देश

ट्रेनिंग के दौरान शहादत: यमुना में डूबी सेना की नाव, 2 दिन बाद मिले दोनों जवानों के शव

Indian Army Training Accident: हरियाणा के यमुनानगर जिले में हथनीकुंड बैराज पर भारतीय सेना की 1 पैरा स्पेशल फोर्सेज का अभ्यास अचानक त्रासदी में बदल गया. चिनूक हेलीकॉप्टर से यमुना नदी में खड़ी सैन्य नाव पर कूदकर जवान हवाई से जल और बाढ़ राहत बचाव का अभ्यास कर रहे थे. तभी तकनीकी खराबी के चलते नाव पलट गई और तेज बहाव में दो सैनिक शहीद हो गए.

लापता जवानों की तलाश

मंगलवार शाम हादसे के बाद दोनों जवान लापता हो गए थे. तुरंत खोज अभियान शुरू किया गया जिसमें सेना के गोताखोर, SDRF की टीम, जिला प्रशासन और निजी गोताखोर शामिल हुए. बुधवार को एक जवान का शव बैराज से करीब 10–15 किलोमीटर दूर उत्तर प्रदेश की सीमा में मिला, जबकि गुरुवार को दूसरे जवान का शव जींद जिले की हांसी नहर में बरामद हुआ.

सेना ने क्या कहा?

सेना ने बताया कि नाव पानी के तेज बहाव में फंस गई थी और बैराज के नीचे की ओर बहने लगी. टीम ने नाव को बचाने की कोशिश की लेकिन वह जल निकासी द्वार के पास बने भंवर में फंसकर पलट गई. इसी दौरान दो जवान धारा में बह गए. इसके बाद सेना, वायुसेना, पुलिस और प्रशासन ने संयुक्त रूप से खोज अभियान चलाया.

शहीद अजय कुमार को अंतिम विदाई

शहीद नायक अजय कुमार जम्मू-कश्मीर के अखनूर के रहने वाले थे. उनके पार्थिव शरीर को पूरे सैन्य सम्मान के साथ राखी मुट्ठी में अंतिम विदाई दी गई. स्थानीय लोगों ने बहादुर बेटे को श्रद्धांजलि दी और उनके सर्वोच्च बलिदान को नमन किया.

नेताओं की संवेदनाएं

बीजेपी विधायक मोहन लाल भगत ने शोक संतप्त परिवार को सांत्वना दी और दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की. सेना और स्थानीय प्रशासन ने भी अजय कुमार की वीरता और समर्पण को याद करते हुए कहा कि उनका बलिदान हमेशा देश के इतिहास में दर्ज रहेगा.

ये भी पढ़ें-नेपाल बाढ़ में अपनों की तलाश हुई आसान, भारत में होगा DNA टेस्ट; परिजनों से लिए जाएंगे सैंपल

हथनीकुंड बैराज हादसे ने एक बार फिर दिखा दिया कि प्रशिक्षण के दौरान भी सैनिक किस तरह जोखिम उठाते हैं. देश ने दो जांबाज पैरा कमांडो खो दिए लेकिन उनकी बहादुरी और सेवा को हमेशा याद रखा जाएगा.

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस

Pankaj kumar Pandey

मैं पंकज कुमार पाण्डेय हूं और मूल रूप से बिहार के पश्चिम चंपारण से आता हूं, जो सत्याग्रह की धरती है. मेरी शुरुआती पढ़ाई-लिखाई चंपारण में ही हुई है. इसके बाद मैंने महात्मा गांधी सेंट्रल यूनिवर्सिटी मोतिहारी से मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स किया. पढ़ाई पूरी करने के बाद पत्रकारिता में करियर की शुरुआत की. अब तक विभिन्न मीडिया संस्थानों में काम करते हुए खबरों की दुनिया को करीब से समझा हूं. इस दौरान रिपोर्टिंग, कंटेंट लेखन, रिसर्च और समाचार प्रस्तुति से जुड़े अहम पहलू सीखने को मिले. वर्तमान में मैं भारत एक्सप्रेस में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हूं, जहां मेरी विशेष रुचि राजनीति, विदेश और सामाजिक जागरूकता से जुड़ी खबरों में है. क्योंकि मेरा मानना है कि पत्रकारिता महज एक नौकरी नहीं बल्कि देश और समाज के प्रति जिम्मेदारी है.

Recent Posts

हापुड़ में धीरेंद्र शास्त्री के खिलाफ पोस्टर वॉर! जानें ‘यूपी में प्रवेश वर्जित’ लिखकर किसने दी खुली चुनौती?

Dhirendra Shastri Hapur Controversy: धीरेंद्र शास्त्री के कथित बयान को लेकर हापुड़ में विरोध तेज…

16 minutes ago

‘लोकतंत्र तभी मजबूत जब जनादेश का सम्मान हो’, गाजियाबाद में CM योगी ने INDIA गठबंधन पर निशाना

गाजियाबाद में आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस और…

54 minutes ago

‘IAS अफसरों जैसा DA और विज्ञापनों पर रोक’: हाई कोर्ट के कड़े तेवरों के बीच सुप्रीम कोर्ट पहुंचे मुख्य सचिव

Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट ने पंजाब के मुख्य सचिव को राहत देते हुए हाई कोर्ट…

1 hour ago

‘जेल में ही मर जाऊंगा…’ आजम खान की गुहार पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, हाईकोर्ट को दिया बड़ा निर्देश

Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट ने आजम खान की याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट से 16 नवंबर…

1 hour ago