देश की सबसे ताकतवर और चर्चित जांच एजेंसियों में से एक, प्रवर्तन निदेशालय (ED) आज यानी 1 मई को अपना 70वां स्थापना दिवस मना रही है. दिल्ली में आयोजित इस खास कार्यक्रम में केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुए. लेकिन इस उत्सव के बीच, ईडी डायरेक्टर राहुल नवीन ने एक ऐसा कानूनी सवाल उछाल दिया है, जिसने देश के गलियारों में एक नई संवैधानिक बहस छेड़ दी है.
डायरेक्टर राहुल नवीन ने सीधे तौर पर यह मुद्दा उठाया कि क्या मनी लॉन्ड्रिंग (PMLA) का ट्रायल पूरी तरह से ‘प्रेडिकेट ऑफेंस’ यानी मूल अपराध के नतीजे पर निर्भर होना चाहिए? यानी अगर किसी व्यक्ति पर चोरी का आरोप है और उसी पैसे को ठिकाने लगाने का केस ईडी देख रही है, तो क्या चोरी का आरोप साबित न होने पर ईडी का केस भी अपने आप खत्म हो जाना चाहिए?
यह सवाल ऐसे समय में आया है जब दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को सीबीआई के शराब नीति मामले में राहत मिलने के बाद यह बहस तेज हो गई है कि क्या अब ईडी का केस भी कमजोर पड़ जाएगा.
आमतौर पर माना जाता है कि अगर आधार (प्रेडिकेट ऑफेंस) गिर गया, तो उस पर खड़ी इमारत (PMLA केस) भी गिर जाएगी. लेकिन ईडी का रुख इससे बिल्कुल अलग है. एजेंसी का तर्क है कि मनी लॉन्ड्रिंग अपने आप में एक स्वतंत्र अपराध है और इसका ट्रायल मूल केस से अलग भी चल सकता है. राहुल नवीन ने संकेत दिया कि अंतरराष्ट्रीय मानकों (जैसे FATF गाइडलाइंस) के हिसाब से इसे स्वतंत्र रूप से चलाया जाना चाहिए.
अपनी उपलब्धियां गिनाते हुए ईडी ने दावा किया कि उनका कन्विक्शन रेट यानी सजा दिलाने की दर 94% तक पहुंच गई है. एजेंसी ने साफ किया कि उनका मकसद सिर्फ जेल भेजना नहीं, बल्कि अपराध से कमाई गई संपत्ति को जब्त करना है ताकि अपराधी उसका लुत्फ न उठा सकें.
एजेंसी ने ‘नॉन-कन्विक्शन बेस्ड कन्फिस्केशन’ के जरिए अब तक लगभग ₹63,142 करोड़ रुपये असली मालिकों और पीड़ितों को वापस लौटाए हैं.
भगोड़े आर्थिक अपराधियों (FEOA) के खिलाफ भी ईडी ने अपनी रिपोर्ट पेश की है, जिसके अनुसार अब तक 54 लोगों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की गई है.
वहीं, 21 लोगों को आधिकारिक तौर पर ‘भगोड़ा’ घोषित किया जा चुका है और करीब ₹2,178 करोड़ की संपत्ति जब्त की गई है.
ये भी पढ़ें: छिंदवाड़ा की शादी में हुआ ऐसा ड्रामा दुल्हन ने लिया चौंकाने वाला फैसला, जिसके बाद बारात लौटी खाली हाथ
-भारत एक्सप्रेस
अडाणी ग्रीन एनर्जी ने FY27 की पहली छमाही में शानदार प्रदर्शन दर्ज किया है. कंपनी…
Shiva Sharma Death Case: लखनऊ के कारोबारी शिवा शर्मा हत्याकांड में यूपी एसटीएफ ने श्रद्धा…
Delhi High Court: ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन की अध्यक्ष नेहा बोरा की ओर से दायर…
Supreme Court news: आंध्र प्रदेश निकाय चुनाव में नामांकन विवाद पर सुप्रीम कोर्ट ने राज्य…
Calcutta High Court : पश्चिम बंगाल के चोरबागान भगदड़ मामले में कलकत्ता हाईकोर्ट ने जांच…
दिल्ली हाईकोर्ट ने सीजेपी नेताओं सौरभ दास और आशुतोष रांका की याचिका पर सुनवाई के…