देश

दिल्ली SIR में VVIPs की जांच पूरी, आडवाणी-जयशंकर समेत किसी का नहीं कटेगा नाम

Delhi SIR: दिल्ली में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के बीच बड़ी खबर सामने आई है. वोटर लिस्ट को लेकर नोटिस पाने वाले कई बड़े और चर्चित नामों का फील्ड वेरिफिकेशन पूरा हो चुका है. चुनाव अधिकारियों के मुताबिक, जांच के बाद इन सभी मतदाताओं के नाम सुरक्षित रखे गए हैं और उन्हें 4 नवंबर को जारी होने वाली अंतिम मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा.

जिन प्रमुख लोगों को नोटिस मिला था, उनमें बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी, पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, विदेश मंत्री एस जयशंकर, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल समेत कई अन्य नाम शामिल थे. इनमें से ज्यादातर मतदाता नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र में पंजीकृत हैं.

घर जाकर किया गया सत्यापन

चुनाव अधिकारियों और बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) की टीमों ने पिछले कुछ दिनों में ऐसे मतदाताओं के घर पहुंचकर उनके दस्तावेज और मतदाता संबंधी जानकारी की जांच की. अधिकारियों के अनुसार, सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद इन नामों को अंतिम सूची में शामिल करने के लिए सुरक्षित माना गया है.

दरअसल, कई प्रमुख मतदाताओं के मौजूदा विवरण 2002 में दिल्ली में हुई पिछली SIR की मतदाता सूची से मैच नहीं हो पाए थे. इसी वजह से उनके एन्यूमरेशन फॉर्म में असमानता दर्ज हुई और उन्हें नोटिस भेजा गया.

नोटिस का मतलब नाम कटना नहीं

चुनाव अधिकारियों ने यह भी साफ किया है कि SIR के दौरान नोटिस मिलना अपने आप में वोटर लिस्ट से नाम हटने का संकेत नहीं है. दावे और आपत्तियों की प्रक्रिया के दौरान जरूरी दस्तावेज मांगे जा सकते हैं. किसी मतदाता का नाम हटाने से पहले उसे सुनवाई का मौका देना और कारण दर्ज करते हुए अपील योग्य आदेश जारी करना जरूरी है.


ये भी पढ़ें: मध्य प्रदेश में ‘मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा’ का आगाज: सीएम मोहन यादव और नितिन गडकरी 351 बसों को दिखाएंगे हरी झंडी


33.13 लाख मतदाता नोटिस के दायरे में

दिल्ली की ड्राफ्ट मतदाता सूची में 97 लाख से अधिक मतदाताओं के नाम हैं. इनमें करीब 33.13 लाख मतदाताओं को एन्यूमरेशन फॉर्म में मिली विसंगतियों के कारण नोटिस के लिए चिन्हित किया गया है. बड़ी संख्या में ऐसे मतदाता हैं, जिनका रिकॉर्ड 2002 की पिछली SIR सूची से मेल नहीं खा पाया. ऐसे में अधिकारियों का कहना है कि प्रक्रिया का उद्देश्य मतदाताओं के नाम हटाना नहीं, बल्कि रिकॉर्ड का सत्यापन करना और अंतिम सूची तैयार करना है.

-भारत एक्सप्रेस

Sahil Singh

पढ़ने-लिखने से शुरू हुआ सफर खबरों तक ले गया. पत्रकारिता को करियर बनाने का एक मात्र उद्देश्य—पढ़ना, साथ ही नई-नई चीज़ों को जानने की जिज्ञासा रखना था. आज से पहले ‘आज तक’ चैनल, उसके बाद दायित्व वेबसाइट, और अब भारत एक्सप्रेस में बतौर सब-एडिटर की भूमिका निभा रहा हूं.

Recent Posts

‘दवा पीने के बाद बिगड़ी हालत’… जमुई में 10 महीने की बच्ची की मौत पर भड़के लोग, किया जोरदार हंगामा

Jamui News: जमुई शहर में एक निजी क्लीनिक में इलाज के दौरान 10 महीने की…

24 minutes ago

दुर्गा पूजा से लेकर करवा चौथ तक 10 दिन बंद रहेंगे बैंक, घर से निकलने से पहले देखें पूरी लिस्ट

अक्टूबर 2026 के दूसरे पखवाड़े में विभिन्न त्योहारों और वीकेंड के चलते देश के अलग-अलग…

31 minutes ago

पीएम मोदी का लद्दाख को बड़ा तोहफा! एयरपोर्ट, सड़क और जल संरक्षण पर 3,350 करोड़ खर्च

PM Modi Ladakh Development: पीएम नरेंद्र मोदी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए लद्दाख में करीब 3,350…

33 minutes ago

गेहूं-धान छोड़िए! अब इस फसल से होगी नोटों की बारिश, बिहार सरकार देगी ₹36,000 की भारी छूट

पारंपरिक फसलों से हटकर किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए बिहार सरकार ने बांस ('ग्रीन…

54 minutes ago

नवरात्रि में हिंदू मंदिर पर खूनखराबे की साजिश; 300 गोलियां लेकर पहुंचा युवक, टल गया बड़ा हादसा

Chicago Hindu Temple Attack Plot: अमेरिका के इलिनोइस में एक 19 वर्षीय युवक को हिंदू…

1 hour ago