आस्था

कड़ाके की ठंड में बर्फ जैसे पानी से स्नान! राजस्थान में बाबा प्रमोद गिरी की 41 दिवसीय ‘जलधारा तपस्या’ शुरू

Baba Pramod Giri Jaldhara Tapasya: कड़ाके की ठंड और शीतलहर के बीच जहां आम इंसान रजाई से बाहर निकलने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा, वहीं राजस्थान के बाढ़ रायल कैमला स्थित प्रसिद्ध सिद्ध पीठ पर भक्ति और शक्ति का एक ऐसा नजारा देखने को मिल रहा है जिसे देखकर हर कोई हैरान है.

यहां प्रसिद्ध संत महंत प्रमोद गिरीजी महाराज ने अपनी 41 दिवसीय ‘जलधारा तपस्या’ शुरू कर दी है. बर्फ जैसे ठंडे पानी के बीच बैठकर की जाने वाली यह तपस्या इस बार अपनी 10वीं वर्षगांठ मना रही है.

हड्डियां कंपाने वाली ठंड में अनूठी साधना

यह तपस्या स्थल ‘दीवान का बाग’ और ‘नंगे बाबा की धूनी’ के नाम से जाना जाता है, जहां हर साल की तरह इस बार भी श्री शंभू पंचायती अटल अखाड़ा के महंत गुरुदेव प्रमोद गिरीजी महाराज साधना में लीन हैं. जब रात का तापमान गिरकर जमाव बिंदु के करीब पहुंच जाता है, तब बाबा निरंतर गिरती ठंडी जलधारा के नीचे बैठकर प्रभु भक्ति करते हैं.

यह कठिन साधना 5 फरवरी तक इसी तरह अनवरत जारी रहेगी. स्थानीय लोगों का कहना है कि यह केवल शारीरिक बल नहीं, बल्कि मानसिक दृढ़ता और भक्ति की पराकाष्ठा है.

ये भी पढ़ें- पश्चिम बंगाल बीजेपी ने नई टीम बनाई, समिक भट्टाचार्य बने प्रदेश अध्यक्ष

अग्नि और जल दोनों में सिद्ध हैं बाबा

प्रमोद गिरी बाबा की यह साधना पहली बार चर्चा में नहीं आई है. इससे पहले प्रयागराज महाकुंभ के दौरान भी उन्होंने कई महीनों तक भीषण ठंड में जल तपस्या कर दुनिया को अचंभित कर दिया था.

दिलचस्प बात यह है कि बाबा सिर्फ ठंड में जल तपस्या ही नहीं करते, बल्कि जब मई-जून की तपती गर्मी में पारा 45 डिग्री के पार होता है, तब वे अपने चारों ओर धूनी (अग्नि) जलाकर ‘अग्नि तप’ भी करते हैं. प्रकृति के इन दोनों चरम रूपों को झेलना उनकी योग शक्ति का प्रमाण माना जाता है.

भक्तों का लगा है तांता

जैसे-जैसे बाबा की इस कठिन तपस्या की खबर फैल रही है, नंगे बाबा की धूनी पर श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ती जा रही है. प्रतिदिन हजारों की संख्या में लोग आसपास के गांवों और दूर-दराज के जिलों से बाबा के दर्शन करने पहुंच रहे हैं.

कड़ाके की ठंड के बावजूद भक्तों का उत्साह कम नहीं हो रहा है. लोगों का मानना है कि बाबा की इस कठिन साधना से क्षेत्र में सुख-शांति और खुशहाली आती है.

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस

Radha Priya

Recent Posts

एशियाई खेल: पीएम मोदी ने महिला 4×400 मीटर रिले टीम को दी ऐतिहासिक स्वर्ण पदक की बधाई

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एशियाई खेलों में महिला 4x400m रिले टीम (किरण, पूवम्मा, प्राची और…

2 hours ago

पूर्वांचल के किंगमेकर: ओम प्रकाश राजभर ने उप-जाति की पहचान को कैसे बनाया राजनीतिक पूंजी

पूर्वांचल की राजनीति में ओम प्रकाश राजभर एक ऐसा नाम हैं, जिन्होंने अपनी उप-जाति की…

2 hours ago

न सांसद, न विधायक फिर भी राजनीति के अमर योद्धा, जानिए क्यों आज भी प्रासंगिक हैं पंडित दीनदयाल उपाध्याय?

पंडित दीनदयाल उपाध्याय न सांसद बने न विधायक, लेकिन सिद्धांतों और मूल्यों की राजनीति के…

3 hours ago

दिल्ली-NCR में लागू हुआ नया GRAP, AQI के हिसाब से लगेंगी 4 लेवल की पाबंदियां, खराब हवा में बढ़ेगी पार्किंग फीस

Delhi GRAP New Rules: दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण को लेकर CAQM ने 29 सितंबर 2026…

3 hours ago

चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति में CJI की एंट्री पर नया दांव, सुप्रीम कोर्ट में क्यूरेटिव पिटीशन दाखिल

सुप्रीम कोर्ट में मुख्य चुनाव आयुक्त और चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति प्रक्रिया में मुख्य न्यायाधीश…

3 hours ago

भूमिहीन, मजदूरी और सम्मान: बिहार के गांवों में आज भी क्यों कायम है वामपंथ की पकड़?

बिहार में वामपंथ सिर्फ एक चुनावी ताकत नहीं है, बल्कि यह जमीन, मजदूरी और सम्मान…

3 hours ago