस के साथ बतौर सब एडिटर जुड़े हैं और करीब 7 वर्ष से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. मूल रूप से उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के रहने वाले आशुतोष, पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हैं. क्रिकेट, लाइफस्टाइल और राजनीति में खास दिलचस्पी है. देश-दुनिया और राजनीति की लेटेस्ट खबरों, विश्लेषण, इनसाइड स्टोरी और अपडेट्स के लिए आशुतोष को फॉलो करें… X Account: @AshuRai208

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