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‘विकसित भारत के निर्माण में प्रवासी भारतीयों की भूमिका’ थीम पर ओड़िशा में आयोजित होगा 18वां प्रवासी भारतीय दिवस सम्मेलन

भारत सरकार का प्रमुख कार्यक्रम प्रवासी भारतीय दिवस (PBD) सम्मेलन एक ऐसा मंच प्रदान करता है, जो प्रवासी भारतीय समुदाय को भारत के साथ जोड़ने और आपस में संवाद करने का अवसर देता है. इस वर्ष का 18वां प्रवासी भारतीय दिवस सम्मेलन 8 से 10 जनवरी 2025 के बीच ओडिशा राज्य सरकार के सहयोग से भुवनेश्वर में आयोजित किया जा रहा है.

इस वर्ष के सम्मेलन का विषय “विकसित भारत में प्रवासी भारतीयों का योगदान” रखा गया है. यह थीम भारत को आत्मनिर्भर और विश्वस्तरीय विकसित राष्ट्र बनाने में प्रवासी भारतीयों के योगदान को रेखांकित करती है. विदेश मंत्रालय (एमईए) के अनुसार, इस सम्मेलन में 50 से अधिक देशों के प्रवासी भारतीय भाग ले रहे हैं. बड़ी संख्या में भारतीय मूल के लोग इस सम्मेलन के लिए पंजीकृत हो चुके हैं.

सम्मेलन की मुख्य विशेषताएं

  1. प्रवासी भारतीयों के योगदान का सम्मान: सम्मेलन में उन प्रवासी भारतीयों को सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में अपनी उपलब्धियों से भारत का नाम रोशन किया है.
  2. कार्यशालाएं और सत्र: इस आयोजन के दौरान प्रवासी भारतीयों को भारत की आर्थिक, सांस्कृतिक और तकनीकी प्रगति में योगदान के लिए प्रेरित करने वाले कई सत्र और कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी.
  3. नीति निर्माण में सहयोग: यह आयोजन प्रवासी भारतीयों को भारत की नीतियों में अपने विचार और सुझाव साझा करने का अवसर देगा.
  4. संस्कृति और परंपराओं का परिचय: प्रवासी भारतीय सम्मेलन के दौरान ओडिशा की संस्कृति, परंपराओं और पर्यटन स्थलों से परिचित होंगे.

भारत और प्रवासी भारतीयों के संबंध

प्रवासी भारतीय दिवस की शुरुआत 9 जनवरी 2003 को की गई थी. इस दिन का ऐतिहासिक महत्व यह है कि 9 जनवरी 1915 को महात्मा गांधी दक्षिण अफ्रीका से भारत लौटे थे. यह सम्मेलन भारत और विदेशों में बसे भारतीय समुदाय के बीच संबंध मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है.

भविष्य के लिए भारत का आह्वान

“विकसित भारत” के दृष्टिकोण के साथ, यह सम्मेलन भारत और उसके प्रवासी समुदाय के बीच आर्थिक, सामाजिक और सांस्कृतिक सहयोग को बढ़ावा देने के लिए एक प्रभावी मंच साबित होगा. भारतीय प्रवासी समुदाय को भारत की विकास यात्रा में सक्रिय भागीदारी निभाने के लिए आमंत्रित किया जा रहा है.

18वां प्रवासी भारतीय दिवस सम्मेलन भारत के विकास की दिशा में प्रवासी भारतीयों की भूमिका को रेखांकित करने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है. यह आयोजन केवल संवाद का मंच नहीं, बल्कि भारत और प्रवासी भारतीयों के बीच साझेदारी को नई ऊंचाई तक पहुंचाने का अवसर है.


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-भारत एक्सप्रेस

मिताली चंदोला, एडिटर, स्पेशल प्रोजेक्ट्स

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