देश

Sanjeev Jeeva Murder Case: शूटर विजय यादव को किसने किया था असलहा सप्लाई? पता लगाने बिहार पहुंची पुलिस की टीम

Gangster Sanjeev Jeeva Murder Case: माफिया संजीव माहेश्वरी जीवा की हत्या के मामले में बड़ी खबर सामने आ रही है. अब शूटर विजय यादव की असलहा सप्लाई की पूरी सच्चाई जानने के लिए लखनऊ पुलिस की एक टीम बिहार पहुंची है. जानकारी सामने आ रही है कि पुलिस की टीम उस असलहे तस्कर को ढूंढ रही है जो मुंगेर के असलहों की सप्लाई विजय के जरिए मुंबई लखनऊ और मध्य प्रदेश तक करवाता था. बता दें कि विजय ने अपने बयान में असलहों की सप्लाई से सम्बंधित जानकारी पुलिस के सामने कबूली थी.

साथ ही ये भी जानकारी सामने आ रही है कि लखनऊ कोर्ट परिसर में संजीव जीवा की हत्या मामले में काठमांडू के होटल तक लखनऊ की एक दूसरी पुलिस टीम पहुंच गई है. शूटर ने बयान में काठमांडू के होटल का नाम लिया था. हत्यारोपी विजय के 16-17 मई को होटल में रुकने की जानकारी सामने आई थी. पुलिस उसके नेपाल कनेक्शन को लेकर भी जांच कर रही है. बता दें कि लगातार विजय के खिलाफ जांच कर रही पुलिस के रडार पर शूटर विजय यादव को असलहा और शरण देने वाला बिल्डर भी है. सूत्रों की मानें तो वह गोमतीनगर विस्तार में कंस्ट्रक्शन कंपनी चलाता है. उसके खिलाफ कई मुकदमे दर्ज हैं. सूत्रों की मानें तो लॉरेंस विश्नोई ग्रुप से असलहा तस्करी में भी बिल्डर का नाम आया था, जिसके बाद खुफिया एजेंसियों ने उसके यहां छापेमारी की थी. इसके बाद सामने आया था कि लखनऊ और आस-पड़ोस के जिलों में असलहों की तस्करी का एक बड़ा नेटवर्क है.

पुलिस को जानकारी मिली है कि बिल्डर और विजय यादव की मुलाकात मिठाई की दुकान पर हुई थी. वहीं विजय यादव के पिता श्यामा यादव की आजमगढ़ देवगांव में मिठाई की दुकान है. 2016 में मिठाई की दुकान का काम विजय यादव भी देखता था. जानकारी सामने आ रही है कि, बिल्डर को एक कैटरिंग का काम मिला था, जिसमें विजय यादव को काम करने के लिए भी बुलाया था. विजय और बिल्डर की वहीं मुलाकात हुई थी.

ये भी पढ़ें- Lucknow: संजीव जीवा हत्याकांड में CCTV ने खोले कई राज, कैसरबाग बस अड्डे पर किसी से बात करता दिखा आरोपी विजय, पुलिस ने शुरू की मददगारों की तलाश

बिल्डर ने रेकी के मामले में की थी विजय यादव की मदद

जीवा हत्याकांड की तह तक जाने मे जुटी पुलिस को ये भी जानकारी मिली है कि कोर्ट में जीवा की पेशी पर रेकी कराने में भी बिल्डर ने विजय यादव की मदद की थी. जानकारी सामने आ रही है कि विजय बिल्डर की ही कंस्ट्रक्शन कंपनी में नौकरी भी करता था और उसी के यहां रहता था. फिलहाल जांच में लगी पुलिस टीम अब बिल्डर की कंपनी के बारे में जानकारी जुटा रही है. साइबर फोरेंसिक लैब शूटर विजय के मोबाइल को खंगाल रही है. वहीं मोबाइल के वॉट्सऐप मैसेज की पड़ताल में टीमें लगी हैं, हालांकि अभी फोरेंसिक टीम भी मोबाइल से कोई डाटा रिकवर नहीं कर पाई है.

-भारत एक्सप्रेस

Archana Sharma

Recent Posts

CAG रिपोर्ट के बाद एक्शन में रेल मंत्रालय! स्टेशनों पर लगेंगे 20 हजार नए फिल्ट्रेशन सिस्टम, मिलेगा शुद्ध पानी

Clean Drinking Water At Railway Stations: यात्रियों को स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने के…

3 hours ago

पुरानी दिल्ली को मिलेगा नया पहचान-चिह्न: चांदनी चौक का टाउन हॉल बनेगा टूरिज्म और कल्चरल हब

दिल्ली सरकार और नगर निगम (MCD) ने चांदनी चौक स्थित 160 साल पुराने ऐतिहासिक टाउन…

3 hours ago

दाढ़ी-टोपी में सफर मुश्किल, निशाने पर मुसलमान! हामिद अंसारी के बयान को मुस्लिम संगठनों ने किया सपोर्ट

Hamid Ansari Statement: पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी की सांप्रदायिकता और धार्मिक स्वतंत्रता पर की गई…

3 hours ago

Afghanistan Drug Crackdown: 12 प्रांतों में 60 संदिग्ध गिरफ्तार, 29 किलो ड्रग्स जब्त; गुप्त लैब भी ध्वस्त

Afghanistan Drug Crackdown: अफगानिस्तान में एंटी-नारकोटिक्स पुलिस ने 12 प्रांतों में कार्रवाई कर ड्रग्स कारोबार…

3 hours ago

‘BJP को रोकना है तो हमसे बात करो…’ UP चुनाव से पहले असदुद्दीन ओवैसी ने गठबंधन का दिया खुला ऑफर

2027 के यूपी विधानसभा चुनाव से पहले AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि अगर…

4 hours ago