उत्तर प्रदेश की इलाहाबाद हाईकोर्ट ने प्रयागराज जिले के सैदाबाद में जीटी रोड पर सरकारी जमीन पर बने एक शाही मस्जिद को हटाए जाने के प्रस्ताव के खिलाफ दायर की गई याचिका को खारिज कर दिया है। अदालत ने कहा कि याचिका के दायरे में इस मुद्दे पर विचार नहीं किया जा सकता।
हाईकोर्ट ने दायर की गई याचिका को खारिज करने के साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि सरकारी जमीन पर अतिक्रमण कर मस्जिद का निर्माण किया गया था।
इसके अलावा, भूमि पर मालिकाना हक के मुद्दे का फैसला दीवानी अदालत द्वारा किया जा सकता है।
शाही मस्जिद की इंतेजामिया समिति ने राजस्व विभाग की एक रिपोर्ट के आधार पर याचिका दायर की थी, जिसमें कहा गया था कि शाही मस्जिद आजादी के पहले से स्थित है। लेकिन न्यायमूर्ति सुनीता अग्रवाल और न्यायमूर्ति ओम प्रकाश शुक्ला की पीठ ने याचिका खारिज कर दी।
पीठ ने कहा, “अधिकारियों की लिखित में दी गई जानकारी के मुताबिक प्रयागराज से हंडिया को जाने वाले राज्य राजमार्ग 106 पर शाही मस्जिद का निर्माण सरकारी भूमि गाटा संख्या 402 पर एक अतिक्रमण है। राजस्व विभाग की रिपोर्ट का हवाला देते हुए समिति की दलीलों पर विचार करने से इनकार करते हुए अदालत ने अपने फैसले में आगे कहा, “उस रिपोर्ट की जांच की जाए कि यह इलाके के लोगों द्वारा दिए गए बयान पर आधारित है या फिर कोई डेटा है, जिसे शाही मस्जिद के अस्तित्व के संबंध में पहले रिपोर्टिग अधिकारी द्वारा तैयार किया गई थी।”
दिल्ली के मोहन गार्डन में एक सरकारी स्कूल के बाहर 12वीं के छात्र की चाकू…
सुप्रीम कोर्ट ने हालिया राजनीतिक विरोध मार्च और एसआईआर मामले पर सुनवाई करते हुए केंद्र…
रिलायंस की जियो प्लेटफॉर्म्स का IPO 21 अक्टूबर 2026 को खुलेगा और 23 अक्टूबर तक…
अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने कहा है कि अमेरिका रूस से ऊर्जा आयात करने वाले…
Gorakhpur Mission Shakti Students Become Police officers: गोरखपुर में मिशन शक्ति के तहत 12वीं की…
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने कहा कि नक्सलवाद ने पिछले पांच दशकों…