इंदौर में अजूबा
Indore Miracle: इंदौर के क्लॉथ मार्केट हॉस्पिटल में एक महिला ने मंगलवार को एक साथ चार बच्चों को जन्म दिया. नवजातों में तीन लड़की और एक लड़का शामिल हैं. जन्म के तुरंत बाद बच्चों की नाजुक स्थिति को देखते हुए, डॉक्टर ने उन्हें बेहतर उपचार और निगरानी के लिए अन्य अस्पताल में रेफर कर दिया है.
डॉक्टर रितेश पालिया ने बताया कि प्रसव सामान्य से अधिक जटिल था, लेकिन चिकित्सा टीम ने सफलतापूर्वक डिलीवरी करवाकर मां और बच्चों को सुरक्षित किया. उन्होंने कहा कि चारों बच्चों का वजन अपेक्षाकृत कम है, इसलिए उन्हें विशेष देखभाल की आवश्यकता है. डॉक्टरों की एक टीम बच्चों की स्थिति पर लगातार नज़र बनाए हुए है. प्रसूता मां की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है.
घटना पूरे अस्पताल परिसर में चर्चा का विषय बनी हुई है, वहीं परिवार में भी खुशी का माहौल है. महिला का नाम शबनम मंसूरी है और वे धार रोड की रहने वाली हैं. डॉक्टर्स के अनुसार महिला का आइवीएफ पद्धति से इलाज किया जा रहा था. जिसमें एक नवजात का वजन 700 ग्राम है. अन्य तीन नवजात का वजन 1 किलो ग्राम से लेकर 1 किलो 200 ग्राम तक है.
ये भी पढ़ें: ‘हम ही कर रहे हैं जिहाद’, मौलाना मदनी ने कहा- यह इस्लाम में पवित्र, समझाई परिभाषा
इंदौर (Indore Me Azooba) में इस तरह का यह पहला मामला नहीं है. साल 2024 में कन्नौद (देवास) की 24 साल की मर्जिया ने इंदौर के निजी अस्पताल में एक साथ चार बच्चियों को जन्म दिया था. सभी प्री-मेच्योर थे. इस कारण इन्हें भी एनआईसीयू में रखा गया था. इसके पूर्व 2023 में इंदौर में ही एक महिला ने प्राइवेट हॉस्पिटल में तीन बच्चों को जन्म दिया था.
डॉक्टरों के अनुसार, ऐसे कई शिशुओं की एक साथ डिलीवरी में जोखिम अधिक होता है. अधिकांश बार बच्चों का वजन सामान्य से कम होता है, उन्हें नवजात गहन देखभाल की आवश्यकता होती है. लेकिन सफल प्रसव और चिकित्सकीय देखभाल ये दिखाती है कि आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं, अनुभवी टीम और समय पर हस्तक्षेप नन्हे जीवन को बचाने में अहम भूमिका निभाते हैं.
Medical Drones Northeast: भारत के पूर्वोत्तर राज्यों में युवा ड्रोन पायलट स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी…
न्यू इंडिया फाउंडेशन ने कमलादेवी चट्टोपाध्याय एनआईएफ बुक प्राइज़ 2026 के लिए पांच किताबों की…
भारत के छोटे शहरों के किशोर अब सिर्फ तकनीक सीखने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि…
युवा उद्यमी नॉन-रीसाइक्लेबल प्लास्टिक को माइक्रो-फैक्ट्री मॉडल के जरिए मजबूत निर्माण सामग्री यानी ग्रीन ब्रिक्स…
Neeraj Kumar MLC Victory: बिहार ग्रेजुएट MLC चुनाव में मोकामा के बाहुबली विधायक अनंत सिंह…
सियाचिन की बर्फीली पहाड़ियों से लेकर थार के रेगिस्तान तक, भारत के सीमावर्ती गांवों की…