देश

‘..तब बचे हिंदू और सिख’, नवी मुंबई में अमित शाह ने क्यों उठाया धर्मांतरण का मुद्दा?

Amit Sah In Guru Tegh Bahadur 350th Shaheedi Samagam: नवी मुंबई के पावन स्थल पर रविवार को ‘हिंद दी चादर’ गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहादत दिवस के उपलक्ष्य में एक ऐतिहासिक समागम का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल माध्यम से संबोधित किया, जबकि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस कार्यक्रम में प्रत्यक्ष रूप से सम्मिलित हुए.

मुगल अत्याचारों के खिलाफ गुरुओं ने बचाई संस्कृति

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अपने संबोधन में गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान को राष्ट्र के अस्तित्व से जोड़ते हुए कहा कि यदि 350 वर्ष पूर्व गुरु तेग बहादुर जी ने धर्म की रक्षा के लिए सर्वोच्च बलिदान न दिया होता, तो आज दुनिया में हिंदू और सिख धर्म सुरक्षित नहीं रह पाते.

अमित शाह ने हाल के दिनों में पंजाब में सामने आ रही धर्म परिवर्तन की घटनाओं पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यह गुरुओं की शिक्षाओं का अपमान है और इसे हर हाल में रोका जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि औरंगजेब के अत्याचारों के खिलाफ गुरुओं ने ही समाज को एकजुट कर हमारी संस्कृति की रक्षा की थी.

समाज की आस्था का सम्मान सरकार की जिम्मेदारी

पीएम मोदी ने अपने वीडियो संदेश में गुरुजी की मानवता और धार्मिक स्वतंत्रता के प्रति निष्ठा को नमन किया. उन्होंने सरकार द्वारा उठाए गए ऐतिहासिक कदमों को रेखांकित किया. प्रधानमंत्री ने कहा कि ब्लैकलिस्ट से हजारों सिखों के नाम हटाकर सरकार ने सिख समाज के सम्मान की रक्षा की है.

  • 1984 के दंगों के मामलों को फिर से खोलना, SIT का गठन और पीड़ितों को अतिरिक्त मुआवजा देना.
  • करतारपुर कॉरिडोर का निर्माण, ‘वीर बाल दिवस’ की शुरुआत और अफगान सिखों को भारतीय नागरिकता देने का मार्ग प्रशस्त करना.

हर घर तक पहुंचेगा गुरुजी का संदेश

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने गुरु तेग बहादुर जी को सनातन धर्म का रक्षक बताया. उन्होंने कहा कि औरंगजेब द्वारा दी गई अमानवीय प्रताड़ना के बावजूद गुरुजी ने धर्म नहीं त्यागा. फडणवीस ने घोषणा की कि गुरुजी के बलिदान की जानकारी केवल सिख समुदाय तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि इसे महाराष्ट्र के हर घर और समाज के हर वर्ग तक पहुंचाया जाएगा.

ये भी पढ़ें: भारत पर इजरायल-ईरान जंग का असर: आधीरात पीएम मोदी ने बुलाई CCS की बैठक, 3 घंटे के मंथन में क्या हुआ?

सामाजिक एकता का प्रेरणास्रोत

इस भव्य आयोजन के माध्यम से केंद्र और राज्य सरकार ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि गुरु तेग बहादुर जी का बलिदान राष्ट्र की एकता और सांस्कृतिक अखंडता का आधार है. उनकी शिक्षाएं आज के समय में सामाजिक समरसता बनाए रखने के लिए सबसे अधिक प्रासंगिक हैं.

Shyamdatt Chaturvedi

श्यामदत्त चतुर्वेदी एक अनुभवी मीडिया पेशेवर हैं. वर्तमान में नोएडा 'भारत एक्सप्रेस' में पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में सात वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले श्यामदत्त ने हिंदी डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए कंटेंट राइटिंग, रिपोर्टिंग, एडिटिंग और डेटा एनालिसिस में गहरी विशेषज्ञता हासिल की है. इससे पहले उन्होंने जी न्यूज, ईटीवी भारत, टीएफआई मीडिया, वे2न्यूज और सैफायर मीडिया लिमिटेड (इंडिया डेली लाइव) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं. उन्होंने स्थानीय पंचायत से लेकर विधानसभा, लोकसभा तक की व्यापक कवरेज की. उन्होंने इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय (IGNTU), अमरकंटक से पत्रकारिता और जनसंचार में स्नातक (BJMC) करने के बाद, प्रतिष्ठित माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मास्टर डिग्री (M.A.) हासिल की है.

Recent Posts

कौन है ओलंपियन परगट सिंह, जिनके हाथों में है अब पंजाब कांग्रेस की कमान?

पूर्व ओलंपियन और जालंधर कैंट से विधायक परगट सिंह को पंजाब कांग्रेस का नया प्रदेश…

6 hours ago

गांधी जयंती पर सीएम फडणवीस ने किया ‘एक्सपीरियंस सेंटर’ का उद्घाटन, देखिए कैसा होगा नया धारावी

गांधी जयंती पर सीएम देवेंद्र फडणवीस ने 'धारावी एक्सपीरियंस सेंटर' का उद्घाटन किया. 22,500 वर्ग…

7 hours ago

भोपाल में 3 अक्टूबर से लगेगी देश की अनोखी पुलिस प्रदर्शनी, गृह मंत्री अमित शाह होंगे मुख्य अतिथि

भोपाल के बीएचईएल मैदान में 3 से 7 अक्टूबर तक नवीन न्याय संहिताओं पर प्रदर्शनी…

7 hours ago

प्रेमानंद महाराज के आश्रम के बाहर धरने पर बैठा परिवार, 3 महीने से लापता है 16 साल का इकलौता बेटा

Premanand Maharaj Ashram: वृंदावन के संत प्रेमानंद महाराज के श्री राधा केली कुंज आश्रम से…

8 hours ago