अरविंद केजरीवाल.
दिल्ली शराब नीति मामले में आरोपी दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को सुप्रीम कोर्ट से फिलहाल राहत नहीं मिली है. सुप्रीम कोर्ट ने उनकी जमानत पर जल्द सुनवाई से इनकार कर दिया है. जस्टिस जेके महेश्वरी की अवकाशकालीन पीठ ने कहा कि इस मामले में फैसला सुरक्षित है. हम कुछ नहीं कर सकते, आप सीजेआई के पास जाइए.
अदालत ने कहा कि इस मामले की सुनवाई 17 मई को हुई थी और आप नए आवेदन को उचित आदेश के लिए सीजेआई के समक्ष रखें. हम कुछ नहीं कर सकते हैं. हम सूचीबद्ध करने को लेकर भी सुनवाई नहीं कर सकते.
जस्टिस जेके महेश्वरी ने केजरीवाल के वकील से यह भी कहा कि आपने जस्टिस दीपांकर दत्ता की बेंच के समक्ष आवेदन क्यों नहीं मेंशन किया. (याद रहे कि केजरीवाल को अंतरिम जमानत देने वाली बेंच में जस्टिस दत्ता शामिल थे. मौजूदा बेंच का आशय ये था कि आपने नई बेंच मेंशनिंग के लिए क्यों चुनी. ऐसे में मास्टर ऑफ रोस्टर यानी सीजेआई ही जल्द सुनवाई के लिए बेंच तय कर सकते हैं.)
केजरीवाल ने अपनी अर्जी में कहा है कि जेल जाने के बाद उनका 7 किलो उनका वजन घट गया है और कीटोन लेबल भी काफी बढ़ गया है. मेडिकल जांच करवाना है. उनकी जांच मैक्स के डॉक्टरों ने की है और उन्हें गंभीर बीमारी के लक्षण हो सकते है. मुख्यमंत्री केजरीवाल को PET-CT स्कैन के साथ कई अन्य टेस्ट भी करवाने की जरूरत है.
गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली याचिका पर केजरीवाल ने अपना रिटन सबमिशन दाखिल किया है. वरिष्ठ अधिवक्ता अमित देसाई ने केजरीवाल की ओर से दाखिल रिटन सबमिशन में सुप्रीम कोर्ट के कई फैसलों का हवाला दिया है. इसमें कहा गया है कि ईडी के पास गिरफ्तारी के उचित आधार नहीं है. सिर्फ संदेह के आधार पर गिरफ्तारी की गई है. पीएमएलए में गिरफ्तारी के मानक तय हैं, जिसका पालन ईडी ने नहीं किया है. इस मामले में ईडी का कदम संतुलित नहीं है.
अर्जी में कहा गया है कि धारा 19 के तहत गिरफ्तारी केवल धारणाओं, अनुमानों, अटकलों पर आधारित नहीं हो सकती. ऐसी सामग्री होना जरूरी है, जिसका स्पष्ट आधार हो. संदेह के आधार पर गिरफ्तारी वैध नहीं है. धारा 19 के आधार पर एक ठोस निर्धारण की परिकल्पना की गई है.
केजरीवाल ने अर्जी में कहा है कि ठोस सामग्री होनी चाहिए, तभी गिरफ्तारी की जा सकती है. अगर गिरफ्तारी के कदम में मानकों का पालन नहीं किया जाता. तब इसे अदालत द्वारा अवैध मानकर रद्द किया जा सकता है.
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल दिल्ली शराब नीति घोटाला मामले में तिहाड़ जेल में बंद थे. सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें 10 मई को लोकसभा चुनाव प्रचार के लिए अंतरिम जमानत दी थी, जिसकी अवधि 1 जून को खत्म हो रही है. 2 जून को उन्हें सरेंडर करना है.
-भारत एक्सप्रेस
Gorakhpur Mission Shakti Students Become Police officers: गोरखपुर में मिशन शक्ति के तहत 12वीं की…
चुनाव आयोग ने यूपी-बिहार समेत 17 राज्यों में स्पेशल संक्षिप्त पुनरीक्षण (SSR) शुरू करने का…
Delhi Protest News: राहुल गांधी की समर्थक नेहा बोरा बोलीं- 'बांग्लादेश ने हमें एक रास्ता…
आईटी संसदीय समिति के अध्यक्ष डॉ. निशिकांत दुबे ने स्टारलिंक के मुद्दे पर एलन मस्क…
जेआरडी टाटा को 1929 में भारत का पहला पायलट लाइसेंस मिला था. इसके बाद उन्होंने…
हिमाचल प्रदेश भाजपा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने…