मनोरंजन

100 किलो वजन… नेपो किड का टैग, फिर भी नहीं छोड़ा सपना! इस एक्ट्रेस ने बताया हीरोइन बनने का सफर

Sara Ali Khan Career: बॉलीवुड में अपनी जगह बनाना आसान नहीं है. यहां कई बार हुनर के साथ-साथ खुद पर भरोसा और लगातार मेहनत करने की भी जरूरत पड़ती है. अभिनेत्री सारा अली खान की कहानी भी कुछ ऐसी ही है. आज सारा अपनी फिल्मों और बेबाक अंदाज के लिए जानी जाती हैं, लेकिन एक समय ऐसा था, जब उनका वजन करीब 100 किलो हुआ करता था. उस दौर में वह फिल्मों की दुनिया से दूर अपनी पढ़ाई पर ध्यान दे रही थीं. हालांकि, उनके अंदर बचपन से ही एक्ट्रेस बनने का सपना था, जो सही समय आने पर फिर जाग उठा.

थिएटर ने दिलाई एक्टिंग के करीब आने की वजह

सारा अली खान ने हाल ही में अनिल कपूर के शो ‘इंडिया के टॉप 1 पर्सेंट’ में अपनी जिंदगी के इस खास दौर के बारे में खुलकर बात की. बातचीत के दौरान अनिल कपूर ने उनसे पूछा कि आखिर उन्होंने अभिनेत्री बनने का फैसला कब किया था.

इसका जवाब देते हुए सारा ने बताया कि उन्हें बचपन से ही एक्टिंग का शौक था. हालांकि, पढ़ाई में भी उनकी काफी दिलचस्पी थी. इसी वजह से उन्होंने अमेरिका की कोलंबिया यूनिवर्सिटी में दाखिला लिया, जहां वह हिस्ट्री की पढ़ाई कर रही थीं. उस समय उनका इरादा आगे चलकर लॉ की डिग्री हासिल करने का भी था.

लेकिन यूनिवर्सिटी में थिएटर कोर्स करने के बाद उनकी सोच बदलने लगी. सारा के मुताबिक, जब उन्हें स्टेज पर परफॉर्म करने का मौका मिला, तो उन्हें एहसास हुआ कि अभिनय के प्रति उनका लगाव आज भी उतना ही मजबूत है. इसके बाद उन्होंने खुद को एक मौका देने का फैसला किया. उस समय उनका वजन लगभग 100 किलो था, लेकिन उन्होंने अपने सपने की तरफ कदम बढ़ाने का मन बना लिया.


ये भी पढ़ें:सारा अली खान के साड़ी-गाउन लुक से लें फेस्टिव फैशन इंस्पिरेशन, ट्रेडिशनल अंदाज में दिखें स्टाइलिश


आयुष्मान खुराना ने भी सुनाया अपना किस्सा

इस शो में अभिनेता आयुष्मान खुराना भी पहुंचे थे. वह अपनी आने वाली फिल्म ‘उड़ता तीर’ के प्रमोशन के लिए आए थे. बातचीत के दौरान अनिल कपूर ने उनसे भी पूछा कि उन्होंने अभिनेता बनने के बारे में कब सोचा था. आयुष्मान ने मजाकिया अंदाज में जवाब दिया कि जब उन्होंने अनिल कपूर को देखा, तभी उन्हें एक्टिंग से प्यार हो गया.

इसके बाद जब अनिल ने पूछा कि उन्हें अपने करियर के लिए सबसे ज्यादा प्रेरणा किससे मिली, तो आयुष्मान ने अपने पिता का नाम लिया. उन्होंने बताया कि उनके पिता बचपन से ही उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करते थे. आयुष्मान ने कहा कि छोटे शहर के पारंपरिक परिवारों में फिल्म इंडस्ट्री में करियर बनाने के बारे में सोचना भी आसान नहीं था. इसके बावजूद उनके माता-पिता ने उन्हें कला और परफॉर्मिंग आर्ट्स के क्षेत्र में आगे बढ़ने की आजादी दी.

-भारत एक्सप्रेस

Sahil Singh

पढ़ने-लिखने से शुरू हुआ सफर खबरों तक ले गया. पत्रकारिता को करियर बनाने का एक मात्र उद्देश्य—पढ़ना, साथ ही नई-नई चीज़ों को जानने की जिज्ञासा रखना था. आज से पहले ‘आज तक’ चैनल, उसके बाद दायित्व वेबसाइट, और अब भारत एक्सप्रेस में बतौर सब-एडिटर की भूमिका निभा रहा हूं.

Recent Posts

मेरठ में STF का एक्शन, कुख्यात गटारू गैंग से जुड़े 4 आरोपी दबोचे गए

UP News: मेरठ के सोतीगंज इलाके में यूपी STF और जम्मू-कश्मीर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई…

6 hours ago

सरदार पटेल की जयंती पर दिल्ली में राष्ट्रीय एकता का महाआयोजन, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दिया बड़ा संदेश

दिल्ली के पंजाबी बाग में सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती पर आयोजित भव्य कार्यक्रम…

6 hours ago