सुप्रीम कोर्ट ने गर्मियों की छुट्टियों में वरिष्ठ वकीलों द्वारा मेंशनिंग करने पर आपत्ति जताई है. जस्टिस संजय करोल और जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा की पीठ ने कहा कि अगर बहुत जरूरी न हो तो मेंशनिंग की उम्मीद नहीं कि जा सकती है. कोर्ट ने यह भी साफ कर दिया कि सभी मामलों में मेंशनिंग की अनुमति नहीं दी जा सकती है. केवल जरूरी मामलों पर ही विचार किया जाना चाहिए.
इससे पहले जस्टिस बी. वी नागरत्ना और जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा की पीठ ने कहा था कि गर्मी की छुट्टियों के दौरान वरिष्ठ वकीलों को अपने-अपने केस में बहस नहीं करनी चाहिए. इसकी जगह जूनियर वकीलों को मौका देना चाहिए. पीठ पर वरिष्ठ वकीलों मुकुल रोहतगी, अभिषेक मनु सिंघवी और नीरज किशन कौल से कहा था कि वरिष्ठ वकीलों को इन आंशिक कार्य दिवसों के दौरान मामलों में बहस नहीं करनी चाहिए.
नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल के आदेश के खिलाफ दायर की गई, एक याचिका पर सुनवाई के दौरान एक जूनियर वकील पेश होकर कहा कि वरिष्ठ वकील श्याम दीवान उपलब्ध नहीं हैं. इसलिए सुनवाई को फिलहाल टाल दिया जाए. इसपर कोर्ट ने वरिष्ठ वकीलों को यह सलाह दी थी.
बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने अपनी पारंपरिक गर्मियों की छुट्टियों को आंशिक कार्य अदालती दिवस नाम दिया है. यह घटनाक्रम सुप्रीम कोर्ट नियम 2013 में.संशोधन का हिस्सा है, जो अब सुप्रीम कोर्ट (द्वितीय संशोधन) नियम, 2024 हो गए हैं, जिन्हें अधिसूचित किया गया था. दरअसल सुप्रीम कोर्ट में गर्मियों की छुट्टियां 26 मई 2025 से शुरू हो चुकी है और 14 जुलाई 2025 को खत्म होगी.
ये भी पढ़ें: “देरी से मिलने वाला न्याय आर्थिक विकास के लिए बाधक है”, कोर्ट ने 17 साल पुराने मामले का किया निपटारा
-भारत एक्सप्रेस
गृह मंत्री अमित शाह 9 नवंबर को गांधीनगर में ₹1,024 करोड़ के 30 प्रोजेक्ट्स का…
अंबाला में गृह मंत्री अमित शाह ने 'आजादी की पहली लड़ाई के शहीद स्मारक' का…
20 नवंबर को बिहार में एनडीए सरकार के एक वर्ष का कार्यकाल पूरा हो रहा…
MP Greenfield Corridor: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्य प्रदेश में 63,296 करोड़ रुपये की…
सज्जाद जहीर उर्दू साहित्य के प्रमुख लेखक, प्रगतिशील लेखक संघ के संस्थापक और कम्युनिस्ट विचारक…
UPSC Mains Result 2026 Civil Services exam interview: UPSC ने सिविल सेवा मुख्य परीक्षा 2026…