केरल की सियासत में ऐतिहासिक उलटफेर के बाद अब दिल्ली के गलियारों में एक नई और बेहद दिलचस्प कूटनीतिक स्क्रिप्ट(Kerala CM Meeting with Amit Shah) लिखी जा रही है. दरअसल 18 मई को केरल के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद कांग्रेस नेता वीडी सतीशन इन दिनों अपने पहले दिल्ली दौरे पर हैं. बुधवार को मुख्यमंत्री सतीशन ने देश के सबसे ताकतवर नेताओं में से एक, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से नई दिल्ली में मुलाकात की.
बता दें कि मुख्यमंत्री बनने के बाद अमित शाह के साथ उनकी यह पहली औपचारिक बैठक थी, जिसने देश के राजनीतिक पंडितों को हैरान कर दिया है. इसे केरल और केंद्र सरकार के बीच कड़वाहट को भुलाकर एक बेहतर तालमेल और नए दौर की शुरुआत के तौर पर देखा जा रहा है.
मुख्यमंत्री वीडी सतीशन का यह दिल्ली दौरा राजनीतिक रूप से बेहद आक्रामक और रणनीतिक माना जा रहा है. अमित शाह से मिलने के ठीक एक दिन पहले सतीशन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से भी बैक-टू-बैक मैराथन मुलाकातें की थीं.
दिल्ली आते ही मुख्यमंत्री ने राज्य की तरक्की के लिए केंद्र सरकार के शीर्ष नेतृत्व को साधने में अपनी पूरी ताकत झोंक दी है. हालांकि, राष्ट्रीय स्तर पर कांग्रेस और भाजपा कट्टर राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी हैं, लेकिन सतीशन की इस सक्रियता ने साफ कर दिया है कि वे अपनी राजनीति को राज्य के विकास के आड़े नहीं आने देना चाहते.
सूत्रों से मिली पक्की जानकारी के मुताबिक, गृह मंत्री अमित शाह के साथ हुई इस हाई-प्रोफाइल बैठक में केरल की खस्ताहाल आर्थिक स्थिति और केंद्र से मिलने वाली लंबित वित्तीय सहायता (फंडिंग) पर बेहद गंभीर चर्चा हुई. चूंकि अमित शाह देश के गृह मंत्री होने के साथ-साथ सहकारिता मंत्रालय का जिम्मा भी संभाल रहे हैं, इसलिए केरल के मजबूत सहकारी क्षेत्र (Cooperative Sector) से जुड़े विवादों और नियमों को लेकर दोनों नेताओं के बीच विशेष बातचीत हुई. इसके अलावा, राज्य की आंतरिक सुरक्षा और देश विरोधी ताकतों पर नकेल कसने के लिए केंद्र और राज्य के बीच रियल-टाइम कोऑर्डिनेशन बनाने पर भी सहमति बनी है.
दिल्ली में लगातार हो रही बैठकों के बाद मुख्यमंत्री वीडी सतीशन ने मीडिया से बात करते हुए बड़े सधे हुए अंदाज में कहा कि मुख्यमंत्री बनने के बाद यह उनकी पहली दिल्ली यात्रा है, इसलिए फिलहाल ये मुलाकातें महज़ एक शिष्टाचार भेंट हैं.
हालांकि, उन्होंने मुस्कुराते हुए यह बड़ा संकेत भी दे दिया कि वह बहुत जल्द फिर से दिल्ली का रुख करेंगे और इस बार पूरी तैयारी के साथ केरल के हक और महत्वपूर्ण मुद्दों की फाइलें लेकर केंद्र से आर-पार की विस्तृत चर्चा करेंगे. दिल्ली में अपना मिशन पूरा करने के बाद मुख्यमंत्री गुरुवार को उत्तर केरल के दौरे पर निकलेंगे, जहां वे धार्मिक और सामाजिक नेताओं से मुलाकात कर कोझिकोड में एक नागरिक सम्मान समारोह का हिस्सा बनेंगे.
Also Follow Bharat Express on Youtube
-भारत एक्सप्रेस
Mother Beats Children: फरीदाबाद में मोबाइल स्क्रीन पर स्क्रैच आने से गुस्साई महिला पर 6…
दिल्ली जल बोर्ड ने यंग एक्वा लीडर्स इंटर्नशिप प्रोग्राम 2026 की घोषणा कर दी है.…
Congress CWC Meeting में नीतीश कुमार के INDIA गठबंधन से बाहर जाने को लेकर चर्चा…
UP Politics: बुंदेलखंड में स्वतंत्र देव सिंह के पानी अभियान का मुख्य फोकस घर-घर नल…
Amroha Dowry Case: अमरोहा में दहेज उत्पीड़न की शिकायत करने बहन की ससुराल पहुंचे मायके…
Pallavi Patel Social Justice Politics: पल्लवी पटेल की राजनीति उत्तर प्रदेश में पिछड़े वर्गों के…