आस्था

Neem Karoli Baba: आज ही के दिन महासमाधि में लीन हुए थे ये आध्यात्मिक गुरु, स्टीव जॉब्स-लोरी मोरन जैसी शख्सियतें भी लेती थीं आशीर्वाद

नीम करोली बाबा…इनके असल किस्‍सों से आप भी वाकिफ होंगे. एक ऐसे बाबा जिनके बारे में कहा जाता है कि वह कलयुग के हनुमान थे. भारत के आध्यात्मिक गुरुओं में उनका नाम बड़े आदर से लिया जाता है. साल 1973 में 11 सितंबर, यानी आज ही के दिन वह महासमाधि में लीन हुए थे.

11 सितंबर का नीम करोली बाबा के अनुयायियों के लिए एक महत्वपूर्ण घटना है. बाबा ने इसी महासमाधि ली थी. महासमाधि का अर्थ है- आत्मा का परम सत्य में विलीन होना. यह एक आध्यात्मिक उन्नति का प्रतीक है, जिसमें साधक अपने भौतिक शरीर को त्याग कर दिव्य चेतना में लीन हो जाता है.

वो महान विभूति, जिनका महावीर हनुमान से गहरा लगाव था.

नीम करोली बाबा की महासमाधि ने उनके अनुयायियों को एक नई दिशा और प्रेरणा दी. उनके भक्तों ने इसे दिव्य उपस्थिति को एक निशानी के रूप में देखा और इसे अपने जीवन में एक महत्वपूर्ण अनुभव माना.

लोगों को दिलाई बीमारियों से मुक्ति, धन-संपदा प्रदान की

नीम करोली बाबा ने अपने जीवन में कई चमत्कार किए. उन्होंने लोगों को बीमारियों से मुक्ति दिलाई, उन्हें धन और संपत्ति प्रदान की और उन्हें भगवान की याद दिलाई. उनके चमत्कारों ने उन्हें कलयुग के हनुमान के रूप में स्थापित किया. उनके जीवन की कई ऐसी कहानियां हैं, जो उनके भक्तों और शिष्यों को आज भी प्रेरित करती हैं. भारतीय आध्यात्मिकता और भक्ति की परंपरा में वह एक महत्वपूर्ण स्थान रखते हैं. उस कलयुग के हनुमान का नाम है कन्हैया लाल जिन्हें नीम करोली बाबा के नाम से जाना जाता है.

उनका जीवन रहस्यमय और प्रेरणादायक यात्रा वाला था

नीम करोली बाबा भारतीय समाज और धार्मिक परंपराओं के प्रति गहरी भक्ति और समर्पण के लिए प्रसिद्ध हुए. उनके आध्यात्मिक यात्रा ने उन्हें विशेष बना दिया. उनका जीवन एक रहस्यमय और प्रेरणादायक यात्रा की तरह था. उन्होंने अपने भक्तों को सरलता और भक्ति का ज्ञान दिया. उनका सबसे प्रसिद्ध वाक्य “सब कुछ ठीक है”, “प्यार ही भगवान है” और “सेवा ही पूजा है” था, जिसे आज भी उनके अनुयायी जीवन की कठिनाइयों को सहन करने के लिए एक प्रेरणा के रूप में करते हैं.

Neem Karoli Baba Kainchi Dham || Nainital

आश्रम में गरीबों और जरूरतमंदों को मिलता था भोजन

अपने जीवन में नीम करोली बाबा ने न केवल आध्यात्मिक शिक्षा दी, बल्कि उन्होंने भौतिक दुनिया में भी सेवा की. उन्होंने अपने आश्रम में गरीबों और जरूरतमंदों को भोजन और सहायता प्रदान की. उनके अनुयायियों का कहना है कि बाबा की उपस्थिति और आशीर्वाद ने उन्हें जीवन की कठिनाइयों को सहन करने की शक्ति दी. लोगों का मानना है कि बाबा ने उन्हें आध्यात्मिक मार्ग पर चलने की दिशा दिखाई और उनके जीवन को एक नई दिशा दी.

