बिहार के मुजफ्फरपुर स्थित श्री कृष्ण मेमोरियल कॉलेज और अस्पताल (SKMCH) में एक गंभीर लापरवाही सामने आई है. 24 मार्च 2025 को एक पुरुष मरीज शशि रंजन को अल्ट्रासाउंड के बाद महिला की रिपोर्ट थमा दी गई. रिपोर्ट में महिला के यूट्रस (बच्चेदानी) और ओवरी का जिक्र था, जो कि पुरुष के लिए पूरी तरह से गलत था.
रिपोर्ट प्राप्त करने के बाद शशि रंजन जब घर लौटे और रिपोर्ट को ध्यान से देखा, तो उन्होंने पाया कि उसमें उनके पेट में बच्चेदानी और ओवरी की जानकारी दी गई थी. यह देखकर वह घबराए और तुरंत अस्पताल वापस लौटे.
जब शशि रंजन ने डॉक्टर को यह रिपोर्ट दिखाई, तो वह भी हैरान रह गए. इसके बाद, डॉक्टरों ने मरीज का फिर से स्कैन करवाया और पाया कि रिपोर्ट में गलती हुई थी. असल में, मरीज के शरीर में ऐसा कुछ भी नहीं था. अस्पताल ने गलती से महिला की रिपोर्ट पर पुरुष का नाम लगा दिया था.
यह घटना सोशल मीडिया पर वायरल हो गई और इसके बाद अस्पताल प्रशासन पर सवाल उठने लगे. कई यूजर्स ने अस्पताल की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई और स्वास्थ्य विभाग से मामले की जांच की मांग की.
एसकेएमसीएच की अधीक्षिका डॉ. विभा कुमारी ने इस गलती को टेक्नीशियन स्तर की मानवीय भूल बताया. उन्होंने कहा कि मरीज के नाम की गलत एंट्री के कारण यह रिपोर्ट में गलती हुई थी. डॉ. कुमारी ने यह भी बताया कि इस गलती को तुरंत ठीक कर लिया गया और मरीज को सही रिपोर्ट सौंप दी गई.
यह पहला मामला नहीं है जब एसकेएमसीएच में लापरवाही सामने आई है. इससे पहले भी एक मरीज के पैर में प्लास्टर की जगह गत्ते का डिब्बा बांधने का मामला सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था. इस नए मामले ने एक बार फिर अस्पताल की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
-भारत एक्सप्रेस
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