Rahul Gandhi Hand Injury: लोकसभा के भीतर इन दिनों महिला आरक्षण और परिसीमन जैसे गंभीर और ऐतिहासिक मुद्दों पर आर-पार की बहस चल रही है. लेकिन इस भारी-भरकम सियासी माहौल के बीच अचानक एक ऐसा वाकया हुआ, जिसने पूरे सदन की उत्सुकता बढ़ा दी. सदन में जब विपक्ष के नेता राहुल गांधी अपना भाषण देने के लिए अपनी सीट से खड़े हुए, तो हर किसी की नज़र उनके दाहिने हाथ पर टिक गई. उनके हाथ पर एक सफेद पट्टी बंधी हुई थी. यह देखकर लोकसभा अध्यक्ष (स्पीकर) ओम बिरला भी खुद को रोक नहीं पाए और उन्होंने भरी सभा में राहुल से पूछ लिया कि आखिर उन्हें यह चोट कैसे लगी?
सदन के भीतर और बाहर हर कोई यह जानने को बेताब था कि आखिर नेता प्रतिपक्ष को यह चोट कहां और कैसे लगी. ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ ने अपनी एक रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से इस रहस्य से पर्दा उठाया है. रिपोर्ट के मुताबिक, राहुल गांधी के हाथ में यह चोट किसी सियासी दौरे या हादसे में नहीं, बल्कि ‘जू-जित्सु’ (Jiu-Jitsu) के कड़े अभ्यास के दौरान लगी है.
गौरतलब है कि राहुल गांधी अपनी फिटनेस को लेकर बेहद सतर्क रहते हैं और वे नियमित रूप से इस जापानी मार्शल आर्ट और कॉम्बैट स्पोर्ट का अभ्यास करते हैं. राहुल के लिए ‘जू-जित्सु’ सिर्फ एक खेल नहीं है, बल्कि यह शारीरिक और मानसिक अनुशासन का वह हिस्सा है जिसका जिक्र वे कई बार अपने भाषणों और सोशल मीडिया पर भी कर चुके हैं.
शुक्रवार का दिन संसद के लिए बेहद हंगामेदार रहा. विधायिका में महिलाओं के आरक्षण और परिसीमन से जुड़ा 131वां संविधान संशोधन विधेयक लोकसभा में पास नहीं हो सका. बिल गिरने के बाद राहुल गांधी ने संसद भवन परिसर में मीडिया से बातचीत करते हुए कांग्रेस और विपक्ष का रुख पूरी तरह साफ कर दिया.
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उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी और पूरा विपक्ष विधायिका में महिलाओं को 33% आरक्षण दिए जाने के पूरी तरह से पक्ष में है. लेकिन, विरोध इस बात का है कि सरकार महिला आरक्षण की आड़ में परिसीमन के जरिए देश का ‘निर्वाचक ढांचा’ (Electoral Structure) अपनी सुविधा के अनुसार बदलना चाहती थी.
हाथ में बंधी पट्टी के साथ आक्रामक अंदाज में नजर आए राहुल गांधी ने सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चुनौती दे डाली. उन्होंने कहा, “मैं प्रधानमंत्री जी से कहना चाहता हूं कि अगर उनकी नीयत साफ है, तो वह 2023 के (बिना परिसीमन वाले) महिला आरक्षण विधेयक को आज लागू करने के लिए सदन में लाएं. विपक्ष उनका पूरा साथ देगा और हम उसे एक सुर में पास कराएंगे.”
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