बिजनेस

मार्च 2025 तक नए रोजगार में 7.1% की वृद्धि की उम्मीद, कंपनियां वर्कफोर्स बढ़ाने की बना रही योजना

स्टाफिंग फर्म टीमलीज सर्विसेज (TeamLease Services) को अक्टूबर 2024 से मार्च 2025 के बीच नए रोजगार में 7.1% की वृद्धि की उम्मीद है, जो भर्तियों में तेजी का संकेत है. यह अप्रैल 2024 से सितंबर 2024 के दौरान देखी गई 6.33% वृद्धि से अधिक है.

यह वृद्धि नौकरी देने वाले 59% कंपनियों के सामूहिक दृष्टिकोण को दर्शाती है जो कार्यबल (Workforce) का विस्तार करने की योजना बना रहे हैं, जबकि 22% अगले पांच महीनों में अपने मौजूदा स्टाफिंग स्तर को बनाए रखने की योजना बना रहे हैं.

EV और EV इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्रों में भर्ती होगी

यह वृद्धि संभवतः लॉजिस्टिक्स, EV और EV इंफ्रास्ट्रक्चर, कृषि और कृषि रसायन, साथ ही ई-कॉमर्स जैसे क्षेत्रों में होंगी, जो इंफ्रास्ट्रक्चर और टेक्नोलॉजी में भारी निवेश कर रहे हैं. उदाहरण के लिए 69% कंपनियां मार्च 2025 तक कर्मचारियों की संख्या बढ़ाने की योजना बना रही हैं, इस वजह से लॉजिस्टिक्स में 14.2% शुद्ध रोजगार परिवर्तन (Net Employment Change) हुआ है.

रिपोर्ट के अनुसार, EV और EV इंफ्रास्ट्रक्चर (12.1%), कृषि और कृषि रसायन (10.5%) और ई-कॉमर्स और टेक स्टार्टअप (8.9%) में भारी भरकम भर्ती देखने को मिल सकती है. त्यौहार के दौरान अधिक मांग की वजह से स्टार्टअप कंपनियां इसका लाभ उठा सकती है. विशेष रूप से ग्राहकों की जानकारी रखने वाला AI-सक्षम स्टार्टअप और वेब 3.0 एप्लिकेशन

कोयंबटूर और गुड़गांव नौकरी के नए केंद्र

रिपोर्ट में इस बात का भी जिक्र किया गया है कि नौकरी के बाजार में भौगोलिक बदलाव हो रहा है. उदाहरण के लिए कोयंबटूर (24.6%) और गुड़गांव (22.6%) जैसे शहर नौकरी के केंद्र बन रहे हैं, जो पारंपरिक महानगरों से परे रोजगार के अवसरों के विकेंद्रीकरण को दर्शाते हैं.

रिपोर्ट में कहा गया है, “जबकि बेंगलुरु (53.1%), मुंबई (50.2%) और हैदराबाद (48.2%) उच्च कार्यबल मांग के साथ केंद्रीय रोजगार केंद्र बने हुए हैं, कोयंबटूर, गुड़गांव, जयपुर, लखनऊ और नागपुर जैसे शहरों में मांग पूरे भारत में नौकरी की वृद्धि के व्यापक प्रसार का संकेत देती है. नौकरी चाहने वालों और कंपनियों के लिए विकल्प के रूप में छोटे शहरों की अपील को मजबूत करती है.”

रोजगार पटल तेजी से बढ़ रहा

टीमलीज स्टाफिंग के सीईओ कार्तिक नारायण ने कहा, “रोजगार पटल, टेक्नोलॉजिकल और नीति-संचालित बदलावों की वजह से तेजी से बढ़ रहा है. हमारे नए निष्कर्ष भारत भर में नौकरी की वृद्धि में विविधता को दर्शाते हैं. स्थापित शहरृों से लेकर उभरते शहरों तक, एक ऐसे कार्यबल को दिखाते हैं जो लॉजिस्टिक्स, ईवी और तकनीकी स्टार्टअप जैसे क्षेत्रों में मांगों को पूरा करने के लिए तेजी से विकसित हो रहा है.”

-भारत एक्सप्रेस

Md Shadan Ayaz

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