स्टीव जॉब्स के जीवन को पूरी तरह से बदल दिया था

नीम करोली बाबा का प्रभाव केवल भारत तक सीमित नहीं रहा. उनकी अमेरिका में भी लोकप्रियता है. स्टीव जॉब्स और लोरी मोरन जैसे प्रसिद्ध व्यक्तियों ने उनकी शिक्षाओं और आशीर्वाद को स्वीकार किया. जॉब्स ने कहा था कि बाबा के दर्शन ने उनके जीवन को पूरी तरह से बदल दिया.

उन्होंने कई आश्रम स्थापित किए और गरीबों की सहायता की. उनके आश्रमों में शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य सामाजिक कार्य किए जाते हैं. यह उनके द्वारा किए गए कार्यों की निरंतरता और उनकी शिक्षाओं का प्रमाण है.

– भारत एक्‍सप्रेस

Vijay Ram

'भारत एक्सप्रेस' में चीफ सब एडिटर। न्‍यूज वेबसाइट पर एवरग्रीन स्‍टोरीज, क्रिएटिव/स्‍पेशल प्रजेंटेशन, हाइलाइट्स के अगुआ। संस्‍था के शुरुआती दौर से दिन-रात हर मौके पर दम-दिमाग झोंककर स्वयं को तपाया। अब तक 8,000 से ज्‍यादा पोस्ट्स पब्लिश कर चुके, 1K+ बाइलाइन हुईं। 'भारत एक्सप्रेस' के CMD एवं एडिटर-इन-चीफ उपेन्द्र राय जी के प्रोग्राम्स (कॉन्क्लेव), और आर्टिकल्‍स को Bharatexpress.com पर प्रमुखता से कवर करते हैं। जर्नलिज्‍म में इनके 10+ वर्ष बीते। यहां से पहले एबीपी इंटरनेशनल, वनइंडिया हिंदी, राजस्‍थान पत्रिका और भास्कर ग्रुप में सेवा दे चुके। देश-विदेश, सैन्य-रणनीति, स्पेस साइंस, ऑफबीट, धर्म-अध्यात्म की खबरों में रुचि।

Recent Posts

‘पितृ पक्ष में तृतीया तिथि का विशेष महत्व…’ जानिए आज के पंचांग में क्या है खास और कौन सा रहेगा मुहूर्त?

Pitru Paksha Panchang: 29 सितंबर 2026 को पितृ पक्ष के अंतर्गत तृतीया श्राद्ध है. पंचांग…

1 hour ago

पहलगाम की अरु घाटी में बुनियादी सुविधाओं का घोर अभाव, आधे सफर से लौटने को मजबूर सैलानी; स्थानीय कारोबार प्रभावित

पहलगाम की अरु घाटी में मोबाइल नेटवर्क, एटीएम, स्वास्थ्य और शौचालय की भारी कमी। सैलानी…

6 hours ago

द ग्रेट मंडल बनाम कमंडल संघर्ष: वह दिन जब बिहार ने आडवाणी की रथ यात्रा रोक दी

Mandal Vs Kamandal: एलके आडवाणी की रथ यात्रा 25 सितंबर 1990 को गुजरात के सोमनाथ…

7 hours ago

स्टूडेंट हॉस्टल से CM हाउस तक: वह रात जब लालू ने बिहार की कमान संभाली

Lalu Prasad Yadav: लालू प्रसाद यादव के उभार की कहानी सिर्फ एक राजनेता की जीवनी…

7 hours ago

35 से ज्यादा लग्जरी घड़ियां, अकूत जमीन और 500-500 के नोटों की गड्डियां… बिहार के इस पावर कपल के ठिकानों पर पड़ा छापा

VIGILANCE RAID ON BIHAR OFFICER COUPLE: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (Vigilance)…

7 hours ago

ठहाका, तेवर और तूफानी राजनीति! जानिए कैसे लालू यादव ने हमेशा के लिए बदल दिए भारतीय लोकतंत्र के नियम

Lalu Prasad Yadav: भारतीय लोकतंत्र में लालू प्रसाद यादव की पहचान एक खास राजनीतिक शैली…

8 hours ago