आस्था

Raksha Bandhan का प्यार, भाई-बहन के रिश्ते की मिठास और यादों की सौगात

Raksha Bandhan: रक्षाबंधन सिर्फ एक त्योहार नहीं बल्कि भाई-बहन के उस अनमोल रिश्ते का जश्न है जिसमें तकरार भी होती है, लेकिन प्यार कभी कम नहीं होता है. आज का दिन उन सभी छोटी-छोटी बातों को याद करने का है जब बहन भाई को पीटती थी या फिर भाई बहन की गुड़िया छिपा देता था और फिर भी दोनों एक-दूसरे के बिना अधूरे लगते थे.

राखी सिर्फ एक धागा नहीं

राखी का धागा सिर्फ एक धागा नहीं होता ये एक वादा होता है सुरक्षा का, साथ निभाने का और हर मुश्किल में एक-दूसरे के लिए खड़े रहने का. बहन जब भाई की कलाई पर राखी बांधती है तो उसमें उसकी दुआएं भी बंधी होती हैं और भाई जब बहन को कोई उपहार देता है तो उसमें उसका स्नेह और जिम्मेदारी छुपी होती है.

भाई-बहन का अटूट प्यार

आज के दिन घरों में मिठाइयों की खुशबू होती है, हंसी-ठिठोली का माहौल रहता है और भाई बहन के रिश्तों में बेमिसाल प्यार होता है. कुछ भाई-बहन दूर होते हैं लेकिन वीडियो कॉल पर भी उनके बीच वही प्यार झलकता है. कुछ बहनें अपने भाइयों को राखी पोस्ट से भेजती हैं तो कुछ भाई अपने बहनों के पास खुद पहुंच जाते हैं. बस उस एक पल के लिए जात हैं जब राखी बंधे और दिल जुड़ जाए.

इसे भी पढ़ें- Raksha Bandhan पर पड़ रहा है इस बार सावन पूर्णिमा व्रत, इस शुभ मुहूर्त में बांधे भाई की कलाई पर राखी

रिश्ते निभाने के लिए छोटे-छोटे जज्बात ही काफी

रक्षाबंधन हमें याद दिलाता है कि रिश्ते निभाने के लिए बड़े-बड़े काम नहीं बल्कि छोटे-छोटे जज्बात काफी होते हैं. एक फोन कॉल, एक प्यारा सा मैसेज या बस एक मुस्कान यही तो है असली प्यार.

आज के दिन हर भाई-बहन एक दूसरे को गले लगाकर कहें ‘तू है तो सब कुछ है’ और इस रक्षाबंधन को यादगार सिर्फ रस्मों से नहीं बल्कि दिल से खास बनाएं.

Also Follow Bharat Express on X

-भारत एक्सप्रेस

Pankaj kumar Pandey

मैं पंकज कुमार पाण्डेय हूं और मूल रूप से बिहार के पश्चिम चंपारण से आता हूं, जो सत्याग्रह की धरती है. मेरी शुरुआती पढ़ाई-लिखाई चंपारण में ही हुई है. इसके बाद मैंने महात्मा गांधी सेंट्रल यूनिवर्सिटी मोतिहारी से मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स किया. पढ़ाई पूरी करने के बाद पत्रकारिता में करियर की शुरुआत की. अब तक विभिन्न मीडिया संस्थानों में काम करते हुए खबरों की दुनिया को करीब से समझा हूं. इस दौरान रिपोर्टिंग, कंटेंट लेखन, रिसर्च और समाचार प्रस्तुति से जुड़े अहम पहलू सीखने को मिले. वर्तमान में मैं भारत एक्सप्रेस में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हूं, जहां मेरी विशेष रुचि राजनीति, विदेश और सामाजिक जागरूकता से जुड़ी खबरों में है. क्योंकि मेरा मानना है कि पत्रकारिता महज एक नौकरी नहीं बल्कि देश और समाज के प्रति जिम्मेदारी है.

Recent Posts

एशियन गेम्स में मेडल जिताने वाले कोच को महीनों से नहीं मिला वेतन

एशियन गेम्स में भारत को 3 गोल्ड मेडल जिताने वाले कंपाउंड आर्चरी टीम के कोच…

51 minutes ago

मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने पीएम मोदी से की मुलाकात, राज्य में शांति बहाली और विकास कार्यों पर हुई चर्चा

मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह…

1 hour ago

एमजेपी रुहेलखंड यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. अनिल कुमार राय ने सीएम योगी से की भेंट, शिक्षा और शोध पर हुई चर्चा

एमजेपी रुहेलखंड यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. अनिल कुमार राय ने सीएम योगी आदित्यनाथ से शिष्टाचार…

2 hours ago

लखनऊ के कैफे संचालक की संदिग्ध मौत पर उठे सवाल, मां बोली- ‘कान से खून बह रहा था, आंखें फूटी थीं’

लखनऊ के हजरतगंज में कैफे संचालक शिवा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला गरमा गया…

2 hours ago

उत्तरकाशी में फिर कांपी धरती, 4.2 तीव्रता के भूकंप से दहशत, घरों से बाहर निकले लोग

Uttarkashi Earthquake: उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में शनिवार रात 8:07 बजे 4.2 तीव्रता का भूकंप…

2 hours ago