झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को ईडी द्वारा जारी समन की अवहेलना के मामले में सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है. ईडी समन से संबंधित मामले में चल रही कार्रवाई पर रोक लगा दिया है. सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस विपुल एम पंचोली की पीठ ने यह आदेश दिया है. साथ ही कोर्ट ने ईडी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है.
सीजेआई सूर्यकांत ने कहा कि हमने देखा कि आपने बड़ी संख्या में शिकायतें दर्ज कराई हैं, अब उन पर ध्यान दें. वही जस्टिस बागची ने कहा कि मुझे लगता है कि अब उद्देश्य पूरा हो गया है. हेमंत सोरेन ने झारखंड हाई कोर्ट के फैसले के खिलाफ अपील दायर की है. हाई कोर्ट ने ईडी केस को रद्द करने से इनकार कर दिया था. यह मामला रांची के चर्चित भूमि घोटाले में ईडी द्वारा जारी समन के अवहेलना के आरोपों से जुड़ा हुआ है.
यह मामला रांची के एमपी-एमएलए कोर्ट में चल रहा है. एमपी-एमएलए कोर्ट ने संज्ञान लिया है. इसे हेमंत सोरेन की ओर से झारखंड हाई कोर्ट में चुनौती दी गई थी. हेमंत सोरेन ने एमपी-एमएलए कोर्ट के संज्ञान को गलत बताते हुए इसे रद्द करने की हाई कोर्ट से मांग किया था. ईडी की ओर से दर्ज शिकायत में कहा गया है कि जमीन घोटाला मामले में हेमंत सोरेन को 10 समन भेजे गए थे, जिनमें से वे केवल दो समन पर ही ईडी के समक्ष उपस्थित हुए. हेमंत सोरेन को 20 जनवरी को जारी आठवां समन और 32 जनवरी को जारी 10 वें समन पर ईडी के. सामने उपस्थित हुए थे. ईडी का कहना है कि यह समन की अवहेलना की श्रेणी में आता है.
बता दें कि इसी मामले में 6 दिसंबर को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन सशरीर उपस्थित हुए थे. उन्होंने 7-7 हजार रुपये के दो निजी मुचलका भरा था. इसी आधार पर उन्हें ट्रायल के दौरान सशरीर पेशी से छूट मिल गई थी. गौरतलब है कि सोरेन के खिलाफ जांच रांची में 8.86 एकड़ जमीन से जुडी है. ईडी का आरोप है कि इसे अवैध रूप से कब्जे में लिया गया था. ईडी ने सोरेन और सोरेन के कथित फ्रंटमैन राज कुमार पाहन और हिलारियास कच्छप तथा पूर्व मुख्यमंत्री के कथित सहयोगी बिनोद सिंह के खिलाफ 30 मार्च को यहां विशेष पीएमएलए अदालत में आरोप पत्र दायर किया था.
सोरेन ने रांची की एक विशेष अदालत के समक्ष जमानत याचिका दायर की थी, जिसमें उन्होंने यह आरोप लगाया कि उनकी गिरफ्तारी राजनीति से प्रेरित और उन्हें भाजपा में शामिल होने के लिए मजबूर करने की एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा थी.
ये भी पढ़ें- NCERT की 8वीं की किताब पर विवाद, न्यायपालिका में भ्रष्टाचार के पाठ पर सुप्रीम कोर्ट सख्त
Also Follow Bharat Express on Youtube
-भारत एक्सप्रेस
IND vs NZ: न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में शानदार शुरुआत करने वाली टीम इंडिया…
Jio ipo gmp: रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स का 30,213 करोड़ का मेगा…
MLC Elections: यूपी, बिहार, महाराष्ट्र और कर्नाटक में विधान परिषद की 28 सीटों पर मतदान…
Gajkesari Rajyog 2026: वैदिक ज्योतिष के अनुसार, नवंबर 2026 की शुरुआत में सिंह राशि में…
रांची के कांके में दिल्ली पुलिस और स्थानीय पुलिस की संयुक्त छापेमारी में दो थार…
India China LAC Tension: अरुणाचल प्रदेश के कई इलाकों में जुलाई से भारत और चीनी…