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क्या है ‘लैंड पोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम’? जानें अमित शाह का सरहदों पर एक्शन प्लान

भारत की सरहदों पर व्यापार और सुरक्षा की पूरी तस्वीर आज से हमेशा के लिए बदलने वाली है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सीमा प्रबंधन (Border Management) की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए आज ‘लैंड पोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम’ (LPMS) को लॉन्च करने जा रहे हैं. इसे भारत के सीमा व्यापार में एक ‘डिजिटल क्रांति’ की शुरुआत माना जा रहा है. अब तक जो हाई-टेक सुविधाएं सिर्फ हवाई अड्डों (Airports) और समुद्री बंदरगाहों (Seaports) पर मिला करती थीं, वो अब देश के सभी जमीनी बंदरगाहों (Land Ports) पर भी मिलने लगेंगी.

क्या है ‘लैंड पोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम’ (LPMS) का मास्टरप्लान?

यह कोई साधारण पोर्टल नहीं, बल्कि एक अत्याधुनिक डिजिटल प्लेटफॉर्म है जिसे देश के सभी भूमि बंदरगाहों के परिचालन को एक ही छत (एकीकृत प्रणाली) के नीचे लाने के लिए विकसित किया गया है. इसके लॉन्च होने के बाद लॉजिस्टिक्स और नियामकीय सूचनाओं का रियल-टाइम (तुरंत) आदान-प्रदान होगा, जिससे कागजी कार्यवाही का झंझट पूरी तरह खत्म हो जाएगा. अब जमीनी रास्तों से होने वाले अंतरराष्ट्रीय व्यापार में ट्रकों की आवाजाही और चेकिंग पूरी तरह से स्मार्ट और पारदर्शी हो जाएगी.

सिंगल-विंडो क्लीयरेंस और सुरक्षा पर पैनी नजर

इस नए ‘डिजिटल अवतार’ के जरिए व्यापारिक गतिविधियों और विभिन्न जांच एजेंसियों के बीच गजब का समन्वय स्थापित होगा. LPMS की सबसे बड़ी खासियत इसकी सिंगल-विंडो क्लीयरेंस और स्लॉट बुकिंग सुविधा होने वाली है. इसके शुरू होते ही व्यापारी पहले से अपना स्लॉट बुक कर सकेंगे, जिससे बॉर्डर पर ट्रकों की लंबी लाइनें नहीं लगेंगी. इससे न सिर्फ कीमती समय की भारी बचत होगी और मानवीय त्रुटियां (Errors) कम होंगी, बल्कि सीमा पर निगरानी व्यवस्था और भी ज्यादा ‘खूंखार’ और अभेद्य हो जाएगी.

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विकसित भारत 2047 की ओर बड़ा कदम

गृह मंत्रालय के अनुसार, यह पहल तकनीक आधारित सीमा प्रबंधन की दिशा में एक मास्टरस्ट्रोक साबित होगी. यह प्रणाली सिर्फ व्यापार को सुगम बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सीधे तौर पर हमारी ‘राष्ट्रीय सुरक्षा’ को फौलादी बनाने का काम करेगी. अमित शाह का यह कदम ‘विकसित भारत 2047’ (Viksit Bharat 2047) के उस लक्ष्य को हासिल करने की सरकार की रणनीतिक सोच को दर्शाता है, जिसमें भारत का हर कोना तकनीक के मामले में दुनिया के विकसित देशों को टक्कर दे रहा होगा.

Shyamdatt Chaturvedi

श्यामदत्त चतुर्वेदी एक अनुभवी मीडिया पेशेवर हैं. वर्तमान में नोएडा 'भारत एक्सप्रेस' में पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में सात वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले श्यामदत्त ने हिंदी डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए कंटेंट राइटिंग, रिपोर्टिंग, एडिटिंग और डेटा एनालिसिस में गहरी विशेषज्ञता हासिल की है. इससे पहले उन्होंने जी न्यूज, ईटीवी भारत, टीएफआई मीडिया, वे2न्यूज और सैफायर मीडिया लिमिटेड (इंडिया डेली लाइव) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं. उन्होंने स्थानीय पंचायत से लेकर विधानसभा, लोकसभा तक की व्यापक कवरेज की. उन्होंने इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय (IGNTU), अमरकंटक से पत्रकारिता और जनसंचार में स्नातक (BJMC) करने के बाद, प्रतिष्ठित माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मास्टर डिग्री (M.A.) हासिल की है.

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