Operation Mule Hunter Jaipur
Operation Mule Hunter Jaipur: साइबर अपराध और बैंक खातों के दुरुपयोग के खिलाफ जयपुर दक्षिण पुलिस ने अप्रैल महीने में बड़ा अभियान चलाते हुए ‘ऑपरेशन म्यूल हंटर’ के तहत व्यापक कार्रवाई की है. अभियान के दौरान साइबर फ्रॉड में इस्तेमाल होने वाले किराये के बैंक खातों के नेटवर्क का खुलासा करते हुए 48 साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया. साथ ही करोड़ों रुपये के संदिग्ध ट्रांजैक्शन और मोबाइल चोरी गिरोहों का भी पर्दाफाश हुआ.
पुलिस उपायुक्त दक्षिण Rajrishi Raj ने बताया कि पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर 1 अप्रैल से 30 अप्रैल 2026 तक विशेष अभियान चलाया गया. साइबर अपराध की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त ललित किशोर शर्मा और विभिन्न सहायक पुलिस आयुक्तों के सुपरविजन में साइबर सेल तथा थाना स्तर पर विशेष टीमें गठित की गईं.
जयपुर दक्षिण जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों- अशोक नगर, विधायकपुरी, सोडाला, महेशनगर, शिप्रापथ, मानसरोवर, मुहाना, नारायण विहार, सांगानेर सदर, शिवदासपुरा और चाकसू में कुल 15 प्रकरण दर्ज किए गए. इन मामलों में 17 साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि 31 संदिग्धों को बीएनएस की धारा 170 के तहत हिरासत में लिया गया.
जांच में सामने आया कि आरोपी किराये पर बैंक खाते उपलब्ध कराकर साइबर ठगी की रकम को एक खाते से दूसरे खाते में ट्रांसफर करवाते थे. पुलिस के अनुसार करीब 2 करोड़ रुपये की संदिग्ध राशि ऐसे खातों में ट्रांसफर हुई.
श्यामनगर थाना क्षेत्र के केस संख्या 174/26 में NCRP पोर्टल पर 53 शिकायतें दर्ज थीं, जबकि सोडाला थाना क्षेत्र के केस संख्या 180/26 में 41 शिकायतें सामने आईं. पुलिस ने इन मामलों में मुख्य आरोपियों अजय कुमार विजय और ललित कुमार सैनी को गिरफ्तार किया है.
साइबर अपराध के साथ-साथ जयपुर दक्षिण पुलिस ने गुमशुदा मोबाइल रिकवरी अभियान “आपका मोबाइल फिर से आपका” के तहत भी बड़ी सफलता हासिल की. CEIR पोर्टल और मोबाइल सेवा प्रदाता कंपनियों से तकनीकी सहायता लेकर पुलिस ने राजस्थान के विभिन्न जिलों में ट्रेस कर 430 मोबाइल बरामद किए.
बरामद मोबाइलों की अनुमानित बाजार कीमत करीब 1.5 करोड़ रुपये बताई गई है. पुलिस ने मोबाइल उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे, जिससे पीड़ितों के चेहरों पर खुशी लौट आई.
महेशनगर और ज्योति नगर थाना पुलिस ने मोबाइल चोरी करने वाले गिरोह का भी भंडाफोड़ किया. पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर 12 मोबाइल बरामद किए. जांच में सामने आया कि आरोपी सब्जी मंडियों, भीड़भाड़ वाले बाजारों और IPL मैचों के दौरान लोगों को निशाना बनाते थे.
गिरोह की कार्यप्रणाली भी चौंकाने वाली रही. आरोपी बच्चों का इस्तेमाल कर भीड़ में लोगों की जेब से मोबाइल निकलवाते थे और वारदात के बाद मौके से फरार हो जाते थे. पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है.
जयपुर दक्षिण साइबर सेल ने वर्ष 2026 में अप्रैल तक साइबर फ्रॉड से जुड़ी शिकायतों में बड़ी वित्तीय कार्रवाई भी की. पुलिस ने साइबर पोर्टल के जरिए 2 करोड़ 73 लाख 30 हजार रुपये से अधिक की राशि होल्ड करवाई, जबकि 20 लाख 8 हजार रुपये से ज्यादा की रकम पीड़ितों के खातों में रिफंड कराई गई.
साइबर अपराध रोकथाम के लिए पुलिस ने जागरूकता अभियान भी चलाया. साइबर सेल की टीमों ने 10 स्कूल-कॉलेजों सहित आमजन के बीच पहुंचकर 3000 से अधिक लोगों को साइबर ठगी, फर्जी कॉल, बैंक फ्रॉड और ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाव के तरीके बताए..
ये भी पढ़ें- Bengal New CM: सुवेंदु अधिकारी अब बंगाल के CM, 26 साल बाद सूबे में होंगे डिप्टी सीएम, जानिए कौन-कौन बनेंगे मंत्री
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आने वाले समय में भी साइबर अपराधियों और फर्जी बैंक खातों के नेटवर्क के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी.
-भारत एक्सप्रेस
21 नवंबर को PM मोदी का बिहार दौरा. वैशाली में 1265 एकड़ के औद्योगिक पार्क…
केंद्र सरकार ने ECMS के तहत 12 नए प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी. ₹7,500 करोड़ से…
Rice stock monitoring Food Stock Portal OMSS target Bharat Rice: चावल की कीमतों को काबू…
देहरादून में गृह मंत्री अमित शाह ने ₹1,475 करोड़ की 62 योजनाओं का लोकार्पण-शिलान्यास किया.…
Ayodhya Deepotsav 2026: अयोध्या में दीपोत्सव के 10वें संस्करण को भव्य बनाने की तैयारियां पूरी…
Andaman Cellular Jail Freedom Fighters: डॉ. दिनेश शर्मा ने अंडमान और लखनऊ के ऐतिहासिक संबंधों…