दुनिया

शादी का जश्न बना मातम! पाकिस्तान में ISI से जुड़े TTP आतंकी के घर फिदायीन हमला, 7 की मौत

Pakistan Suicide Attack: पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के डेरा इस्माइल खान से एक बेहद सनसनीखेज और हिंसक घटना सामने आई है. यहां शादी समारोह के दौरान भीषण फिदायीन हमला हुआ, जिसमें ISI के लिए काम कर चुके तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) के पूर्व आतंकी नूर आलम महसूद समेत कम से कम 7 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है.

धामके का वीडियो वायरल

बताया जा रहा है कि यह हमला नूर आलम महसूद के घर पर चल रहे शादी कार्यक्रम के दौरान किया गया. इस फिदायीन हमले का वीडियो शादी समारोह की रिकॉर्डिंग में कैद हो गया है. वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि एक तरफ शादी का जश्न चल रहा था, लोग नाच-गाना कर रहे थे, तभी अचानक तेज धमाके की आवाज के साथ एक कमरे में विस्फोट हो गया.

धमाके के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और चारों तरफ चीख-पुकार सुनाई देने लगी. विस्फोट के बाद सामने आई तस्वीरें बेहद दर्दनाक हैं, जिनमें चारों ओर क्षत-विक्षत शव और तबाही का मंजर दिखाई दे रहा है.

TTP से कब अलग हुआ था नूर आलम महसूद?

मिली जानकारी के अनुसार, साल 2016 में नूर आलम महसूद ने ऑपरेशन ‘जर्ब-ए-अज्ब’ का विरोध करते हुए तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) से नाता तोड़ लिया था. इसके बाद वह पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI के संपर्क में आया और उसके साथ मिलकर काम करने लगा.

ISI के निर्देश पर नूर आलम महसूद ने डेरा इस्माइल खान में उन आतंकियों को साथ लेकर एक निजी सेना बनाई, जिन्होंने TTP छोड़ दी थी. इस समूह को पाकिस्तानी सेना और ISI ने ‘शांति समिति’ का नाम दिया. इस ग्रुप का मुख्य उद्देश्य TTP के आतंकियों के खिलाफ लड़ाई लड़ना था. इसी वजह से पाकिस्तानी सेना और ISI इस गुट को ‘गुड तालिबान’ के नाम से भी संबोधित करती थीं.


ये भी पढ़ें: 50% सनातनी आबादी वाली सीट पर हिंदू उम्मीदवार से मचा बवाल, 17 करोड़ के बांग्लादेश में सिर्फ 80 अल्पसंख्यक कैंडिडेट


नूर आलम महसूद के घर हमला किसने कराया?

बताया जा रहा है कि नूर आलम महसूद खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के डेरा इस्माइल खान में रहता था. उसके लड़ाके पाकिस्तानी सेना के साथ मिलकर TTP के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों में सक्रिय रूप से शामिल थे.

इसी पृष्ठभूमि को देखते हुए आशंका जताई जा रही है कि नूर आलम महसूद के घर पर हुआ फिदायीन आत्मघाती हमला तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) द्वारा कराया गया हो. हालांकि, अभी तक किसी भी संगठन ने इस हमले की आधिकारिक जिम्मेदारी नहीं ली है.

-भारत एक्सप्रेस

Sahil Singh

पढ़ने-लिखने से शुरू हुआ सफर खबरों तक ले गया. पत्रकारिता को करियर बनाने का एक मात्र उद्देश्य—पढ़ना, साथ ही नई-नई चीज़ों को जानने की जिज्ञासा रखना था. आज से पहले ‘आज तक’ चैनल, उसके बाद दायित्व वेबसाइट, और अब भारत एक्सप्रेस में बतौर सब-एडिटर की भूमिका निभा रहा हूं.

Recent Posts

संघ की ‘असंतुलित’ टिप्पणी से सत्ता, संगठन और सामाजिक संतुलन की परीक्षा

RSS के प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर ने यूजीसी के समानता विनियम-2026 को असंतुलित बताया. संघ…

7 hours ago

चंडीगढ़ से अमित शाह का राहुल गांधी पर हमला: NDIA ब्लॉक की रैली को बताया सिखों का अपमान

चंडीगढ़ में अमित शाह ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए 1984 सिख…

8 hours ago

चौरी-चौरा के बहाने नेहरू पर सीएम योगी का हमला; बोले- 172 क्रांतिकारियों की पैरवी नहीं की, मालवीय ने 151 को फांसी से बचाया

चौरी-चौरा में 288 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास कार्यक्रम में मुख्यमंत्री…

8 hours ago

AIIA-iCAINE के 6 साल पूरे: आयुर्वेद और AI को जोड़ने की बड़ी पहल, IIT बॉम्बे के साथ राष्ट्रीय चैलेंज लॉन्च

अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान (AIIA) के इनक्यूबेशन सेंटर AIIA-iCAINE ने अपने छठे स्थापना दिवस पर…

8 hours ago

डिग्री से मार्कशीट तक, हर जगह सिर्फ Bharat; महात्मा ज्योतिबा फूले रूहेलखंड विश्वविद्यालय में India शब्द खत्म, दस्तावेजों में दिखेगा भारत

महात्मा ज्योतिबा फूले रूहेलखंड विश्वविद्यालय ने कई बड़े फैसले लिए हैं. अब विश्वविद्यालय की डिग्री…

8 hours ago