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Delhi Hospital Fire: बच्चों के अस्पताल में लगी भीषण आग, कम से कम 7 नवजातों की मौत, राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री ने जताया दुख

Delhi Hospital Fire: पूर्वी दिल्ली के शाहदरा में विवेक विहार स्थित बच्चों के एक अस्पताल में शनिवार रात भीषण आग लगने से कम से कम 7 नवजात बच्चों की मौत हो गई.

दिल्ली अग्निशमन सेवा (DFS) के एक अधिकारी ने बताया कि शनिवार रात शाहदरा में बच्चों के अस्पताल में आग लग गई. 12 नवजात बच्चों को से बचाया गया, जिनमें से एक की पहले ही मौत हो चुकी थी, छह की आग की घटना के बाद मौत हो गई, जबकि बाकी पांच अन्य को इलाज के लिए दूसरे अस्पताल में भर्ती कराया गया है.

दिल्ली पुलिस ने बताया कि विवेक विहार स्थित न्यू बॉर्न बेबी केयर हॉस्पिटल के मालिक पश्चिम विहार निवासी नवीन किची के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 336 (दूसरों की निजी सुरक्षा को खतरे में डालना), 304A (लापरवाही से मौत) और 34 (आपराधिक गतिविधि) के तहत एफआईआर दर्ज की गई है. पुलिस के अनुसार, वह फिलहाल फरार है.

आग शनिवार रात करीब 11:32 बजे लगी. सूचना मिलते ही दमकल की 16 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और राहत कार्य चलाया गया. आग लगने के वक्त अस्पताल में बच्चे और स्टाफ मौजूद था.

अस्पताल में भर्ती एक नवजात बच्चे की मां ने बताया, ‘मेरा बच्चा पिछले तीन दिनों से यहां भर्ती था. मेरे बच्चे को केवल बुखार था.’ नवजात बच्चे के एक रिश्तेदार ने कहा, ‘कल हमने अपने बच्चे को देखा… वे हमें यहां रहने नहीं दे रहे थे… हमें कोई जानकारी नहीं मिल रही है… डीएनए टेस्ट के बाद हम पहचान पाएंगे कि यह हमारा बच्चा था या नहीं…’

स्वास्थ्य मंत्री ने क्या कहा

रविवार सुबह दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सौरभ भारद्वाज ने कहा, ‘नवजात शिशुओं में से 12 को बचा लिया गया था, लेकिन दुर्भाग्य से उनमें से 6 की दम घुटने से मौत हो गई, एक और बच्चे की हालत गंभीर है. मैंने स्वास्थ्य सचिव को फोन करने की कोशिश की, लेकिन वह फोन नहीं उठा रहे हैं. हम ऐसी सख्त कार्रवाई करेंगे कि भविष्य में कोई भी अधिकारी ऐसी लापरवाही न करे. हम उन परिवारों के साथ हैं, जिन्होंने अपने बच्चों को खो दिया है. मैं इस संबंध में डीसीपी से बात करूंगा कि मालिकों के खिलाफ जल्द से जल्द मुकदमा चलाया जाए.’

राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री ने दुख जताया

अपने सोशल साइट एक्स पर घटना का दुख जताते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, ‘दिल्ली में विवेक विहार के एक अस्पताल में आग लगने से अनेक बच्चों की मृत्यु का समाचार हृदय विदारक है. ईश्वर शोक संतप्त माता-पिता एवं परिजनों को यह आघात सहने की शक्ति दें. मैं इस घटना में घायल हुए अन्य बच्चों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं.’

घटना को लेकर पीएम नरेंद्र मोदी ने भी अपनी शोक संवेदना प्रकट की. उन्होंने कहा, ‘दिल्ली के एक अस्पताल में आग लगने की घटना हृदय विदारक है. इस अविश्वसनीय कठिन समय में मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं. मैं प्रार्थना करता हूं कि जो घायल हुए हैं वे जल्द से जल्द ठीक हो जाएं.’

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी सोशल साइट एक्स पर लिखा, ‘बच्चों के अस्पताल में आग की ये घटना हृदयविदारक है. इस हादसे में जिन्होंने अपने मासूम बच्चों को खोया उनके साथ हम सब खड़े हैं. घटनास्थल पर सरकार और प्रशासन के अधिकारी घायलों को इलाज मुहैया करवाने में लगे हुए हैं. घटना के कारणों की जांच की जा रही है और जो भी इस लापरवाही का जिम्मेदार होगा वो बख्शा नहीं जाएगा.’

बुटीक और बैक को भी पहुंची क्षति

खबरों के मुताबिक, तीन मंजिला इमारत में लगी आग इतनी भीषण थी कि बगल के बुटीक, इंडसइंड बैंक के दरवाजे और फॉल सीलिंग को भी चपेट में ले लिया था. इसके अलावा ग्राउंड फ्लोर पर ऑप्टिकल शॉप तक भी आग पहुंच गई थी.

दमकल विभाग के निदेशक अतुल गर्ग ने मीडिया को बताया कि भूतल के साथ ही तीन मंजिला इमारत पूरी तरह से आग की लपटों में घिरी हुई थी. सूचना मिलने के तुरंत बाद ही पहुंची दमकल की गाड़ियां आग बुझाने में जुट गई थी, लेकिन आग इतनी भयावह थी कि इमारत के बाहर खड़ी एक वैन भी पूरी तरह से जल कर राख हो गई.


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बच्चों को खिड़कियां तोड़कर निकाला गया

आग लगने की घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई. स्थानीय लोग की मदद से अस्पताल के पीछे की ओर की खिड़कियां तोड़कर कुछ नवजात बच्चों को एक-एक कर निकाला गया. रेस्क्यू कर बाहर निकाले गए सभी नवजात बच्चों को दूसरे निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया. शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए जीटीबी अस्पताल भेज दिया गया है. मृतक शिशुओं के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.

अवैध सिलेंडर फटने से लगी आग

बताया जा रहा है कि ऑक्सीजन सिलेंडर में धमाका होने के बाद ही अस्पताल में आग लगी. बेबी केयर सेंटर की इमारत के नीचे अवैध ऑक्सीजन सिलेंडर की रिफिलिंग का काम चल रहा था. इसको लेकर एक क्षेत्रीय निवासी बृजेश ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि कई बार इस बारे में शिकायत की थी. बृजेश ने दावा किया कि इसे लेकर अस्पताल के मालिक से भी कहा था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई. इस मामले में पुलिस ये भी जांच कर रही है कि अस्पताल के पास फायर की NOC थी या नहीं.

-भारत एक्सप्रेस

Archana Sharma

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