प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन.
PM Modi In China: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन के बाद रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ द्विपक्षीय बैठक करेंगे. यह जानकारी विदेश सचिव विक्रम मिश्री ने रविवार को तियानजिन में एक विशेष ब्रीफिंग के दौरान दी. मिश्री ने बताया कि पीएम मोदी पहले एससीओ की पूर्ण सत्र को संबोधित करेंगे, जहां वे एससीओ के तहत क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा देने के लिए भारत के दृष्टिकोण को रेखांकित करेंगे. इसके बाद उनकी पुतिन से मुलाकात होगी और फिर वे भारत के लिए रवाना होंगे.
इससे पहले, रविवार को ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एससीओ नेताओं के शिखर सम्मेलन के हाशिए पर चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात की. यह उनकी 2024 में रूस के कजान में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के बाद पहली बैठक थी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एससीओ शिखर सम्मेलन के आधिकारिक स्वागत समारोह में भी हिस्सा लिया, जिसकी मेजबानी शी जिनपिंग ने तियानजिन मीजियांग अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन और प्रदर्शनी केंद्र में की.
यहां शी जिनपिंग और उनकी पत्नी पेंग लियुआन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का गर्मजोशी से स्वागत किया. इसके बाद अन्य विश्व नेताओं के साथ सामूहिक फोटोग्राफ लिया गया. रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भी इस स्वागत समारोह में शामिल हुए, जिनके साथ उनके वरिष्ठ प्रतिनिधिमंडल के सदस्य थे, जिनमें विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव, उप प्रधानमंत्री एलेक्सी ओवरचुक, उप प्रमुख स्टाफ मैक्सिम ओरेश्किन, क्रेमलिन सहायक यूरी उशाकोव और राष्ट्रपति प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव शामिल थे, जैसा कि रूसी समाचार एजेंसी टास ने रिपोर्ट किया.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शी जिनपिंग को 2026 में भारत द्वारा आयोजित ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के लिए भी आमंत्रित किया है. भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा कि राष्ट्रपति शी ने आमंत्रण के लिए मोदी का धन्यवाद किया और भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता के लिए चीन के समर्थन की पेशकश की. रूस भी ब्रिक्स राष्ट्रों का हिस्सा है, और भारत वर्तमान अध्यक्ष ब्राजील से नेतृत्व संभालने की तैयारी कर रहा है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एससीओ शिखर सम्मेलन के हाशिए पर म्यांमार के कार्यकारी राष्ट्रपति और सैन्य प्रमुख सीनियर जनरल मिन आंग ह्लाइंग से भी द्विपक्षीय बैठक की. इस दौरान प्रधानमंत्री ने ‘नेबरहुड फर्स्ट’, ‘एक्ट ईस्ट’ और इंडो-पैसिफिक नीतियों के तहत म्यांमार के साथ भारत के संबंधों की महत्वपूर्णता पर जोर दिया. दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा की और विकास साझेदारी, रक्षा और सुरक्षा, सीमा प्रबंधन तथा सीमा व्यापार मुद्दों पर सहयोग पर चर्चा की.
सऊदी अरब पर हूती विद्रोहियों के हमलों के बाद एयर इंडिया और इंडिगो ने 10…
INDIA Alliance Protest: चुनाव आयोग की SIR प्रक्रिया के खिलाफ देशभर में विरोध तेज हो…
बैंक ऑफ बड़ौदा के मुख्य अर्थशास्त्री मदन सबनविस की नई किताब 'पॉलिसीज दैट शेप्ड मॉडर्न…
कनाडा की प्रसिद्ध लेखिका और कवियत्री एन कार्सन को साहित्य का नोबेल पुरस्कार 2026 देने…
Rewari Pink Riders: रेवाड़ी पुलिस ने महिलाओं, युवतियों और छात्राओं की सुरक्षा के लिए पांच…
उज्जैन की भैरवगढ़ सेंट्रल जेल में श्राद्ध पक्ष के दौरान एक बेहद भावुक और अनोखा…