उत्तर प्रदेश

2027 चुनाव से पहले मायावती का खास संदेश, राहुल-अखिलेश या योगी किसको दी नसीहत?

UP elections 2027: बहुजन समाज पार्टी (BSP) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती (Mayawati) ने राजनीतिक दलों के बीच बढ़ती बयानबाजी पर चिंता जताई है. उन्होंने बिना किसी पार्टी का नाम लिए कहा कि नेताओं को एक-दूसरे पर व्यक्तिगत हमले करने और अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए. मायावती की यह प्रतिक्रिया कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर की गई अमर्यादित टिप्पणी से जोड़कर देखा जा रहा है. उनके बयान को कांग्रेस के लिए नसीहत के तौर पर देखा जा रहा है.

राजनीति में बढ़ती कटुता पर मायावती ने जताई चिंता

मायावती ने मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी बात रखते हुए कहा कि भारतीय राजनीति में आपसी अविश्वास, द्वेष और कटुता लगातार बढ़ रही है. अब आरोप-प्रत्यारोप केवल राजनीतिक मुद्दों तक सीमित नहीं रह गए हैं, बल्कि व्यक्तिगत स्तर पर भी पहुंच रहे हैं. उन्होंने कहा कि असंसदीय और अपमानजनक टिप्पणियां कई बार जातिवादी सोच से जुड़ी होती हैं और हिंसक बयानबाजी तक पहुंच जाती हैं. यह स्थिति देश की गरिमा और मान-मर्यादा के लिहाज से चिंताजनक है.

बसपा प्रमुख ने कहा कि बड़े पदों पर बैठे नेताओं को एक-दूसरे के प्रति सम्मान बनाए रखना चाहिए. अगर राजनीतिक विरोध के बावजूद आपसी सम्मान कायम नहीं रह सकता, तो कम से कम ऐसी भाषा से बचना चाहिए जो समाज में नफरत और तनाव बढ़ाए. उनके मुताबिक, किसी भी परिस्थिति में आपत्तिजनक और विषैली राजनीति को बढ़ावा देना उचित नहीं है.

जनता के मुद्दों से भटक रही राजनीति?

मायावती ने अपने बयान में कहा कि संकीर्ण सोच और स्वार्थ से प्रेरित राजनीति के कारण लोगों का राजनीतिक व्यवस्था पर भरोसा कमजोर हो सकता है. उन्होंने सरकारी स्तर पर व्यापक भ्रष्टाचार और चुनावी प्रक्रिया को लेकर उठ रहे सवालों का भी जिक्र किया. उनके अनुसार, इन मुद्दों के चलते जनता पहले से ही परेशान है.

उन्होंने कहा कि ऐसे समय में नेताओं के बीच आपसी खींचतान और व्यक्तिगत आरोप-प्रत्यारोप से हालात और बिगड़ सकते हैं. देश के सामने गरीबी, बेरोजगारी और महंगाई जैसी गंभीर चुनौतियां हैं, जिन पर राजनीतिक दलों को ध्यान देना चाहिए.

सभी दलों को दी संयम बरतने की सलाह

बसपा अध्यक्ष ने कहा कि राजनीतिक दलों और उनके नेताओं के बीच अशोभनीय टिप्पणियों की बढ़ती होड़ माहौल को और कड़वा बना सकती है. लोकतंत्र में अलग-अलग विचार होना स्वाभाविक है, लेकिन विरोध जताने का तरीका भी मर्यादित होना चाहिए.


ये भी पढ़ें: तमिलनाडु में आधी रात बड़ा जेल ब्रेक! 17 कैदी फरार, तलाश में उतरीं 17 टीमें


मायावती ने सभी दलों से इस दिशा में गंभीरता से सोचने की अपील की. हालांकि, उन्होंने अपने बयान में किसी नेता या पार्टी का नाम नहीं लिया, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी पर खड़गे की टिप्पणी के बाद उनकी यह प्रतिक्रिया राजनीतिक चर्चा का विषय बन गई है.

-भारत एक्सप्रेस

Sahil Singh

पढ़ने-लिखने से शुरू हुआ सफर खबरों तक ले गया. पत्रकारिता को करियर बनाने का एक मात्र उद्देश्य—पढ़ना, साथ ही नई-नई चीज़ों को जानने की जिज्ञासा रखना था. आज से पहले ‘आज तक’ चैनल, उसके बाद दायित्व वेबसाइट, और अब भारत एक्सप्रेस में बतौर सब-एडिटर की भूमिका निभा रहा हूं.

Recent Posts

जीत से एक कदम दूर! भारत ने टॉस जीतकर चुनी गेंदबाजी, न्यूजीलैंड ने किए 3 बड़े बदलाव

IND vs NZ 3rd T20: भारत और न्यूजीलैंड के तीसरे T20 मुकाबले में भारत ने…

6 minutes ago

ग्वालियर में पटवारी नौकरी के नाम पर 50 लाख की ठगी: STF और व्यापम का फर्जी जाल बुनकर बेरोजगारों को चपत

ग्वालियर में सरकारी नौकरी का झांसा देकर ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश…

38 minutes ago

सोशल मीडिया की दोस्ती बनी खौफ: इंदौर की युवती से उज्जैन में दरिंदगी, कार में नशीला पदार्थ पिलाकर युवक ने की हैवानियत

Ujjain Indore Instagram Friend Crime News: इंदौर से उज्जैन मिलने पहुँची युवती को इंस्टाग्राम फ्रेंड…

57 minutes ago

1 नवंबर से दिल्ली में नहीं मिलेगी एंट्री! BS-6 से पुरानी गाड़ियों पर बैन की तैयारी; 12 लाख वाहन होंगे प्रभावित

सर्दियों में दिल्ली के प्रदूषण को रोकने के लिए प्रशासन सख्त कदम उठाने जा रहा…

2 hours ago

छूट न जाए बिहार-यूपी वाली ट्रेन…! दिवाली-छठ से ठीक पहले बदल गया टाइम टेबल, जान लें नया शेड्यूल

दिवाली और छठ पूजा के दौरान यात्रियों की भीड़ को देखते हुए कई प्रमुख ट्रेनों…

2 hours ago

पीएम मोदी ने साझा किया संस्कृत सुभाषित, बताया कैसे चुनौतियों का सामना कर हासिल होती है सफलता

PM Modi Subhashit: पीएम मोदी ने संस्कृत सुभाषित साझा कर चुनौतियों का सामना करने और…

2 hours ago