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अनंत चतुर्दशी पर बना दुर्लभ संयोग! जानें शुभ मुहूर्त और राहुकाल समेत आज के पंचांग की पूरी जानकारी

Aaj Ka Panchang 25 Sep 2026: भाद्रपद शुक्ल पक्ष की पावन अनंत चतुर्दशी तिथि यानी शुक्रवार, 25 सितंबर 2026 का दिन धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टिकोण से बेहद पवित्र और फलदायी रहने वाला है. इस दिन भगवान श्री हरि विष्णु के अनंत स्वरूप और धन की देवी मां लक्ष्मी की पूजा का विशेष विधान है. इस वर्ष अनंत चतुर्दशी पर (Anant Chaturdashi Panchang) कई दुर्लभ और शुभ योगों का महासंयोग बन रहा है, जो कई राशियों के लिए भाग्य के नए द्वार खोलेगा.

भाद्रपद अनंत चतुर्दशी तिथि और नक्षत्र का शुभ समय (Aaj Ka Panchang)

25 सितंबर को रात 11:07 बजे तक भाद्रपद शुक्ल पक्ष की अनंत चतुर्दशी तिथि रहेगी, जिसके तुरंत बाद पूर्णिमा तिथि का आरंभ हो जाएगा. नक्षत्रों की बात करें तो सुबह 11:22 बजे तक शतभिषा नक्षत्र रहेगा, जिसके बाद पूर्वाभाद्रपद नक्षत्र की शुरुआत होगी. इसके अलावा, चंद्रमा पूरे दिन कुंभ राशि में संचरण करेंगे, जहां चंद्रमा और राहु का ग्रहण दोष भी प्रभाव में रहेगा.

बन रहे ये दुर्लभ महासंयोग(Today Panchang in Hindi)

अनंत चतुर्दशी के इस पावन पर्व पर ग्रहों की विशेष स्थिति से कई शुभ योगों का निर्माण हो रहा है. दिन भर बुधादित्य योग, पारिजात योग, शूल योग, वाशि योग, आनन्दादि योग और सुनफा योग प्रभावी रहेंगे. इसके अलावा मेष, कर्क, तुला और मकर राशि के लिए ‘मालव्य योग’ तथा मिथुन, कन्या, धनु और मीन राशि के जातकों के लिए ‘भद्र योग’ का विशेष संयोग बन रहा है.

शुभ काम के लिए चौघड़िया मुहूर्त(Anant Chaturdashi Panchang)

शुक्रवार को किसी भी शुभ कार्य, पूजा-पाठ या नए काम की शुरुआत के लिए चौघड़िया मुहूर्त का ध्यान रखना बेहद जरूरी है:

लाभ-अमृत का चौघड़िया (सुबह): 08:15 बजे से सुबह 10:15 बजे तक.

शुभ का चौघड़िया (दोपहर): 01:15 बजे से दोपहर 02:15 बजे तक.

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राहुकाल समय और दिशाशूल का नियम

अशुभ समय यानी राहुकाल सुबह 10:30 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक रहेगा. इस दौरान कोई भी नया या मांगलिक कार्य शुरू करने से बचें. वहीं, ज्योतिष के अनुसार शुक्रवार को यात्रा के लिए पश्चिम दिशा की तरफ जाना बेहद शुभ और फलदायी रहेगा.

अनंत चतुर्दशी पर करें ये अचूक

इस पावन दिन भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की असीम कृपा प्राप्त करने के लिए प्रातःकाल स्नान के बाद भगवान श्री हरि विष्णु को पीले फूल और तुलसी दल अर्पित करें. दिन भर “ॐ नमो भगवते वासुदेवाय” मंत्र का जप करें. शाम के समय घर के मुख्य द्वार पर घी का दीपक जलाएं और जरूरतमंदों में चने की दाल या पीली वस्तुओं का दान करें.

आपने आज का पंचांग (Aaj Ka Panchang 25 Sep 2026) पढ़ लिया है. धर्म, ज्योतिष और अध्यात्म से जुड़ी अन्य सभी प्रामाणिक खबरों के लिए यहाँ क्लिक करें.

 

Rohit Agrawal

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