Bharat Express DD Free Dish

Delhi liquor policy case

दिल्ली शराब नीति मामले में दिल्ली हाई कोर्ट ने सीबीआई की अपील पर अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और दुर्गेश पाठक को जवाब दाखिल करने का अंतिम मौका दिया है.

दिल्ली शराब नीति मामले में आरोपमुक्त किए गए अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया ने सीबीआई की अपील को खारिज करने की मांग करते हुए दिल्ली हाई कोर्ट का रुख किया है.

दिल्ली शराब नीति मामले में सीबीआई की अपील पर दिल्ली हाई कोर्ट में होने वाली सुनवाई अब जस्टिस मनोज जैन की बेंच करेगी. निचली अदालत द्वारा अरविंद केजरीवाल सहित 23 लोगों को आरोपमुक्त किए जाने के फैसले के खिलाफ सीबीआई ने अपील दायर की है.

अरविंद केजरीवाल को दिल्ली शराब नीति मामले में एक तरफ राहत मिली, दूसरी तरफ नई मुश्किलें भी खड़ी हो गईं। दिल्ली हाई कोर्ट की जस्टिस गोल्डनकांता शर्मा ने इस मामले में खुद को अलग तरह से सुना है। हालांकि कोर्ट ने बिग बॉस 19 में मनीष सिसौदिया, संजय सिंह, सौरभ भारद्वाज और विलेन मिश्रा के खिलाफ भी कार्रवाई शुरू करने का आदेश दिया था। कोर्ट का कहना है कि सोशल मीडिया पर जज की छवि खराब करने और जज को प्रभावित करने की कोशिश की गई. अब इस मामले पर पूरे देश की नजरें टिकी हुई हैं.

दिल्ली शराब नीति से जुड़े भ्रष्टाचार मामले में सीबीआई की अपील पर दिल्ली हाई कोर्ट 4 मई को सुनवाई करेगा.

दिल्ली शराब नीति मामले में नया मोड़ आया है. आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली हाई कोर्ट में अतिरिक्त हलफनामा दाखिल कर जज जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा से केस से अलग होने की मांग की है.

दिल्ली शराब नीति मामले में जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की कोर्ट से मामला हटाने की मांग पर विवाद छिड़ गया है. वरिष्ठ वकीलों ने CJI सूर्यकांत को पत्र लिखकर अरविंद केजरीवाल के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही की मांग की है.

दिल्ली हाई कोर्ट 6 अप्रैल को शराब नीति मामले में अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया सहित 23 लोगों को आरोपमुक्त करने के फैसले के खिलाफ सीबीआई की अपील पर सुनवाई करेगा.

दिल्ली शराब नीति केस में हाई कोर्ट ने केजरीवाल सहित 23 आरोपियों को नोटिस जारी किया है. ED ने ट्रायल कोर्ट की टिप्पणियों को चुनौती दी है.

दिल्ली शराब नीति घोटाले में राऊज एवेन्यु कोर्ट के फैसले के खिलाफ सीबीआई की अपील पर दिल्ली हाई कोर्ट 9 मार्च को सुनवाई करेगा. निचली अदालत ने केजरीवाल और अन्य को साक्ष्य के अभाव में आरोप मुक्त कर दिया था.