लीगल

नीट-यूजी पेपर लीक मामले में सीबीआई द्वारा दायर चार्जशीट पर राऊज एवेन्यु कोर्ट ने लिया संज्ञान

राऊज एवेन्यु कोर्ट ने नीट-यूजी पेपर लीक मामले में सीबीआई द्वारा दायर चार्जशीट पर संज्ञान ले लिया है. कोर्ट चार्ज पर 13 अगस्त से सुनवाई शुरू करेगा. सीबीआई ने मामले में 13 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल किया है. जिन लोगों को आरोपी बनाया है, उनमें यश यादव, मांगीलाल बिवाल, दिनेश बिवाल, विकास बिवाल, शुभम खैरनार, धनंजय लोखंडे, प्रहलाद कुलकर्णी, तेजस हर्षद कुमार, डॉ. मनोज शिरूरे, शिवराज रघुनाथ मोटेगांवकर, मनीषा वाघमारे, मनीषा मंधारे और मनीषा संजय हवलदार शामिल है.

ये सभी आरोपी न्यायिक हिरासत में है. सीबीआई ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 315 (5), 318 (4), 61(2), 238, 303 (2), भ्रष्टाचार निरोधक कानून की धारा 13 (2) और 13 (1)(ए) और पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अफेयर मिन्स) एक्ट की धारा 10, धारा 3, 4, 5 और 11 के तहत एफआईआर दर्ज किया था.

मामले की सुनवाई के दौरान टिप्पणी करते हुए कहा था कि इस मामले में हर मिनट कीमती है और सभी वकीलों के समन्वय की आवश्यकता होगी. कोर्ट दिनेश बिवाल और विकास बिवाल की ओर से दायर जमानत याचिका पर 18 अगस्त को सुनवाई करेगा. दरअसल मांगीलाल बिवाल ने अपने बेटे विकास के लिए पेपर का जुगाड़ करने के लिए शुभम खैरनानर से संपर्क किया, सीबीआई जांच में विकास के मोबाइल से लीक पेपर भी मिला था. सीबीआई के मुताबिक मांगीलाल ने ये पेपर यश यादव से 10 लाख रुपए में खरीदा था.

शिवराज मोटेगांवकर पर 5 लाख रुपये देने का आरोप

पूछताछ में पता चला कि विकास और यश की जान-पहचान राजस्थान के सीकर में कोचिंग के दौरान हुई थी. हालही में सीबीआई ने शिवराज मोटेगांवकर की ओर से दायर जमानत का विरोध करते हुए कई चौकाने वाले खुलासे किया है. सीबीआई ने राऊज एवेन्यु कोर्ट को बताया था कि लातूर स्थित कोचिंग सेंटर संचालक शिवराज मोटेगांवकर ने एनटीए पैनल में शामिल केमिस्ट्री टीचर पीवी कुलकर्णी से पेपर लीक करवाने के लिए 5 लाख रुपए दिए थे.

सीबीआई का दावा था कि यह पूरा मामला सुनियोजित साजिश का हिस्सा था और इसमें कई लोग शामिल थे. इतना ही नहीं लातूर में रेणुकाई केमेस्ट्री क्लासेज चलाने वाले शिवराज मोटेगांवकर ने अपने बेटे को कुलकर्णी की कोचिंग क्लास में दाखिला दिलवाया था, जहां से उन्हें लीक किया गया प्रश्नपत्र मिला.

जांच एजेंसी का आरोप है कि मोटेगांवकर को ये सवाल पी. वी. कुलकर्णी से मिले थे. जो नेशनल टेस्टिंग एजेंसी के उस पैनल का हिस्सा थे जिसने नीट-यूजी 2026 का प्रश्नपत्र तैयार किया था.

ये भी पढ़ें- सुप्रीम कोर्ट की न्यायिक अधिकारियों को दो टूक, व्यक्तिगत मामलों में बार-बार याचिका दाखिल करने से बचें

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस

गोपाल कृष्ण

Recent Posts

‘आत्मज्ञान से मनुष्य को आंतरिक शक्ति और आत्मविश्वास मिलता है’, प्रधानमंत्री मोदी ने साझा किया सुभाषित

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर सुभाषित साझा…

12 minutes ago

अमेरिकी मिडटर्म चुनाव में ट्रंप को लगा 440 वोल्ट का झटका..! संसद के दोनों सदनों में पिछड़ी रिपब्लिकन पार्टी

अमेरिका के 2026 मध्यावधि चुनावों के शुरुआती रुझानों में डेमोक्रेटिक पार्टी को बढ़त मिलती दिख…

27 minutes ago

Silver Crash: महीनेभर में 18% धड़ाम हुई चांदी, क्या निवेशकों के लिए यही है खरीदारी का ‘गोल्डन टाइम’?

Silver Crash: चांदी की कीमतों में आई भारी गिरावट के चलते निवेशकों के पास निवेश…

55 minutes ago

पिंपरी-चिंचवड पुलिस आयुक्तालय ने रचा नया इतिहास…! स्थापना के 8 साल में अभूतपूर्व प्रगति पर क्या बोले सीएम फडणवीस?

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पिंपरी-चिंचवड पुलिस की आधुनिक पुलिसिंग, डिजिटल नागरिक सहभागिता और…

1 hour ago

पाक की बड़ी साजिश? ड्रोन से आरडीएक्स भेजने के बाद अब पटरी उड़ाने की खौफनाक चाल, एजेंसियों के उड़े होश

 Rajasthan News: श्रीगंगानगर के अनूपगढ़-सूरतगढ़ रेलवे ट्रैक पर पैसेंजर ट्रेन के गुजरने के 45 मिनट…

1 hour ago

अगले कुछ घंटे 13 राज्यों में मुरासु का कहर…! बारिश का बड़ा अलर्ट, जानें आज के मौसम का हाल

चक्रवाती तूफान 'मुरासु' के प्रभाव से दक्षिण भारत समेत देश के 13 राज्यों में हल्की…

2 hours ago